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सरहुल उत्सव जनजातीय संस्कृति की विशिष्ट धरोहर, इसे संजोकर रखना हम सबकी जिम्मेदारी – मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय

जशपुर 19 मार्च 2026/मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय आज जशपुर के दीपू बगीचा में आयोजित पारंपरिक सरहुल महोत्सव में शामिल हुए। इस अवसर पर उन्होंने धरती माता, सूर्य देव एवं साल वृक्ष की विधि-विधान से पूजा-अर्चना कर प्रदेश की सुख-समृद्धि, उत्तम वर्षा और समृद्ध फसल की कामना की। सरहुल की पारंपरिक रस्म के तहत पूजा कराने वाले बैगा द्वारा मुख्यमंत्री के कान में सरई (साल) फूल खोंचकर शुभ आशीष प्रदान किया गया।

मुख्यमंत्री श्री साय ने जिलेवासियों को सरहुल उत्सव एवं हिंदू नववर्ष की शुभकामनाएं देते हुए कहा कि सरहुल महोत्सव सदियों से प्रकृति, धरती और जीवन के संतुलन का प्रतीक रहा है। बैगा, पाहन एवं पुजारी द्वारा की जाने वाली पूजा-अर्चना केवल धार्मिक अनुष्ठान नहीं, बल्कि प्रकृति के प्रति कृतज्ञता और सामूहिक जीवन मूल्यों की अभिव्यक्ति है। उन्होंने कहा कि यह पर्व जनजातीय समाज की समृद्ध सभ्यता और संस्कृति का जीवंत प्रतीक है, जिसे सहेजकर रखना हम सभी की साझा जिम्मेदारी है। मुख्यमंत्री ने इस अवसर पर कहा कि राज्य सरकार जनजातीय संस्कृति के संरक्षण और संवर्धन के लिए प्रतिबद्ध है। 

मुख्यमंत्री श्री साय ने कहा कि राज्य सरकार प्रदेश की जनता से किए गए वादों को तेजी से पूरा कर रही है। प्रधानमंत्री आवास योजना के माध्यम से लाखों परिवारों को आवास उपलब्ध कराए जा रहे हैं। महतारी वंदन योजना के तहत अब तक 25 किश्तों में 16 हजार करोड़ रुपए से अधिक की राशि जारी किए जा चुके हैं, जिससे महिलाओं के आर्थिक सशक्तिकरण को नई दिशा मिली है। वहीं 3100 रुपए प्रति क्विंटल की दर से धान खरीदी कर किसानों को उनकी मेहनत का उचित मूल्य दिया जा रहा है।

उन्होंने कहा कि विधानसभा में प्रस्तुत धर्म स्वातंत्र्य विधेयक भी सामाजिक समरसता और सांस्कृतिक अस्मिता की रक्षा की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है, जो अवैध धर्मांतरण पर प्रभावी नियंत्रण स्थापित करेगा।

उल्लेखनीय है कि सरहुल परब चैत्र माह में मनाया जाने वाला उरांव समुदाय का प्रमुख पर्व है, जो प्रकृति के नवजीवन और ऋतु परिवर्तन का प्रतीक है। इस पर्व में धरती माता और सूर्य देव के प्रतीकात्मक विवाह के साथ सामूहिक पूजा की जाती है। सरना स्थल पर पारंपरिक विधि से पूजा-अर्चना, प्रसाद वितरण और लोकनृत्य-गीतों के माध्यम से सामाजिक एकता और सांस्कृतिक पहचान को सुदृढ़ किया जाता है। घर-घर सरई फूल और पवित्र जल का वितरण कर सुख-समृद्धि की कामना की जाती है।

कार्यक्रम के दौरान पारंपरिक वेशभूषा में सजी 100 से अधिक महिलाओं एवं युवतियों की टोली ने मनमोहक सरहुल नृत्य प्रस्तुत किया। मांदर की गूंजती थाप और उत्साह से भरे वातावरण ने पूरे परिसर को जनजातीय संस्कृति के रंग में रंग दिया, जहां जनसैलाब उमड़ पड़ा और उत्सव का उल्लास चरम पर रहा।

इस अवसर पर अखिल भारतीय वनवासी कल्याण आश्रम के राष्ट्रीय अध्यक्ष श्री सत्येंद्र सिंह, राष्ट्रीय महामंत्री श्री योगेश बापट, विधायक श्रीमती गोमती साय, नगर पालिका अध्यक्ष श्री अरविंद भगत, जिला पंचायत उपाध्यक्ष श्री शौर्य प्रताप सिंह जूदेव सहित अनेक जनप्रतिनिधि, प्रशासनिक अधिकारी और बड़ी संख्या में आमजन उपस्थित थे।

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कर्मचारी अधिकारी फेडरेशन ने मोदी की गारंटी के नाम पर 11 सूत्रीय मांगों को लेकर पथलगांव, कुनकुरी, फरसाबहार, बगीचा और दुलदुला में तहसीलदारों के जरिए मुख्यमंत्री के नाम ज्ञापन सौंपा, भारी संख्या में कर्मचारी अधिकारी हुए एकजुट

 जशपुर 18 मार्च 2026 : छत्तीसगढ़ कर्मचारी अधिकारी फेडरेशन जो 132 मान्यता प्राप्त एवं गैर मान्यता प्राप्त संगठनों का प्रतिनिधि संगठन है के प्रांतीय आह्वान पर आज 18-03-2026 को जिला मुख्यालय जशपुर मे जिला महासचिव राजेश अम्बस्ट के नेतृत्व मे सोहन राम भगत, संतोष शुक्ला, मनोरा तहसील संयोजक रोहित त्रिपाठी सहित उपस्थित लोगो के द्वारा ज्ञापन सौपा गया एवं पथलगांव मे जशपुर जिला संयोजक संतोष टांडे के मार्गदर्शन मे तहसील संयोजक भीमसेन स्वर्णकार, उप संयोजक व पदाधिकारियों अर्जुन रत्नाकर, जूनश एक्का विनोद साहू, संतोष जाटवार, विवेकानंद मिर्रे, उदे राम राठिया के अगुवाई मे, कुनकुरी मे जिला संगठन सचिव के मार्गदर्शन मे तहसील संयोजक अरविन्द मिश्रा के अगुवाई मे, फरसाबहार मे श्याम बिहारी चौहान फेडरेशन के जिला उपाध्यक्ष के मार्गदर्शन मे तहसील संयोजक देवशरण सिंह की अगुवाई मे, बगीचा मे तहसील संयोजक बालदेव ग्वाला की अगुवाई मे  पदाधिकारियो ने भारी संख्या मे उपस्थित होकर तहसील  मुख्यालय  - अनुविभागीय अधिकारियो के माध्यम से माननीय मुख्यमंत्री छ ग शासन के नाम ज्ञापन सौपा दुलदुला तहसील मुख्या मे डॉक्टर नरेश चौहान तहसील संयोजक, दीपक मार्टिन बड़ा, सबेद यादव की अगुवाई मे तहसीलदार के माध्यम से  मुख्यमंत्री तथा मुख्य सचिव के नाम ग्यारह सूत्रीय मांगों को चुनावी घोषणा पत्र में मोदी की गारंटी के रूप में उल्लेख के आधार पर लागू करने के लिए पुरजोर तरीके से अपनी मांगों के समर्थन में नारेबाजी करते हुए ज्ञापन सौपा गया।

    फेडरेशन की प्रमुख मांग:- शासकीय सेवकों को देय तिथि से महंगाई भत्ता व 2019 से लंबित डी ए एरियर्स सहित देने,चार स्तरीय वेतनमान लागू करने,300 दिनों के अर्जित अवकाश नकदीकरण करने,लिपिकों,सहायक शिक्षकों,स्वास्थ्य विभाग सहित अन्य कर्मचारियों की वेतन विसंगति दूर करने,शिक्षकों की सेवा गणना नियुक्ति तिथि से करने,नि :शर्त अनुकम्पा नियुक्ति, पंचायत सचिवों के शासकीयकरण,नगरीय निकाय कर्मचारियों को नियमित मासिक वेतन एवं पदोन्नति देने,सेवानिवृति आयु 65 वर्ष करने संविदा एवं कार्यभारित कर्मचारियों के नियमितीकरण करने आधार बेस अटेंडेंस एवं संविदा नियुक्ति बंद करने की मांग को लेकर जिला जशपुर मुख्यालय सहित सभी विकास खंडो मे मोदी की गारंटी लगू करो की थीम पर ज्ञापन सौपा गया में फेडरेशन के द्वारा  ग्यारह सूत्रीय मांगों का ज्ञापन प्रदर्शन करते हुवे सौंपा गया आज के ज्ञापन कार्यक्रम मे जशपुर जिले मे भारी संख्या मे कर्मचारी अधिकारी उपस्थित रहे*

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पत्थलगांव विकासखण्ड के ग्राम पंचायत क्षेत्रों में पदस्थ उप अभियंता द्वारा निर्माण कार्यों का सतत् निरीक्षण कर समय पर किया जा रहा मूल्यांकन

