ताजा खबरें


बड़ी खबर

बाल सुरक्षा सप्ताह के अंतर्गत संकल्प शिक्षण संस्थान के कक्षा नवी के बच्चों ने किया सिटी कोतवाली का भ्रमण ,बच्चों को राइफल्स, मशीनगन, बुलेट्स ,अश्रु गैस आदि की दी गई जानकारी

जशपुर 19 नवम्बर 2025 : 
पुलिस विभाग के द्वारा चलाए जा रहे बाल सुरक्षा सप्ताह के अंतर्गत तीसरे दिन संकल्प शिक्षण संस्थान के कक्षा नवी के बच्चों ने सिटी कोतवाली का भ्रमण किया इसमें बच्चों को राइफल्स, मशीनगन, बुलेट्स ,अश्रु गैस आदि की जानकारी दी गई बच्चों ने इसकी प्रदर्शनी भी देखी और कोतवाली के अंदर डी एस पी चंद्रशेखर परमा के द्वारा बच्चों को माल खाना, महिला बंदीगृह ,पुरुष बंदी गृह, कब एक स्टार , कब दो स्टार , कब तीन स्टार पुलिस की वर्दी पर लगाये जाते हैं और उनका रैंक क्या होता है उनके पोस्ट का नाम क्या होता है और किस तरह से एफ आई आर दर्ज होती है और कब एफ आई आर करनी चाहिए, इन सारी बातों की जानकारी दी। बच्चों द्वारा कई तरह के प्रश्न भी उनसे किया गया।बच्चों के जिज्ञासा का समाधान भी डी एस पी  के द्वारा दिया गया। इसके बाद नवीन कानून के बारे में आयोजित कार्यक्रम में बच्चों ने सहभागिता दिखाई ।इस दौरान वहां  नगर पालिका अध्यक्ष अरविंद भगत, सीनियर सुपरिंटेंडेंट ऑफ़ पुलिस शशि मोहन सिंह, उपसंचालक अभियोजन अधिकारी सुरेश साहू ,जिला अभियोजन अधिकारी विपिन शर्मा, ए डी पी ओ विवेक शर्मा ,आरती कटकवार और सामाजिक कार्यकर्ता मनीजर राम भी उपस्थित थे। इन सभी के द्वारा नए कानून की जानकारी दी गई और बताया गया कि यदि आपके साथ किसी भी राज्य में कोई घटना घटती है तो आप दूसरे राज्य में भी उसकी एफ आई आर कर सकते हैं। कानून के बदलाव के लिए सरकार के द्वारा बहुत ही सराहनीय कदम उठाया गया है ।अब पहले की तरह अदालतों में भी फैसले के लिए कई वर्षों का इंतजार नहीं करना पड़ेगा। त्वरित निर्णय नवीन कानून के अनुसार होगा। सिटी कोतवाली में नवीन आपराधिक कानून प्रदर्शनी भी लगाई गई थी। जहां बहुत सारे पोस्टर और बैनर लगे हुए थे ।उसमें भी नए कानून की जानकारी दी गई थी। कार्यक्रम का संचालन आर आई अमरजीत खूंटे के द्वारा किया गया ।  संकल्प के बच्चों के साथ उनकी शिक्षिका सीमा गुप्ता थी। सभी ने पुलिस विभाग को उनकी इस पहल के लिए  धन्यवाद दिया। पुलिस विभाग के द्वारा बच्चों के लिए स्वल्पाहार की व्यवस्था भी की गई थी।

और भी

धान विक्रय में हुई सुगमता से प्रसन्नचित है बुजुर्ग किसान कोल्हु राम साहू,मोबाईल एप्प से मिला टोकन और उपार्जन केन्द्र