*जशपुरनगर 18 मार्च 2026/* मूल्यांकन सत्यापन के अभाव में भुगतान लटकना एवं पंचायतों में आर्थिक मंदी के संबंध में प्रकाशित खबर का जनपद पंचायत सीईओ पत्थलगांव द्वारा खण्डन करते हुए जानकारी दी गई है कि ग्राम पंचायतों के क्षेत्र में पदस्थ उप अभियंता द्वारा निर्माण कार्यों का सतत् निरीक्षण कर समय पर मूल्यांकन किया जा रहा है, किसी भी ग्राम पंचायत से सरपंच व सचिव के कार्यों का मूल्यांकन लंबित होने के संबंध में जनपद पंचायत कार्यालय पत्थलगांव को मौखिक व लिखित शिकायत प्राप्त नहीं हुआ है।
             ग्राम पचायत क्षेत्रों से प्राप्त अनुविभागीय अधिकारी ग्रामीण यांत्रिकी सेवा उप संभाग पत्थलगाव के पास सत्यापन हेतु कोई भी फाईल लंबित नहीं है न ही सरपंच व सचिव ग्राम पंचायत के कार्यों का सत्यापन लंबित होने के संबंध में  मौखिक व लिखित शिकायत प्राप्त नहीं हुआ है। 
        मुख्य कार्यपालन अधिकारी जनपद पंचायत पत्थलगांव कमलकांत श्रीवास ने जानकारी दी है कि प्रकाशित खबर में छपे गए वक्तव्य को उनके द्वारा नहीं दिया गया है। 

उन्होंने प्रकाशित समाचार का खण्डन किया गया है।

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पीएम जनमन आवास योजना से विशेष पिछड़ी जनजाति किसनी बाई और अरविन्द राम के पक्के आशियाना का सपना हुआ पूरा

जशपुरनगर 18 मार्च 2026/ मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय के सुशासन में विशेष पिछड़ी जनजाति पहाड़ी कोरवा और बिरहोर परिवारों के लोगों की चेहरे में खुशी और जीवन में सुकून देखने को मिल रहा है। साय के सुशासन में प्रधानमंत्री जनजाति आदिवासी न्याय महाअभियान योजना के तहत् प्रधानमंत्री आवास योजना (ग्रामीण) से विशेष पिछड़ी जनजाति के पात्र हितग्राहियों को पीएम जनमन आवास मिल रहा है। 
           प्रधानमंत्री जनमन आवास योजना और प्रधानमंत्री आवास योजना ग्रामीण के तहत मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय के मार्गदर्शन में जशपुर जिले में आर्थिक रूप से कमजोर विशेष पिछड़ी जनजाति परिवारों का स्वयं के पक्के मकान का सपना पूरा हो रहा है और उनके परिवारिक जीवन में बदलाव आ रहा है। विशेष पिछड़ी जनजातियों को समाज की मुख्यधारा से जोड़ने और उन्हें मूलभूत सुविधाएं उपलब्ध कराने पीएम जनमन का लाभ दूरस्थ अंचलों में निवासरत् विशेष पिछड़ी जनजाति बाहुल्य वाले इलाकों के लोगों तक योजना का लाभ दिया जा रहा है। 
           इसी कड़ी में मनोरा विकासखण्ड के दूरस्थ क्षेत्र कदरना में निवासरत् विशेष पिछड़ी जनजाति समुदाय के किसनी बाई और अरविन्द राम को पीएम जनमन आवास योजना लाभ जिला प्रशासन के प्रयासों से मिला है। इसी प्रकार कली बाई को प्रधानमंत्री आवास योजना ग्रामीण के तहत योजना से पक्का आवास मिला है। उन्हें शासन द्वारा प्रधानमंत्री आवास योजना (ग्रामीण) अंतर्गत पक्का आवास निर्माण हेतु आवास स्वीकृत होने और सहायता राशि प्राप्त होने की सूचना मिलते ही चेहरे पर मुस्कान आ गई। पीएम जनमन योजना के तहत् वर्ष 2023-24 में किसनी बाई और अरविन्द राम के लिए पक्के आवास निर्माण हेतु स्वीकृति मिली और शासन स्तर से दो-दो लाख रूपए आबंटन प्राप्त हुआ। प्रधानमंत्री आवास योजना ग्रामीण के तहत वर्ष 2024-25 तके कली बाई के लिए स्वीकृति मिली और शासन स्तर से आबंटन प्राप्त हुआ। जिससे उनके पक्के आशियाना का निर्माण कार्य पूर्ण हुआ। हितग्राहियों ने पीएम जनमन के तहत् प्रधानमंत्री आवास योजना के लाभ मिलने से प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी और मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय को धन्यवाद दिया है। 
         योजना से पक्का मकान बन जाने से अब हितग्राही किसनी बाई और अरविन्द राम को कई परेशानियों से एक छुटकारा मिल गया है। बारिश में छत से पानी टपकने या गीले दीवारों की चिंता भी दूर हुई। साथ ही सांप बिच्छुओं का भी डर नहीं रहा। अब वह अपने परिवार के साथ पक्के मकान में खुद को सुरक्षित महसूस कर रहा है एवं सुखद जीवन व्यतीत कर रहा है।

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समावेशी विकास का संकल्प - छत्तीसगढ़ के बजट 2026-27 से किसानों, महिलाओं के उत्थान और अधोसंरचना विकास को मिलेगी नई गति : वित्त मंत्री श्री ओ. पी. चौधरी

रायपुर, 18 मार्च 2026/ वित्त मंत्री श्री ओ.पी. चौधरी ने छत्तीसगढ़ सरकार के वित्तीय वर्ष 2026-27 के लिए एक लाख 87 हजार 500 करोड़ रुपये का व्यापक और जनोन्मुखी विनियोग विधेयक प्रस्तुत करते हुए राज्य के समग्र विकास की दिशा में एक मजबूत खाका सामने रखा है। विधानसभा में विनियोग विधेयक पर चर्चा का जवाब देते हुए वित्त मंत्री ने कहा कि यह बजट राज्य के 3 करोड़ नागरिकों की आकांक्षाओं को ध्यान में रखते हुए तैयार किया गया है और इसका उद्देश्य समावेशी विकास, आर्थिक सुदृढ़ता तथा अंतिम पंक्ति के व्यक्ति तक योजनाओं का लाभ पहुंचाना है। मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय के नेतृत्व में तैयार इस बजट को सरकार ने “संकल्प आधारित बजट” बताया है, जो राज्य को वर्ष 2047 तक विकसित राज्य बनाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है।

*बजट का वित्तीय स्वरूप संतुलित और विकासोन्मुखी*

वित्त मंत्री श्री ओ.पी. चौधरी ने सदन को जानकारी दी कि प्रस्तुत विनियोग विधेयक कुल विनियोग 1 लाख 87 हजार 500 करोड़ रुपये का है, जिसमें ऋणों का पुनर्भुगतान एवं अन्य समायोजन शामिल हैं। शुद्ध बजट आकार 1 लाख 72 हजार करोड़ रुपये निर्धारित किया गया है। कुल प्राप्तियां भी इसी के अनुरूप 1 लाख 72 हजार करोड़ रुपये आंकी गई हैं, जिनमें से 1 लाख 41 हजार करोड़ रुपये राजस्व प्राप्तियां तथा 29 हजार करोड़ रुपये पूंजीगत प्राप्तियां हैं। व्यय पर दृष्टि डालें तो राजस्व व्यय 1 लाख 45 हजार करोड़ रुपये तथा पूंजीगत व्यय 27 हजार करोड़ रुपये प्रस्तावित है। राज्य का राजस्व घाटा मात्र 2 हजार करोड़ रुपये तथा शुद्ध राजकोषीय घाटा 20 हजार 400 करोड़ रुपये (जीएसडीपी का 2.87 प्रतिशत) अनुमानित है, जो राज्य के वित्तीय अनुशासन और संतुलित प्रबंधन को दर्शाता है।

*संकल्प के सात स्तंभ और 5 नए महत्वाकांक्षी मिशन* 

वित्त मंत्री श्री चौधरी ने बताया कि यह बजट संकल्प (समावेशी विकास, अधोसंरचना, निवेश, कुशल मानव संसाधन, अंत्योदय, लाइवलीहुड और पॉलिसी) के सात स्तंभों पर टिका है। इस विजन को साकार करने के लिए 500 करोड़ रुपये की लागत से 5 नए मिशन शुरू किए जाएंगे। मुख्यमंत्री एआई मिशन के लिए 100 करोड़ रुपये (तकनीक के विस्तार हेतु), मुख्यमंत्री खेल उत्कर्ष मिशन हेतु 100 करोड़ रुपये, मुख्यमंत्री पर्यटन विकास मिशन के लिए 100 करोड़ रुपये, मुख्यमंत्री अधोसंरचना मिशन के लिए 100 करोड़ रुपये और मुख्यमंत्री स्टार्ट-अप एवं निपुन मिशन हेतु 100 करोड़ रुपये का प्रावधान है।

वित्त मंत्री ने बताया कि आर्थिक दृष्टि से छत्तीसगढ़ निरंतर प्रगति कर रहा है। वर्ष 2025-26 में राज्य की आर्थिक वृद्धि दर 8.11 प्रतिशत दर्ज की गई है, जो राष्ट्रीय औसत 7.4 प्रतिशत से अधिक है। कृषि, उद्योग और सेवा क्षेत्रों में संतुलित वृद्धि राज्य की मजबूत आर्थिक नींव को इंगित करती है। कृषि क्षेत्र में 7.49 प्रतिशत, उद्योग में 7.21 प्रतिशत और सेवा क्षेत्र में 9.11 प्रतिशत की वृद्धि दर्ज की गई है। प्रति व्यक्ति आय बढ़कर 1 लाख 79 हजार 244 रुपये हो गई है, जिसमें 10.07 प्रतिशत की वृद्धि दर्ज की गई है। यह वृद्धि राज्य की आर्थिक गतिविधियों में तेजी और नागरिकों की आय में सुधार का संकेत है।

वित्त मंत्री ने कहा कि बजट में कृषि एवं किसान कल्याण को सर्वाेच्च प्राथमिकता दी गई है। “कृषक उन्नति योजना” के लिए 10 हजार करोड़ रुपये का प्रावधान किया गया है, जो इस बजट का सबसे बड़ा मद है। राज्य सरकार द्वारा किसानों से 3,100 रुपये प्रति क्विंटल की दर से धान खरीदी की जा रही है और अब तक लगभग 1 लाख 40 हजार करोड़ रुपये का भुगतान सीधे किसानों के खातों में किया जा चुका है। इससे न केवल किसानों की आय में वृद्धि हुई है, बल्कि ग्रामीण अर्थव्यवस्था में भी सकारात्मक प्रभाव पड़ा है। सरकार ने फसल विविधीकरण को बढ़ावा देने के लिए मक्का, कोदो-कुटकी, रागी एवं कपास जैसी फसलों को भी योजना में शामिल किया है। इसके साथ ही कृषि पंपों के लिए निःशुल्क विद्युत आपूर्ति हेतु 5,500 करोड़ रुपये का प्रावधान किया गया है, जिससे खेती की लागत में कमी आएगी।

मंत्री श्री चौधरी ने बताया कि महिला सशक्तिकरण के क्षेत्र में भी बजट में महत्वपूर्ण प्रावधान किए गए हैं। “महतारी वंदन योजना” के अंतर्गत राज्य की लगभग 70 लाख महिलाओं को प्रतिमाह 1,000 रुपये की आर्थिक सहायता प्रदान की जा रही है। इस योजना के प्रभावी संचालन के लिए 8,200 करोड़ रुपये का प्रावधान किया गया है। राज्य सरकार ने वर्ष 2026 को “महतारी गौरव वर्ष” घोषित कर महिलाओं के सम्मान, सुरक्षा और आत्मनिर्भरता को प्राथमिकता दी है। इसके अतिरिक्त आंगनबाड़ी सेवाओं, पोषण आहार, महिला एवं बाल विकास योजनाओं के लिए भी पर्याप्त बजट उपलब्ध कराया गया है। उन्होंने कहा कि अधोसंरचना विकास को इस बजट में विशेष महत्व दिया गया है। राज्य में सुदृढ़ आधारभूत ढांचा विकसित करने के लिए 27 हजार करोड़ रुपये का पूंजीगत व्यय प्रस्तावित है। इसके अंतर्गत 1,162 सड़कों के निर्माण हेतु 837 करोड़ रुपये तथा 393 पुलों के निर्माण के लिए 163 करोड़ रुपये का प्रावधान किया गया है। सिंचाई परियोजनाओं के लिए 4,400 करोड़ रुपये तथा जल जीवन मिशन के लिए 3,000 करोड़ रुपये का आवंटन किया गया है। इन प्रावधानों से ग्रामीण और शहरी क्षेत्रों में कनेक्टिविटी, जल आपूर्ति और कृषि उत्पादन में उल्लेखनीय सुधार होने की संभावना है।

वित्त मंत्री ने कहा कि स्वास्थ्य एवं शिक्षा के क्षेत्र में भी बजट में व्यापक प्रावधान किए गए हैं। राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन के लिए 2,000 करोड़ रुपये तथा आयुष्मान योजना के लिए 1,500 करोड़ रुपये का प्रावधान किया गया है। जिला चिकित्सालयों, सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्रों और प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्रों के सुदृढ़ीकरण के साथ नए चिकित्सा महाविद्यालयों की स्थापना की योजना भी शामिल है। शिक्षा के क्षेत्र में 700 नए शाला भवनों के निर्माण और तकनीकी शिक्षा संस्थानों के उन्नयन से विद्यार्थियों को बेहतर शैक्षणिक वातावरण उपलब्ध कराया जाएगा। उन्होंने बताया कि ग्रामीण एवं शहरी विकास के क्षेत्र में संतुलित दृष्टिकोण अपनाया गया है। ग्रामीण क्षेत्रों के लिए प्रधानमंत्री आवास योजना और रोजगार गारंटी मिशन के अंतर्गत 4-4 हजार करोड़ रुपये का प्रावधान किया गया है। वहीं शहरी क्षेत्रों में अधोसंरचना विकास के लिए 750 करोड़ रुपये तथा “आदर्श शहर समृद्धि योजना” के माध्यम से नगरीय सुविधाओं का विस्तार किया जाएगा। इसके अतिरिक्त भूमिगत विद्युतीकरण, नालंदा परिसर और आवास योजनाओं के माध्यम से शहरी जीवन स्तर को बेहतर बनाने का प्रयास किया गया है।

मंत्री श्री चौधरी ने कहा कि पर्यटन और सांस्कृतिक धरोहर के संरक्षण को भी बजट में विशेष स्थान दिया गया है। “शक्ति पीठ परियोजना” के माध्यम से धार्मिक पर्यटन को बढ़ावा दिया जाएगा, जबकि “रामलला दर्शन योजना” के तहत श्रद्धालुओं को धार्मिक स्थलों के दर्शन की सुविधा प्रदान की जा रही है। होम स्टे नीति के माध्यम से स्थानीय लोगों को स्वरोजगार के अवसर उपलब्ध होंगे और पर्यटन से जुड़े सहायक उद्योगों को भी प्रोत्साहन मिलेगा। उन्होंने कहा कि कानून-व्यवस्था को सुदृढ़ करने के लिए 1,500 नए बस्तर फाइटर के पदों के सृजन, 15 नए पुलिस थानों की स्थापना और 5 साइबर पुलिस स्टेशनों के गठन का प्रावधान किया गया है। इसके साथ ही ई-गवर्नेंस, डिजिटल सेवाओं और पारदर्शिता को बढ़ावा देने के लिए विभिन्न विभागों में तकनीकी सुधार किए जाएंगे।  

वित्त मंत्री श्री ओ.पी. चौधरी ने कहा कि यह बजट छत्तीसगढ़ के लिए एक दूरदर्शी और संतुलित विकास के दस्तावेज के रूप में उभरकर सामने आएगा, जो समाज के हर वर्ग को साथ लेकर चलने और राज्य को आत्मनिर्भर एवं विकसित बनाने की दिशा में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा। उन्होंने स्पष्ट किया है कि योजनाओं का प्रभावी क्रियान्वयन सुनिश्चित कर विकास का लाभ अंतिम पंक्ति के व्यक्ति तक पहुंचाया जाएगा, जिससे “समृद्ध छत्तीसगढ़” का सपना साकार हो सके।

विनियोग विधेयक के चर्चा में नेता प्रतिपक्ष डॉ. चरण दास महंत, महिला एवं बाल विकास मंत्री श्रीमती लक्ष्मी राजवाड़े, विधायक श्रीमती संगीता सिन्हा, सर्वश्री उमेश पटेल, अजय चन्द्राकर, राघवेन्द्र सिंह, किरण सिंहदेव, देवेन्द्र यादव, धर्मजीत सिंह, रामकुमार यादव तथा सुशांत शुक्ला शामिल हुए।

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आधी रात घर में घुसकर दबंगों ने मचाया तांडव, गाली-गलौच, मारपीट और तोड़फोड़ से इलाके में फैली दहशत— रायगढ़ पुलिस का बड़ा एक्शन, 6 आरोपी गिरफ्तार, गैरजमानती धाराओं में भेजे गए जेल

  18 मार्च, रायगढ़ । दिनांक 14 मार्च 2026 की रात सत्तीगुड़ी चौक के आगे मस्तागली में एक घर में घुसकर मारपीट एवं तोड़फोड़ करने की घटना को लेकर एसएसपी श्री शशि मोहन सिंह के दिशा निर्देशन पर कोतवाली पुलिस ने सख्त कार्रवाई करते हुए 6 आरोपियों को गिरफ्तार कर गैरजमानतीय धाराओं में रिमांड पर भेजा है। घटना के संबंध में 15 मार्च को प्रार्थी सुखदेव मंडल पिता स्व. अशोक मंडल उम्र 39 वर्ष निवासी मस्तागली सत्तीगुड़ी चौक रायगढ़ द्वारा थाना कोतवाली में रिपोर्ट दर्ज कराई गई थी।

           रिपोर्ट में बताया गया कि 14 मार्च की रात करीब 11:35 बजे जब वह घर में सो रहे थे, उसी दौरान 3 अज्ञात युवक जबरन दरवाजा खोलकर घर के अंदर घुस आए और स्टाफ से गुलदस्ता मांगने लगे। मना करने पर आरोपियों ने गाली-गलौच शुरू कर दी। शोर सुनकर प्रार्थी नीचे आए और समझाने का प्रयास किया, लेकिन आरोपी आक्रोशित होकर गाली-गलौच, धक्का-मुक्की करते हुए घर के दरवाजों में तोड़फोड़ करने लगे तथा अपने अन्य साथियों को बुलाकर मारपीट पर उतारू हो गए। आसपास के लोगों के एकत्रित होने पर आरोपी घर से कूदकर फरार हो गए।

           मामले में एक आरोपी का नाम कुन्नू निवासी राजीवनगर रायगढ़ ज्ञात होने पर *थाना कोतवाली में अपराध क्रमांक 118/2026 धारा 296, 331(4), 351(3), 324, 2 भारतीय न्याय संहिता* के तहत अपराध पंजीबद्ध कर विवेचना में लिया गया। विवेचना के दौरान आरोपी देवसिंह चौहान को हिरासत में लेकर पूछताछ की गई, जिसमें उसने अपने 5 अन्य साथियों के साथ मिलकर घटना को अंजाम देना स्वीकार किया। इसके आधार पर प्रकरण में *बलवा की धारा 191(2) बीएनएस* जोड़ी गई।

            पुलिस द्वारा आरोपी देवसिंह चौहान (26 वर्ष), आशीष सिंह ठाकुर (24 वर्ष), आदित्य श्रीवास (25 वर्ष), देवकुमार चौहान (20 वर्ष), जयकिशन यादव (23 वर्ष) एवं साहिल सिंह ठाकुर (21 वर्ष) सभी निवासी रायगढ़ को गिरफ्तार कर न्यायालय में पेश किया गया, जहां से उन्हें रिमांड पर भेजा गया है।