 रायपुर, 19 नवंबर 2025/बालोद जिले में समर्थन मूल्य पर धान खरीदी का कार्य सुगमता और पारदर्शिता के साथ जारी है। जिले के ग्राम निपानी के बुजुर्ग किसान श्री कोल्हु राम साहू ने प्रसन्नता व्यक्त करते हुए बताया कि शासन-प्रशासन की व्यवस्था बहुत अच्छी है, इसका परिणाम है कि उनका लगभग 80 क्विंटल धान आसानी से विक्रय हो गया है। उन्होंने बताया कि धान खरीदी का कार्य शुरू होने के पूर्व ही उन्होंने अपने फसल की कटाई, मिंटाई आदि कार्य पूरा कर लिया था। धान खरीदी के एक दिन पूर्व ही उन्होंने अपने नाती के सहयोग से मोबाईल में तुंहर टोकन एप्प के माध्यम से अपने धान के विक्रय हेतु टोकन प्राप्त किया था। उन्होंने बताया कि पहले सोसायटी में टोकन के लिए काफी मशक्कत करनी पड़ती थी, लेकिन अब मोबाईल के माध्यम से ही घर बैठे ऑनलाईन टोकन प्राप्त करने की बड़ी सुविधा मिली है, जो कि उनके जैसे बुजुर्गों के लिए काफी सुविधाजनक साबित हुआ है। 

 बुजुर्ग किसान श्री साहू ने बताया कि उन्होंने 17 नवम्बर को 80 क्विंटल धान विक्रय के लिए टोकन लिया था, उस दिन वे धान खरीदी केन्द्र खुलते ही अपना धान लेकर आ गए थे। जिसके पश्चात् समय पर ही उनके धान की आदर््ता माप कर, पर्याप्त मात्रा में बारदाना उपलब्ध कराया गया। बारदाना में धान भरने, तौलाई, सिलाई तथा स्टेक में रखने हेतु खरीदी केन्द्र में पर्याप्त मात्रा में कर्मचारी उपलब्ध हैं, जिनके माध्यम से समय पर ही उनका धान विक्रय हुआ है। उन्होंने बताया कि शासन प्रशासन की इस व्यवस्था से ही उनके धान का विक्रय आसानी से समय पर सुनिश्चित हुआ है, जिससे वे बहुत ही संतुष्ट हैं। उन्होंने कहा कि धान खरीदी केन्द्र में पहुॅचने वाले किसानों के लिए बैठक, पेयजल, शौचालय आदि की भी व्यवस्था है, जो उन्हें धान खरीदी के कार्य में काफी सुविधाजनक लगा। उन्होंने किसान हितैषी योजनाओं एवं निर्णयों की सराहना करते हुए कहा कि 3100 रूपये प्रति क्विंटल में धान की खरीदी तथा प्रति एकड़ 21 क्विंटल की खरीदी से सभी किसानों के लिए खेती का कार्य काफी लाभदायक बन चुका है। उन्होंने किसान हितैषी योजनाओं के बेहतर संचालन के लिए मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय को विशेष रूप से धन्यवाद देते हुए शासन प्रशासन का आभार जताया।

और भी

वनवासियों की आय बढ़ाने और उनके सर्वांगीण विकास के लिए हमारी सरकार प्रतिबद्ध : मुख्यमंत्री श्री साय

रायपुर, 19 नवंबर 2025// मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय आज राजधानी रायपुर स्थित मेडिकल कॉलेज सभागार में आयोजित छत्तीसगढ़ राज्य लघु वनोपज (व्यापार एवं विकास) सहकारी संघ मर्यादित के नवनियुक्त अध्यक्ष श्री रूप साय सलाम और उपाध्यक्ष श्री यज्ञदत्त शर्मा के पदभार ग्रहण कार्यक्रम में शामिल हुए। उन्होंने नए दायित्वों के लिए अध्यक्ष तथा उपाध्यक्ष को हार्दिक बधाई और शुभकामनाएं दीं।

मुख्यमंत्री श्री साय ने कहा कि अध्यक्ष के रूप में श्री सलाम को एक अत्यंत महत्वपूर्ण जिम्मेदारी सौंपी गई है, जिसे वे अपनी संवेदनशीलता, अनुभव और दक्षता के साथ उत्कृष्ट रूप से निभाएंगे। उन्होंने उल्लेख किया कि श्री सलाम स्वयं जनजातीय समुदाय से आते हैं और समुदाय की समस्याओं, अपेक्षाओं एवं आवश्यकताओं को भली-भांति समझते हैं। मुख्यमंत्री ने कहा कि वनवासियों की आय बढ़ाने और उनके सर्वांगीण विकास के लिए राज्य सरकार निरंतर प्रयासरत है।

उन्होंने कहा कि पूर्व प्रधानमंत्री श्रद्धेय अटल बिहारी वाजपेयी ने प्रदेश में निवासरत जनजातीय समाज के उत्थान को दृष्टिगत रखते हुए छत्तीसगढ़ राज्य का निर्माण किया। साथ ही केंद्र में अलग जनजातीय मंत्रालय की स्थापना से समुदाय के विकास को नई गति मिली। उन्होंने कहा कि हमारे वर्तमान प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी ने भी इसी भावना और संकल्प को आगे बढ़ाते हुए ‘धरती आबा ग्राम उत्कर्ष योजना’ तथा ‘पीएम जनमन योजना’ लागू की, जिनके माध्यम से जनजातीय बाहुल्य क्षेत्रों में उल्लेखनीय कार्य हो रहे हैं।

मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रदेश में तेंदूपत्ता संग्राहकों को देश में सर्वाधिक मूल्य दिया जा रहा है। वनोपजों के वैल्यू एडिशन पर विशेष ध्यान दिया जा रहा है, ताकि वनवासी समुदाय की आय में वृद्धि हो और उन्हें वास्तविक आर्थिक मजबूती प्राप्त हो।

वनमंत्री श्री केदार कश्यप ने कहा कि यह प्रदेश का सौभाग्य है कि छत्तीसगढ़ के मुखिया श्री विष्णु देव साय स्वयं जनजातीय समुदाय से आते हैं और वनवासी भाई-बहनों की पीड़ा, कठिनाइयों और आकांक्षाओं को गहराई से समझते हैं। उन्होंने कहा कि राज्य की 32% आबादी जनजातीय है तथा 44% क्षेत्र वनाच्छादित है, इसलिए वनोपज ही वनवासियों की आजीविका का प्रमुख स्रोत है। उन्होंने कहा कि तेंदूपत्ता को ‘हरा सोना’ कहा जाता है और उसके अनुरूप मूल्य देने का कार्य मुख्यमंत्री श्री साय ने किया है। तेंदूपत्ता का प्रति मानक बोरा मूल्य 4,000 रुपये से बढ़ाकर 5,500 रुपये करने वाला छत्तीसगढ़ देश का पहला राज्य बन गया है।

वनमंत्री श्री केदार कश्यप ने कहा कि मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय ने न केवल चरण पादुका योजना को पुनः प्रारंभ किया है, बल्कि विभिन्न योजनाओं के माध्यम से वनोपज संग्राहक परिवारों के जीवन स्तर में सुधार के लिए प्रभावी कदम लगातार उठाए जा रहे हैं।

कार्यक्रम में स्वास्थ्य मंत्री श्री श्याम बिहारी जायसवाल, नान के चेयरमैन श्री संजय श्रीवास्तव, योग आयोग के अध्यक्ष श्री रूप नारायण सिन्हा, छत्तीसगढ़ आदिवासी स्थानीय स्वास्थ्य परंपरा एवं औषधीय पादप बोर्ड के अध्यक्ष श्री विकास मरकाम, वक्फ बोर्ड के चेयरमैन डॉ. सलीम राज, वनबल प्रमुख श्री व्ही. श्रीनिवास राव सहित लघु वनोपज संघ के सदस्य तथा प्रदेशभर से बड़ी संख्या में पहुंचे वनोपज संग्राहक उपस्थित थे।

और भी

कलेक्टर श्री व्यास के निर्देश पर अवैध धान परिवहन और भंडारण पर प्रशासन की कार्रवाई जारी,संयुक्त टीम की छापेमारी में 2220 बोरी धान जब्त, कड़ी कार्यवाही के निर्देश