       उक्त कार्रवाई थाना प्रभारी कोतवाली निरीक्षक सुखनंदन पटेल के नेतृत्व में की गई, जिसमें सहायक उप निरीक्षक गौतम सिंह ठाकुर एवं हमराह स्टाफ की सराहनीय भूमिका रही। रायगढ़ पुलिस द्वारा “ऑपरेशन प्रहार” के तहत असामाजिक तत्वों के विरुद्ध लगातार सख्त कार्रवाई जारी है।

एसएसपी श्री शशि मोहन सिंह का सख्त संदेश* —

              *“रायगढ़ में मारपीट, तोड़फोड़ और बलवा जैसी घटनाओं में शामिल असामाजिक तत्वों को बख्शा नहीं जाएगा। कानून व्यवस्था से खिलवाड़ करने वालों के विरुद्ध रायगढ़ पुलिस सख्त से सख्त कार्रवाई सुनिश्चित कर रही है।”*

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रायगढ़ पुलिस का एक और बड़ा एक्शन: बिना दस्तावेज 18 लाख का स्क्रैप कबाड़ जब्त, आरोपी चालक गिरफ्तार, अवैध कारोबारियों में खलबली

  18 मार्च, रायगढ़ । एसएसपी श्री शशि मोहन सिंह के दिशा निर्देशन पर दिनांक 17.03.2026 को “ऑपरेशन प्रहार” के तहत पूंजीपथरा पुलिस द्वारा अवैध कबाड़ परिवहन के विरुद्ध एक और प्रभावी कार्रवाई की गई। पुलिस को मुखबिर से सूचना प्राप्त हुई थी कि रायगढ़ की ओर से एक 12 चक्का ट्रक में अवैध स्क्रेप कबाड़ लोड कर पूंजीपथरा की ओर लाया जा रहा है। सूचना पर थाना प्रभारी पूंजीपथरा निरीक्षक रामकिंका यादव द्वारा तत्काल पुलिस टीम को सक्रिय कर संदिग्ध वाहन की निगरानी हेतु लगाया गया।

       पुलिस टीम द्वारा गेरवानी स्थित अमरजीत ढाबा के सामने रोड पर घेराबंदी कर मुखबिर के बताए अनुसार ट्रक क्रमांक OR07 W 8355 को रोका गया। वाहन चालक से पूछताछ करने पर उसने अपना नाम राजेश यादव पिता गयाप्रसाद यादव उम्र 20 वर्ष निवासी नसरतपुर थाना धनर्वा जिला पटना (बिहार) बताया। ट्रक में लोड स्क्रेप कबाड़ के संबंध में वैध दस्तावेज प्रस्तुत करने हेतु नोटिस दिए जाने पर चालक द्वारा किसी प्रकार के कागजात प्रस्तुत नहीं किए गए।

वाहन में लोड सामग्री चोरी का होने के संदेह पर पुलिस द्वारा विधिवत कार्रवाई करते हुए गवाहों के समक्ष ट्रक क्रमांक OR07 W 8355 (कीमत लगभग 9 लाख रुपये) एवं उसमें लोड 22.75 टन अवैध स्क्रेप कबाड़ (कीमत लगभग 9 लाख रुपये) कुल करीब 18 लाख रुपये का माल जब्त कर कब्जे में लिया गया। आरोपी चालक के विरुद्ध धारा 35 (क) (ड) बीएनएसएस एवं 303(2) बीएनएस के तहत अपराध पाए जाने पर इस्तगासा तैयार कर उसे न्यायालय में पेश किया गया।

        थाना प्रभारी पूंजीपथरा रामकिंकर यादव के नेतृत्व में उक्त कार्रवाई में प्रधान आरक्षक विनीत तिर्की, सतीश सिंह, आरक्षक ओम प्रकाश तिवारी एवं विनोद शर्मा की सराहनीय भूमिका रही। रायगढ़ पुलिस द्वारा “ऑपरेशन प्रहार” के तहत अवैध गतिविधियों पर लगातार सख्त कार्रवाई जारी है।

 ???? *एसएसपी श्री शशि मोहन सिंह का सख्त संदेश* —

               *“अवैध कबाड़, चोरी के माल के परिवहन और संगठित अपराध में संलिप्त लोगों पर रायगढ़ पुलिस की कड़ी नजर है। ऐसे मामलों में शामिल व्यक्तियों को बख्शा नहीं जाएगा और उनके विरुद्ध सख्त कानूनी कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी।”*

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“ऑपरेशन आघात” का पुसौर में जबरदस्त असर: पुलिस ने स्कूटी से हो रही अवैध शराब तस्करी पर कसा शिकंजा, 70 नग देशी शराब के साथ आरोपी गिरफ्तार

 18 मार्च, रायगढ़। वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक श्री शशि मोहन सिंह के दिशा निर्देशन पर जिले में “ऑपरेशन आघात” के तहत अवैध शराब एवं मादक पदार्थों के विरुद्ध लगातार सख्त कार्रवाई की जा रही है। इसी क्रम में दिनांक 17 मार्च 2026 को थाना पुसौर पुलिस ने प्रभावी कार्रवाई करते हुए अवैध शराब का परिवहन करते एक आरोपी को गिरफ्तार किया है।

        थाना प्रभारी पुसौर निरीक्षक मोहन भारद्वाज के नेतृत्व में पुलिस टीम द्वारा आदर्श स्कूल पुसौर मेन रोड पर घेराबंदी की गई। इस दौरान बोरोडीपा की ओर से आ रही सफेद रंग की *हीरो मेस्ट्रो स्कूटी क्रमांक CG 13 UF 9157* को रोककर जांच की गई। तलाशी के दौरान स्कूटी के सामने रखे एक थैले में *70 नग देशी मदिरा प्लेन (कुल 12 लीटर 600 एमएल) बरामद* हुई।

      पकड़े गए वाहन चालक ने अपना नाम *लोकनाथ निषाद (55 वर्ष), निवासी नावापाली पुसौर, जिला रायगढ़* बताया। पूछताछ में आरोपी ने शराब को अवैध रूप से बिक्री हेतु परिवहन करना स्वीकार किया। पुलिस ने आरोपी के कब्जे से *शराब (कीमत 5,600 रुपये) एवं स्कूटी (कीमत 60,000 रुपये) सहित कुल 65,600 रुपये* का मशरूका जब्त किया।

         आरोपी के विरुद्ध थाना पुसौर में धारा 34(2), 59(क) आबकारी एक्ट के तहत अपराध पंजीबद्ध कर वैधानिक कार्रवाई की गई है।

      इस कार्रवाई में थाना प्रभारी पुसौर निरीक्षक मोहन भारद्वाज के नेतृत्व में प्रधान आरक्षक बसंत पाण्डेय, आरक्षक महेश चौहान एवं आरक्षक तारिक अनवर की महत्वपूर्ण भूमिका रही।

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स्कूटी में छुपाकर लाया जा रहा था मौत का सौदा! 5 किलो से ज्यादा गांजा के साथ नाबालिग पकड़ा गया, एनडीपीएस एक्ट के तहत केस दर्ज — “ऑपरेशन आघात” बना नशे के खिलाफ सबसे बड़ा हथियार

 18 मार्च, रायगढ़। वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक श्री शशि मोहन सिंह के दिशा निर्देशन पर जिले में *“ऑपरेशन आघात”* के तहत अवैध शराब एवं मादक पदार्थों के विरुद्ध लगातार सख्त कार्रवाई की जा रही है। इसी क्रम में दिनांक 17 मार्च 2026 को थाना लैलूंगा पुलिस ने मुखबिर सूचना पर कार्रवाई करते हुए स्कूटी से गांजा परिवहन कर रहे विधि से संघर्षरत बालक को पकड़ा है।

              पुलिस को सूचना मिली थी कि एक युवक *ग्राम जमुना की ओर से टी.व्ही.एस स्कूटी क्रमांक ओ.डी. 31 पी 0646* में अवैध मादक पदार्थ गांजा लेकर ग्राम पाकरगांव की ओर आ रहा है। सूचना को गंभीरता से लेते हुए थाना प्रभारी लैलूंगा उप निरीक्षक गिरधारी साव अपने स्टाफ के साथ तत्काल रवाना होकर ग्राम पाकरगांव अटल चौक के पास घेराबंदी की।

       घेराबंदी के दौरान संदिग्ध स्कूटी को रोकने का प्रयास किया गया, जिस पर वाहन चालक भागने का प्रयास करने लगा, लेकिन पुलिस टीम ने तत्परता दिखाते हुए उसे पकड़ लिया। एनडीपीएस एक्ट के प्रावधानों का पालन करते हुए गवाहों की उपस्थिति में स्कूटी की तलाशी लेने पर उसके सामने रखे प्लास्टिक पन्नी में गांजा मिला। पूछताछ में अपचारी बालक ने बताया कि वह उड़ीसा के लेफरीपारा से गांजा खरीदकर बिक्री के लिए ला रहा था।

     बरामद मादक पदार्थ का वजन 5 किलो 100 ग्राम पाया गया, जिसकी कीमत लगभग 2 लाख 50 हजार रुपये है। साथ ही घटना में प्रयुक्त टी.व्ही.एस स्कूटी (कीमत लगभग 50 हजार रुपये) जब्त की गई। *कुल 3 लाख रुपये का मशरूका बरामद* किया गया है।

          मामले में थाना लैलूंगा में *अपराध क्रमांक 87/2026 धारा 20(बी) एनडीपीएस एक्ट* के तहत अपराध पंजीबद्ध कर विधि से संघर्षरत बालक को किशोर न्याय बोर्ड के समक्ष प्रस्तुत किया गया है।

        एसएसपी श्री शशि मोहन सिंह के निर्देशन तथा एडिशनल एसपी श्री अनिल सोनी और एसडीओपी धरमजयगढ़ श्री सिद्दांत तिवारी के मार्गदर्शन इस कार्रवाई में थाना प्रभारी लैलूंगा उप निरीक्षक गिरधारी साव, सहायक उप निरीक्षक देव प्रसाद चौहान सहित पुलिस टीम की सराहनीय भूमिका रही।

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मेडिकल लैब की नौकरी छोड़ गांव की माटी में रचा इतिहास – आरती पटेल ने पशुधन, दुग्ध उत्पादन और वैल्यू एडिशन से खड़ा किया लाखों की कमाई वाला आत्मनिर्भर मॉडल

रायगढ़, 18 मार्च 2026। छत्तीसगढ़ के रायगढ़ जिले के सुदूर वनांचल एवं सुंदर पहाड़ियों के बीच बसे लैलूंगा विकासखंड के ग्राम बागुडेगा की निवासी आरती पटेल ने यह साबित कर दिया है कि सफलता केवल शहरों तक सीमित नहीं है, बल्कि गांव की मिट्टी में भी अपार संभावनाएं छिपी होती हैं।

आरती पटेल ने मेडिकल क्षेत्र में डीएमएलटी की पढ़ाई पूरी करने के बाद रायगढ़ के एक निजी अस्पताल में कार्य किया, लेकिन उनका सपना स्वयं का व्यवसाय स्थापित करने का था। वर्ष 2020 में विवाह बाद वे लैलूंगा के समीप ग्राम चोरंगा में एक किसान परिवार में बहू बनकर आईं और यहीं से उनके जीवन ने एक नई दिशा ली।
पढ़ी-लिखी होने के कारण उन्होंने शासन की योजनाओं की जानकारियां ली और महिलाओं को आत्मनिर्भर बनाने वाली बिहान योजना से जुड़ने का निर्णय लिया। जनपद पंचायत लैलूंगा के मार्गदर्शन एवं जनपद सीईओ के सहयोग से उन्होंने  बिहान योजना के माध्यम से “संतोषी स्वसहायता समूह” का गठन किया, जिसमें जनपद स्तर के अमले का सराहनीय सहयोग मिला। पिछले चार साल से यह व्यवसाय कर रही है। 
वर्ष 2025 में समूह के माध्यम से उन्होंने लगभग साढ़े तीन लाख रूपए का ऋण लेकर उन्नत नस्ल की गायों का पालन प्रारंभ किया। वर्तमान में उनके पास कुल नौ गायें हैं, जिनसे प्रतिदिन सुबह-शाम मिलाकर सैकड़ों लीटर दूध का उत्पादन हो रहा है।

*दूध के साथ वैल्यू एडिशन से बढ़ी आय*

आरती पटेल ने केवल दूध उत्पादन तक सीमित न रहकर पनीर, शुद्ध देसी घी एवं खोआ जैसे उत्पाद तैयार करना भी प्रारंभ किया। उनके समूह द्वारा तैयार उत्पादों की सप्लाई रायगढ़ सहित आसपास के जिले मॉल एवं विभिन्न दुकानों में की जा रही है। इससे समूह को प्रतिमाह लगभग एक लाख रुपए की आय प्राप्त हो रही है।
आरती का कहना है कि उन्हें अब पशुधन व्यवसाय से मेडिकल क्षेत्र की तुलना में अधिक आय प्राप्त हो रही है।

*जैविक खेती की दिशा में भी सराहनीय पहल*

आरती पटेल द्वारा पशुपालन के साथ-साथ पर्यावरण संरक्षण को भी बढ़ावा दिया जा रहा है। वे गाय के गोबर से वर्मी कम्पोस्ट तैयार कर रही हैं, जिसकी मांग स्थानीय किसानों में निरंतर बनी हुई है। उनका मानना है कि जैविक खाद भूमि की उर्वरता बढ़ाने एवं पर्यावरण संरक्षण में महत्वपूर्ण भूमिका निभाती है।
उन्होंने बताया कि यदि उद्यानिकी एवं वन विभाग की नर्सरियों में इस जैविक खाद की मांग बढ़े, तो समूह की आय में और वृद्धि हो सकती है। आरती पटेल ने अपनी सफलता का श्रेय बिहान योजना, जिला प्रशासन, जिला पंचायत एवं जनपद पंचायत लैलूंगा को देते हुए उनके प्रति आभार व्यक्त किया है।

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रायगढ़ में तंबाकू माफियाओं पर सख्ती: कोटपा एक्ट 2003 के तहत व्यापक जांच, नाबालिगों को बिक्री और स्कूलों के पास दुकान लगाने वालों को दी सख्त चेतावनी, प्रशासन बोला—अब हर हाल में होगा नियमों का पालन

रायगढ़, 18 मार्च 2026/ कलेक्टर श्री मयंक चतुर्वेदी के निर्देशानुसार जिले में बढ़ते नशीले पदार्थों के सेवन पर नियंत्रण के लिए प्रशासन द्वारा सख्त कदम उठाए जा रहे हैं। इसी क्रम में मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. अनिल कुमार जगत की अध्यक्षता तथा जिला कार्यक्रम प्रबंधक सुश्री रंजना पैंकरा के निर्देशन में राष्ट्रीय तंबाकू नियंत्रण कार्यक्रम के अंतर्गत आज रायगढ़ शहर में व्यापक निरीक्षण एवं चालानी कार्रवाई अभियान चलाया गया।
             तंबाकू नियंत्रण कार्यक्रम के नोडल अधिकारी डॉ. विवेक उपाध्याय के नेतृत्व टीम ने शहर के सिग्नल चौक एवं मेडिकल कॉलेज क्षेत्र के आसपास स्थित पान ठेलों एवं तंबाकू विक्रेताओं की सघन जांच की। निरीक्षण के दौरान कई दुकानों में कोटपा एक्ट 2003 के नियमों का उल्लंघन पाया गया, जिस पर पुलिस विभाग एवं खाद्य एवं औषधि विभाग के ड्रग इंस्पेक्टरों की संयुक्त टीम ने त्वरित कार्रवाई करते हुए 15 पान ठेलों पर कुल 2450 रुपये का आर्थिक दंड वसूला। अधिकारियों ने कहा कि सार्वजनिक स्थानों पर बिना चेतावनी के तंबाकू एवं सिगरेट की बिक्री करना तथा अनिवार्य सूचना बोर्ड न लगाना कानूनन अपराध है, जिसे किसी भी स्थिति में बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।
             अभियान के दौरान केवल दंडात्मक कार्रवाई ही नहीं, बल्कि तंबाकू विक्रेताओं को कोटपा एक्ट 2003 के विभिन्न प्रावधानों की विस्तृत जानकारी भी दी गई। अधिकारियों ने बताया कि अधिनियम की धारा 4 के तहत सभी सार्वजनिक स्थानों पर “धूम्रपान रहित क्षेत्र” का बोर्ड स्पष्ट रूप से प्रदर्शित करना अनिवार्य है, जिसमें उल्लंघन की स्थिति में 200 रुपये तक के जुर्माने का प्रावधान है। इसी प्रकार धारा 5 के अंतर्गत तंबाकू उत्पाद बेचने वाले प्रत्येक प्रतिष्ठान पर “तंबाकू से कैंसर होता है” जैसी चेतावनी लिखी होना आवश्यक है। साथ ही धारा 6 के तहत 18 वर्ष से कम आयु के व्यक्तियों को तंबाकू उत्पाद बेचना तथा किसी भी शैक्षणिक संस्थान के 100 गज के दायरे में तंबाकू की बिक्री करना पूर्णतः प्रतिबंधित है। धारा 7 के अनुसार बिना वैधानिक चित्रित चेतावनी वाले तंबाकू उत्पादों की बिक्री भी दंडनीय अपराध है। इस दौरान सभी पान ठेलों में आवश्यक चेतावनी बोर्ड (कोटपा एक्ट बोर्ड) का वितरण भी किया गया तथा दुकानदारों को भविष्य में नियमों का कड़ाई से पालन करने के निर्देश दिए गए।
           अभियान में चक्रधर नगर क्षेत्र के आरक्षक एम. मिंज एवं रवि किशोर साय के नेतृत्व में सुश्री सीमा बरेठ (तंबाकू नियंत्रण कार्यक्रम प्रभारी), सविता रानी साय एवं संतोषी राज (ड्रग इंस्पेक्टर) की सक्रिय सहभागिता रही। जिले में तंबाकू नियंत्रण को लेकर आगे भी लगातार ऐसे अभियान चलाए जाएंगे। साथ ही आम नागरिकों से भी अपील की गई है कि वे तंबाकू सेवन से दूर रहें और स्वच्छ एवं स्वस्थ समाज के निर्माण में अपनी भागीदारी सुनिश्चित करें।

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नल का जल बना सहारा, राधिका की बदली जिंदगी,आड़ाझर में जल जीवन मिशन से घर-घर पहुंचा पानी

रायगढ़, 18 मार्च 2026/ खरसिया विकासखंड के ग्राम पंचायत सोनबरसा के आश्रित ग्राम आड़ाझर में जल जीवन मिशन के तहत हुए कार्यों ने ग्रामीणों के जीवन में बड़ा परिवर्तन लाया है। इस बदलाव की एक सशक्त मिसाल हैं श्रीमती राधिका साहू, जिनके घर नल कनेक्शन मिलने से उनकी दिनचर्या पूरी तरह आसान हो गई है।
          पहले राधिका साहू को प्रतिदिन लगभग एक किलोमीटर दूर स्थित कुएं से पानी लाना पड़ता था। दिन में तीन से चार बार भारी बर्तनों में पानी भरकर लाना उनके लिए बेहद कठिन काम था। गर्मी के मौसम में पानी की कमी के कारण स्थिति और गंभीर हो जाती थी, जिससे उन्हें लंबा इंतजार करना पड़ता था। जल जीवन मिशन के अंतर्गत गांव में पाइपलाइन बिछाकर घर-घर नल कनेक्शन दिए गए। राधिका साहू के घर में भी नल से पानी की सुविधा मिलने लगी। अब उन्हें पानी के लिए दूर नहीं जाना पड़ता, जिससे उनका समय और श्रम दोनों बच रहे हैं। वे अब अपने घर के काम अधिक व्यवस्थित तरीके से कर पा रही हैं और बच्चों की पढ़ाई व देखभाल पर ज्यादा ध्यान दे रही हैं। राधिका साहू बताती हैं कि अब पानी की चिंता खत्म हो गई है और जीवन पहले की तुलना में अधिक सरल और सुगम हो गया है। यह योजना न केवल उनके लिए, बल्कि पूरे गांव के लिए एक बड़ी राहत साबित हुई है।

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रायगढ़ में ईद को लेकर प्रशासन सतर्क: शांति समिति की बैठक में सौहार्द, सुरक्षा और व्यवस्थाओं पर बनी ठोस रणनीति

रायगढ़, 18 मार्च 2026/ जिले में आगामी ईद पर्व को शांतिपूर्ण एवं सौहार्दपूर्ण वातावरण में मनाने के उद्देश्य से कलेक्टोरेट परिसर में शांति समिति की बैठक आयोजित की गई। बैठक कलेक्टर एवं जिला दंडाधिकारी श्री मयंक चतुर्वेदी तथा वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक श्री शशिमोहन सिंह के निर्देश पर संपन्न हुई। इस अवसर पर अतिरिक्त जिला दंडाधिकारी श्री अपूर्व प्रियेश टोप्पो, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक श्री अनिल कुमार सोनी, नगर पुलिस अधीक्षक श्री मयंक मिश्रा, एसडीएम श्री महेश शर्मा, तहसीलदार श्री शिव डनसेना सहित प्रशासनिक एवं पुलिस अधिकारी तथा समाज के प्रतिनिधि उपस्थित रहे।
            बैठक में अतिरिक्त जिला दंडाधिकारी श्री टोप्पो ने कहा कि जिले में ईद सहित सभी प्रमुख पर्व आपसी भाईचारे और सहयोग की भावना के साथ मनाए जाते रहे हैं। उन्होंने इस परंपरा को बनाए रखने की अपील करते हुए साफ-सफाई, पेयजल, विद्युत आपूर्ति एवं यातायात व्यवस्था समय पर सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक श्री अनिल कुमार सोनी ने बताया कि ईद के अवसर पर प्रमुख स्थानों पर पर्याप्त पुलिस बल तैनात रहेगा तथा सुरक्षा के सभी आवश्यक इंतजाम किए जाएंगे। नगर पुलिस अधीक्षक श्री मयंक मिश्रा ने सोशल मीडिया पर भ्रामक अथवा अपुष्ट जानकारी साझा न करने की अपील करते हुए कहा कि प्रशासन द्वारा लगातार निगरानी रखी जा रही है।
           एसडीएम श्री महेश शर्मा ने आवश्यक व्यवस्थाओं को समय पर पूर्ण करने तथा नागरिकों से सहयोग बनाए रखने की अपील की। उन्होंने कहा कि किसी भी समस्या की जानकारी तत्काल संबंधित अधिकारियों को दें, ताकि त्वरित निराकरण किया जा सके। बैठक में ईद के अवसर पर नमाज अदा किए जाने वाले प्रमुख स्थलों-घड़ी चौक, रामपुर एवं जामा मस्जिद गांजा चौक पर विशेष व्यवस्थाएं सुनिश्चित करने पर चर्चा की गई। इन स्थलों पर पेयजल, विद्युत, साफ-सफाई, पार्किंग एवं अन्य आवश्यक सुविधाएं उपलब्ध कराने के निर्देश दिए गए। साथ ही आगामी रामनवमी सहित अन्य पर्वों को लेकर भी आवश्यक तैयारियों पर चर्चा की गई।

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मिलूपारा अंधे कत्ल का सनसनीखेज खुलासा: दोस्त ही निकला दरिंदा, प्लास्टिक के छोटे टुकड़े ने खोला हत्या का राज, झूठ की परतें उधेड़ते हुए तमनार पुलिस ने किया कातिल का पर्दाफाश

18 मार्च, रायगढ़ । तमनार थाना क्षेत्र के ग्राम मिलूपारा सिदारपारा नहर पार में चौकीदार की संदिग्ध मौत के मामले में तमनार पुलिस ने त्वरित और सूक्ष्म विवेचना करते हुए अंधे कत्ल का खुलासा कर दिया है। इस मामले में मृतक का साथी ही हत्यारा निकला, जिसने हत्या के बाद पुलिस को गुमराह करने के लिए झूठी कहानी गढ़ी थी।

क्या है घटना — ग्राम मिलूपारा में चौकीदार लखन उर्फ धरभईया चौधरी की हुई थी हत्या*-

     घटना 9 मार्च 2026 की रात की है, पुलिस को सूचना 10 मार्च की सुबह बिजली कंपनी के टावर में चौकीदारी करने वाले लखन उर्फ धरभईया चौधरी (46 वर्ष) का शव खेत की मेड़ पर पड़ा मिला था। सूचना पर एडिशनल एसपी अनिल सोनी, थाना प्रभारी तमनार निरीक्षक प्रशांत राव आहेर अपने स्टाफ के साथ मौके पर पहुंचे। मौके पर मृतक का साथी *अजहर अली ( उम्र 63 वर्ष)* ने बताया कि मृतक उसका साथी *लखन उर्फ धरभईया चौधरी पिता बतासू उम्र 46 वर्ष सा. नूतन कालोनी थाना कोतवाली जिला माल्दा टाउन पश्चिम बंगाल हाल मुकाम ग्राम खम्हरिया  किराया मकान* में रहने वाला है । मृतक का शव खेत के मेड में पडा हुआ मिला जिसके मुंह, नाक, चेहरे गले एवं शरीर के अन्य हिस्सो में चोंट होने से मौके हत्या का अपराध कायम कर शव का पोस्टमार्टम कराया गया । मृतक के शरीर पर चोट के गंभीर निशान पाए गए, जिससे हत्या की आशंका पर तत्काल *अपराध क्रमांक 58/2026 धारा 103(1) भारतीय न्याय संहिता* के तहत मामला दर्ज कर जांच शुरू की गई। मौके पर एफएसएल टीम और डॉग स्क्वाड की भी मदद ली गई। 

पुलिस को गुमराह करने का प्रयास आरोपी ने रची मनगढ़ंत कहानी*-

     प्रारंभिक पूछताछ में मृतक का साथी और मुख्य साक्षी अजहर अली ने खुद को प्रत्यक्षदर्शी बताते हुए उसने बताया कि घटना दिनांक दिनांक 09/03/2026 के रात में टावर के समानों की चौकीदारी करते साथी लखन उर्फ धरभईया अलग अलग तम्बू में ड्यूटी कर रहे थे रात्रि करीब 08/30 बजे खाना खाने के बाद तम्बू के बाहर अंधेरा में टावर की तरफ से कुत्ते की भौकने की आवाज आने पर टार्च मारा तो देखा कि टावर से लगे रस्सी को एक आदमी टांगी से काट रहा था जिसे चिल्लाया बोला ये तुम रस्सी को क्यो काट रहे हो तब वह बोला ज्यादा बोलेगा तो खपट दूंगा तभी साथी लखन को 4-5 आदमी आये और पकड लिये मना किया तो मुझे गाल में एक दो झापड मार दिये तो अपनी जान बचाकर भाग गया जंगल झांडी तरफ छिपा उसी दौरान वे लोग लखन को पकड कर ले जा रहे थे झाडी में छुपकर घटना के बारे में (सुपरवाईजर) को बताया दूसरे दिन दिनांक 10/03/2026 के सुबह तम्बू के 5 - 6 सौ मीटर दूर में लखन का शव पड़ा मिला नाक, मुंह व उसके शरीर के अन्य हिस्सो में चोट लगा है मेरे साथी लखन उर्फ धरभईया को अज्ञात व्यक्ति द्वारा किसी ठोस वस्तु से मारकर चोट पहुंचा कर हत्या कर दिया गया है ।

पुलिस की सटीक जांच — वैज्ञानिक तरीके से की गई सूक्ष्म विवेचना में अंधे कत्ल की गुत्थी सुलझी, आरोपी बेनकाब*-

     वरिष्ठ अधिकारियों के मार्गदर्शन पर तमनार पुलिस द्वारा मृतक के परिवारजनों, दोस्तों उसके साथ काम करने वाले से पूछताछ कर हर पहलू पर जांच की जा रही थी । लगातार पुलिस आसपास के क्षेत्र लोगो से पूछताछ करने पर दिनांक घटना को घटनास्थल पर आसपास किसी व्यक्तियों के आने जाने की जानकारी नहीं होना बताये जबकि अजहर अली ने 4-5 व्यक्तियों के द्वारा घटना कारित करने की बात बताया था । हर बार पूछताछ में अजहर अली अपना बयान बदल बदल कर घटना के संबंध में नई नई बात बताने लगा कोई नयी बात बताता था । पोस्टमार्टमकर्ता डॉक्टर ने मामले को *होमीसाइडल* बताकर मृतक के मुंह में एक प्लास्टिक का टुकडा होना बताया, संभवत: जिस वस्तु से मृतक को चोट पहुंचायी गई थी, उसी का हिस्सा/टुकडा था, पुलिस टीम ने इस ओर जांच को बढाया । पुलिस की जांच हर बार प्रार्थी अजहर अली पर जाकर रूक जाती अब पुलिस ने वैज्ञनिक तरीकों से पूछताछ किया गया जिस पर अजहर अली ने घटना दिनांक समय को आरोपी की हत्या करना स्वीकार किया।

आरोपी ने स्वीकारा जुर्म —आरोपी ने विवाद के दौरान मारपीट कर हत्या करना स्वीकारा

       आरोपी अजहर अली ने अपने विस्तृत मेमोरंडम कथन में बताया कि घटना दिनांक को मृतक लखन उर्फ धरभईयां चौधरी के साथ ड्यूटी करने के दौरान खाना बनाने की बात को लेकर लड़ाई झगड़ा में उसने लखन चौधरी के साथ मारपीट कर जमीन पर गिरा दिया और अपने हाथ मे रखे टार्च से लगातार चेहरे पर मारकर चोट पहुंचाकर मृतक का गला दबाकर हत्या कर दिया। हत्या करने के बाद साक्ष्य छुपाने की नियत से खून लगे टार्च को पानी से धोकर अपने पास रख लिया तथा हत्या करने के समय पहने हुए कपड़ो को आग लगाकर जला दिया तथा टावर के पास लगे रस्सी को काटकर स्वंय पर संदेह न हो सोचकर अपने साथ काम करने वाले अन्य लागों को झूठी कहानी बताकर अज्ञात 4-5 व्यक्ति द्वारा आकर स्वंय एवं मृतक के साथ मारपीट कर मृतक लखन उर्फ धरभईयां चौधरी को साथ लेकर चले गए है बताया । ततपश्चात् आरोपी अजहर अली के मेमोरंडम कथानुसार आरोपी के किराये के मकान में रखे हुए बैग से टार्च को गवाहों के समक्ष पेश किया जिसे जप्त किया गया है, इसी टार्च के प्लास्टिक का एक छोटा टुकडा मृतक के मुंह में मिला था आरोपी के द्वारा हत्या की घटना घटित कर साक्ष्य छिपाना पाये जाने से प्रकरण में *धारा 238 बी.एन.एस.* विस्तारित की गई।

       प्रकरण के *आरोपी अजहर अली शेख समीरुद्दीन उम्र 63 वर्ष निवासी ग्राम चउद्वार थाना पुखुरिया जिला मालदा पश्चिम बंगाल हाल मुकाम ग्राम खम्हरिया किराया का मकान थाना तमनार जिला रायगढ़* को कल शाम गिरफ्तार कर न्यायिक रिमांड पर भेजकर जेल दाखिल किया गया है ।

अहम भूमिका — थाना तमनार पुलिस टीम की सूझबूझ और समन्वित कार्रवाई से अंधे कत्ल का सफल खुलासा

      इस अंधे कत्ल के सफल खुलासे में एसएसपी श्री शशि मोहन सिंह के निर्देशन तथा एडिशनल एसपी श्री अनिल सोनी और एसडीओपी धरमजयगढ़ श्री सिद्दांत तिवारी के मार्गदर्शन में थाना प्रभारी तमनार निरीक्षक प्रशांत राव आहेर, सहायक उपनिरीक्षक सुरीतलाल सिदार, प्रधान आरक्षक दिलदार कुरैशी, देव प्रसाद राठिया,  आरक्षक पुष्पेंद्र सिदार, पुरुषोत्तम सिदार, रंजीत भगत सहित अन्य स्टाफ की महत्वपूर्ण भूमिका रही।

एसएसपी श्री शशि मोहन सिंह का संदेश—

         *“रायगढ़ पुलिस ने एक बार फिर प्रोफेशनल इन्वेस्टिगेशन से गंभीर मामले का खुलासा किया है, पूरी टीम को उचित ईनाम दिया जाएगा”*

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जशपुर में छुट्टों की किल्लत खत्म करने एसबीआई की सराहनीय पहल, 50 हजार रुपये के 10 रुपये के सिक्के बस स्टैंड पर वितरित, व्यापारियों और ग्राहकों को रोजमर्रा के लेन-देन में मिली बड़ी राहत

जशपुरनगर 17 मार्च । शहर में लंबे समय से बनी खुले पैसों की समस्या को देखते हुए भारतीय स्टेट बैंक (एसबीआई) ने सराहनीय पहल करते हुए 10 रुपये के सिक्कों का वितरण किया। इस कदम से बाजार में रोजमर्रा के लेन-देन में आ रही दिक्कतों से व्यापारियों और ग्राहकों को बड़ी राहत मिली है।

मंगलवार को एसबीआई शाखा के प्रबंधक समीर कुमार, कैश अधिकारी नियाज आलम एवं वरिष्ठ कर्मचारी गौतम झा की टीम ने बस स्टैंड स्थित हनुमान मंदिर के पास सिक्कों का वितरण किया। जानकारी के अनुसार, बाजार में छुट्टे पैसों की कमी के कारण दुकानदारों को ग्राहकों के साथ लेन-देन में परेशानी का सामना करना पड़ रहा था।

इसी समस्या के समाधान के लिए बैंक द्वारा करीब 50 हजार रुपये मूल्य के 10-10 रुपये के सिक्के वितरित किए गए। वितरण के दौरान एक बोरी में 12,500 रुपये के सिक्के रखे गए थे। अधिक मात्रा में जरूरत वाले व्यापारियों को पूरी बोरी दी गई, जबकि अन्य दुकानदारों को उनकी आवश्यकता के अनुसार गिनकर सिक्के उपलब्ध कराए गए।

इस पहल का लाभ किराना, दवा, होटल और फल दुकानों सहित विभिन्न व्यापारियों ने उठाया। स्थानीय दुकानदारों ने एसबीआई की इस पहल की सराहना करते हुए कहा कि इससे अब ग्राहकों को छुट्टे पैसे लौटाने में आसानी होगी और व्यापार में भी सुगमता आएगी।

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जशपुर में इस वर्ष रामनवमी का पर्व भक्ति, श्रद्धा और उल्लास के साथ मनाने की तैयारियां तेज, बबला गुप्ता की अध्यक्षता में रामनवमी पूजा समिति का गठन, मठ, आश्रम और सामाजिक संगठन करेंगे भव्य धार्मिक एवं सांस्कृतिक कार्यक्रमों का आयोजन

जशपुरनगर  17 मार्च 2026 – मर्यादा पुरुषोत्तम भगवान श्रीराम के प्राकट्य उत्सव रामनवमी को इस वर्ष जशपुर नगर में भक्ति, श्रद्धा और उल्लास के साथ भव्य रूप से मनाने की तैयारियां प्रारंभ हो गई हैं। इसी कड़ी में मंगलवार को शहर के बस स्टैंड के समीप स्थित पावन महावीर मंदिर परिसर में एक महत्वपूर्ण बैठक आयोजित की गई, जिसमें रामनवमी पूजा समिति का गठन सर्वसम्मति से किया गया।

बैठक में नगर के विभिन्न आश्रमों, मठों एवं सामाजिक संगठनों के प्रमुख सदस्य बड़ी संख्या में उपस्थित रहे। कार्यक्रम की अध्यक्षता वयोवृद्ध मठ प्रमुखों द्वारा सामूहिक रूप से की गई, जिनमें किशोर प्रसाद गुप्ता, शंकर गुप्ता, सतनारायण सोनी, तारकेश्वर सिंह, मुरली गुप्ता, प्रमोद गुप्ता, राजेश गुप्ता, जयंत सोनी, नीलू पाठक, किशोरी गुप्ता, दिलीप गुप्ता, सत्येंद्र सोनी, प्रदीप गुप्ता, मुकुद रवानी, ननका साव, देवशरण पांडे, रामनाथ ठाकुर एवं संतोष ठाकुर पवन सोनी रामनिवास अग्रवाल प्रमुख रूप से शामिल रहे।

बैठक में आगामी रामनवमी पर्व को दिव्य एवं अनुशासित रूप से संपन्न कराने हेतु विभिन्न बिंदुओं पर गहन चर्चा की गई। सर्वसम्मति से संदीप गुप्ता (बबला) को रामनवमी पूजा समिति का अध्यक्ष मनोनीत किया गया। वहीं, राजपरिवार से जुड़े विजय आदित्य सिंह जूदेव को समिति का संरक्षक नियुक्त किया गया, जिनका मार्गदर्शन आयोजन को विशेष गरिमा प्रदान करेगा।

समिति के सुचारू संचालन के लिए विभिन्न पदों पर जिम्मेदारियों का भी वितरण किया गया। उपसंरक्षक के रूप में शंकर गुप्ता, सत्यनारायण सोनी, तारो सिंह, अमित गुप्ता एवं कृष्ण कुमार गुप्ता को दायित्व सौंपा गया। उपाध्यक्ष पद पर योगेश सिन्हा (पप्पू), नितीश सहाय, आर्यन सोनी एवं जयंत सोनी का चयन हुआ। मंत्री पद के लिए राजा सोनी, प्रकाश नायक एवं शिवम नायक को जिम्मेदारी दी गई, जबकि मीडिया प्रभारी के रूप में जय प्रकाश रवानी, आकाश सोनी एवं अमित सोनी को नियुक्त किया गया। आर्थिक प्रबंधन हेतु सुभाष सोनी एवं अजय गुप्ता को प्रधान बनाया गया तथा चंदन गुप्ता को सह संयोजक की भूमिका सौंपी गई।

बैठक में यह भी निर्णय लिया गया कि रामनवमी के पावन अवसर पर नगर में विविध धार्मिक, सांस्कृतिक एवं आध्यात्मिक कार्यक्रमों का आयोजन किया जाएगा। इनमें शोभायात्रा, भजन-कीर्तन, रामायण पाठ एवं आकर्षक झांकियों के माध्यम से भगवान श्रीराम के जीवन आदर्शों का जन-जन तक प्रसार किया जाएगा।

समिति के सदस्यों ने नगरवासियों, युवाओं एवं सभी सामाजिक संस्थाओं से इस पुण्य आयोजन में बढ़-चढ़कर सहभागिता निभाने की अपील की है, ताकि जशपुर की यह रामनवमी एकता, आस्था और संस्कृति का अनुपम उदाहरण बन सके।

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कोतवाली पुलिस की मुस्तैदी से 24 घंटे में बड़ी सफलता: जिला अस्पताल से चोरी हुई हीरो ग्लैमर एक्स-टेक बाइक बरामद, महिला सहित तीन आरोपी गिरफ्तार

 17 मार्च, रायगढ़ । वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक श्री शशि मोहन सिंह के दिशा निर्देशन पर कोतवाली पुलिस ने जिला अस्पताल परिसर से चोरी हुई मोटरसाइकिल के मामले में तत्परता दिखाते हुए 24 घंटे के भीतर तीन आरोपियों को गिरफ्तार कर बड़ी सफलता हासिल की है। गिरफ्तार आरोपियों में एक महिला और दो पुरुष शामिल हैं।

       प्राप्त जानकारी के अनुसार प्रार्थी मुकुटमणी चौहान, निवासी लुकापारा थाना सरिया, जिला सारंगढ़-बिलाईगढ़ ने दिनांक 16 मार्च को थाना सिटी कोतवाली में रिपोर्ट दर्ज कराई थी कि वह 15 मार्च को अपनी पत्नी के इलाज हेतु जिला अस्पताल रायगढ़ आया था और अपनी काले रंग की हीरो ग्लैमर एक्स-टेक मोटरसाइकिल क्रमांक CG 13 BA 0815 को दोपहर करीब 1 बजे अस्पताल के बाइक स्टैंड में हैंडल लॉक कर खड़ा किया था। शाम करीब 6 बजे लौटने पर मोटरसाइकिल वहां से गायब मिली। रिपोर्ट पर अज्ञात आरोपी के विरुद्ध *अपराध क्रमांक 120/2026 धारा 303(2) BNS* के तहत अपराध पंजीबद्ध कर विवेचना शुरू की गई।

           जांच के दौरान पुलिस टीम ने अस्पताल परिसर के सीसीटीवी फुटेज का विश्लेषण किया, जिसमें कुछ संदेहियों की गतिविधियां संदिग्ध पाई गईं। इसके आधार पर पुलिस ने शिव सारथी, शंकर मिंज एवं रश्मि भारद्वाज (सारथी) की पहचान कर उनके निवास स्थान टीव्ही टावर, विनोद पान ठेला के पास दबिश दी और तीनों को हिरासत में लिया। पूछताछ में आरोपियों ने स्वीकार किया कि उन्होंने 15 मार्च को अस्पताल परिसर से मोटरसाइकिल का लॉक तोड़कर उसे चोरी किया और घर में छिपाकर रखा था, ताकि बाद में बिक्री कर सकें।

          आरोपी शिव सारथी के मेमोरेंडम पर चोरी की गई हीरो ग्लैमर एक्स-टेक मोटरसाइकिल (कीमत लगभग 50,000 रुपये) बरामद कर जब्त की गई। तीनों आरोपियों को गिरफ्तार कर न्यायिक रिमांड पर भेजा गया है।

       इस कार्रवाई में थाना प्रभारी कोतवाली निरीक्षक सुखनंदन पटेल, प्रधान आरक्षक दिलीप भानू, आरक्षक राजश्री मेश्राम, उत्तम सारथी, नितेश लकड़ा, गोविंद पटेल तथा महिला आरक्षक प्रतीक्षा मिंज की महत्वपूर्ण भूमिका रही।

एसएसपी श्री शशि मोहन सिंह का सख्त संदेश*—

            *“चोरी की घटनाओं को अंजाम देने वाले आरोपियों को किसी भी स्थिति में बख्शा नहीं जाएगा। ऐसे मामलों में त्वरित कार्रवाई कर आरोपियों को गिरफ्तार करना रायगढ़ पुलिस की प्राथमिकता है।”*

*गिरफ्तार आरोपी*-
1. शिव सारथी पिता स्व० सालिक राम सारथी उम्र 24 वर्ष 
2. शंकर मिंज पिता कासफेर मिंज उम्र 25 वर्ष 
3. रश्मि भारद्वाज (सारथी) पति शंकर मिंज उम्र 25 वर्ष तीनों टीव्ही टावर विनोद पानठेला के पास रायगढ थाना चक्रधरनगर जिला रायगढ़

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मातृ वंदन योजना में छत्तीसगढ़ ने ऐसे ही नहीं मारी बाजी...शिकायतों का तेज निराकरण और मंजूरी पर फोकस कर हासिल किया देश में पहला स्थान

रायपुर,17 मार्च 2026/प्रधानमंत्री मातृत्व वंदन योजना को लाभार्थियों तक पहुंचाने में छत्तीसगढ़ अव्वल रहा है। इससे एक बार फिर साबित हुआ है कि मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय के नेतृत्व में  डबल इंजन की सरकार न सिर्फ जनकल्याणकारी योजनाओं को तेजी से अमल में लाती है, बल्कि प्रशासनिक सक्रियता से उसे हर तबके तक समय पर पहुंचाने के अपने वादे को पूरा करती है। 

गर्भवती महिलाओं को प्रसव के दौरान पोषण और स्वास्थ्य सेवाओं के लिए प्रोत्साहित करने की इस केंद्रीय योजना के तेजी से क्रियान्वयन और शिकायतों का त्वरित निपटान कर छत्तीसगढ़ ने राजस्थान, मध्य प्रदेश, कर्नाटक और उत्तर प्रदेश जैसे बड़े राज्यों को पीछे छोड़ दिया है। यह सिर्फ एक सरकारी योजना का राज्य सरकार द्वारा क्रियान्वयन भर नहीं है, बल्कि इसके पीछे आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं से लेकर पर्यवेक्षक, परियोजना अधिकारी और राज्य स्तर के अधिकारियों तक के सेवा, समर्पण और दृढ़ निश्चय से हासिल की गई उपलब्धि है।
जच्चा एवं बच्चा का स्वास्थ्य राज्य सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकता रही है। मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने कहा है कि प्रधानमंत्री मातृत्व वंदना योजना के माध्यम से गर्भवती महिलाओं को आर्थिक सहायता प्रदान कर सुरक्षित मातृत्व को बढ़ावा दिया जा रहा है। छत्तीसगढ़ का प्रथम स्थान इस दिशा में किए जा रहे निरंतर प्रयासों का परिणाम है।

*ऐसे मिली उपलब्धि*

प्रशासनिक अमले द्वारा प्रधानमंत्री मातृ वंदना योजना की लगातार मॉनिटरिंग की गई और लाभार्थियों के पंजीयन पर मुख्य रूप से फोकस किया गया। इस योजना का लाभ लेने के लिए वर्ष 2023-24 में जहां 1,75,797 गर्भवती महिलाओं ने रजिस्ट्रेशन करवाया था, वहीं वर्ष 2024-25 में 2,19,012 रजिस्ट्रेशन किए गए। इसे ही लक्ष्य मानते हुए वर्ष 2025-26 में  फरवरी तक 2,04,138 महिलाओं का रजिस्ट्रेशन किया गया जो लक्ष्य का 93.3 प्रतिशत है।

रजिस्ट्रेशन के बाद इसे तुरंत मंजूरी देने पर फोकस किया गया। तय प्रक्रिया के अनुसार आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं द्वारा फार्म भरने, पर्यवेक्षक द्वारा इसके सत्यापन और परियोजना अधिकारी और राज्य स्तर पर मंजूरी देने में तेजी लाई गई। भरे गए  आवेदनों के 83 प्रतिशत का परीक्षण कर इसे भुगतान के लिए केंद्र सरकार को भेजा गया। केंद्र से छत्तीसगढ़ को मिली स्वीकृति की दर भी सबसे ज्यादा 83.87 रही है।
इसके बाद तीसरी कैटेगरी शिकायतों के निराकरण के संबंध में आंकड़ों का परीक्षण किया गया। लाभार्थियों की ज्यादातर शिकायतें भुगतान न होने को लेकर थी। इस पर तत्काल ध्यान दिया गया और कोई कमी थी तो उसे दूर किया गया। हालांकि राज्य सरकार ने सभी शिकायतों का निराकरण कर दिया गया, लेकिन केंद्र सरकार के आंकड़ों में 30 दिन से ज्यादा लंबित शिकायतों की संख्या 7 प्रतिशत पाई गई है। इसके बावजूद 93 प्रतिशत शिकायतों का निराकरण कर राज्य पहले स्थान पर रहा। 
यदि तीन वर्षों के आंकड़ों को देखा जाए तो छत्तीसगढ़ में प्रधानमंत्री मातृ वंदना योजना के तहत कुल 5,98,947 गर्भवती महिलाओं का रजिस्ट्रेशन किया गया, जिनमें से 5,40,624 को स्वीकृति दे दी गई। 

गर्भवती महिलाओं को प्रसव के दौरान और उससे पूर्व पौष्टिक आहार व अन्य सुविधाएं उपलब्ध कराने के लिए केंद्र सरकार इस योजना के तहत 5 हजार रुपये और दूसरी बेटी के जन्म पर एकमुश्त 6 हजार रुपये देती है। यह राशि तीन किस्तों में दी जाती है। गर्भवती महिलाओं के रजिस्ट्रेशन के समय 1,000 रुपये, 6 माह बाद 2,000 रुपये और बच्चे के जन्म, पंजीकरण और टीकाकरण के बाद 2,000 रुपये का भुगतान किया जाता है। इसका मकसद संस्थागत प्रसव को बढ़ावा देना और शिशु मृत्यु दर को कम करना है।

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