जशपुरनगर 19 नवम्बर 2025/ कलेक्टर श्री रोहित व्यास के निर्देशानुसार जिले में अवैध धान के परिवहन एवं भंडारण पर रोक लगाने जिला प्रशासन की सख्त कार्रवाई लगातार जारी है। राजस्व, खाद्य एवं पुलिस विभाग की संयुक्त टीमों द्वारा तीन अलग-अलग स्थानों पर कार्रवाई करते हुए करीब 2220 बोरी धान जब्त किया गया है। सभी मामलों में विधिसम्मत कार्यवाही प्रारम्भ की गई है।

*एसडीएम पत्थलगांव की निगरानी में अवैध भंडारित 1400 बोरी धान जब्त* -
एसडीएम पत्थलगांव के नेतृत्व में राजस्व और पुलिस की संयुक्त टीम ने बड़ी कार्रवाई की। टीम ने काडरो एवं मुड़ाबाहला के आसपास के सात अलग-अलग ठिकानों पर छापेमारी की। जांच में पाया गया कि पुराने धान को अवैध बिक्री की मंशा से डंप एवं संचित किया गया था। मौके पर लगभग 1400 बोरी धान जब्त कर राजस्व विभाग को सुपुर्द किया गया है।

*संयुक्त टीम ने लोदाम बैरियर में पकड़ा 700 बोरी धान से भरा ट्रक* -
साईटांगरटोली बैरियर लोदाम में तहसीलदार, नायब तहसीलदार, फूड इंस्पेक्टर एवं उड़नदस्ता टीम द्वारा ट्रक क्रमांक  एपी 16 टीजे 0799 को रोककर जांच की गई। ट्रक में लगभग 700 बोरी धान लोड था। वाहन चालक द्वारा प्रस्तुत दस्तावेज संदिग्ध पाए जाने पर वाहन एवं धान को तत्काल जब्त करते हुए लोदाम थाना के सुपुर्द किया गया। फूड इंस्पेक्टर को नियमानुसार आगे की कार्रवाई के निर्देश दिए गए।

*बिना वैध दस्तावेज के परिवहन कर रहे 120 बोरी धान को जब्त किया गया* - 
इसी दौरान साईटांगरटोली बैरियर लोदाम में ही संयुक्त टीम द्वारा एक अन्य वाहन क्रमांक जेएच 01 ईडब्लू 9268 को रोककर पूछताछ की गई। वाहन चालक ने धान गुमला से जशपुर की ओर ले जाने की जानकारी दी, परंतु उसके पास किसी भी प्रकार के वैध दस्तावेज नहीं थे। वाहन में लदे लगभग 120 बोरी धान सहित वाहन को जब्त कर लोदाम थाना में सुपुर्द किया गया। फूड इंस्पेक्टर को प्रकरण बनाने के निर्देश दिए गए।


*कलेक्टर की चेतावनी — अवैध धान परिवहन भंडारण वालों पर होगी कड़ी कार्रवाई*

कलेक्टर श्री व्यास ने स्पष्ट किया है कि जिले में अवैध धान के परिवहन, भंडारण एवं बिक्री पर पूर्णतः प्रतिबंध है। ऐसे मामलों में संबंधित व्यक्तियों एवं वाहन मालिकों के विरुद्ध कड़ी कानूनी कार्रवाई की जाएगी। प्रशासन ने पंजीकृत किसानों से अपील की है कि वे अपना धान केवल अधिकृत समर्थन मूल्य धान खरीदी केंद्रों में ही विक्रय करें तथा किसी भी संदिग्ध गतिविधि की सूचना तत्काल जिला प्रशासन को दें।

और भी

कलेक्टर श्री रोहित व्यास ने जिला स्वास्थ्य समिति की समीक्षा बैठक में दिए कई निर्देश,मातृ शिशु मृत्यु दर कम करने संस्थागत प्रसव को दे बढ़ावा

जशपुरनगर 19 नवंबर 2025/ कलेक्टर श्री रोहित व्यास की अध्यक्षता में विगत दिवस जिला स्वास्थ्य समिति की समीक्षा बैठक जिला पंचायत सभाकक्ष में आयोजित की गई। बैठक में जिले में स्वास्थ्य सेवाओं के सुदृढ़ीकरण, मातृ एवं शिशु स्वास्थ्य, कुपोषण मुक्ति, टीबी उन्मूलन, संस्थागत प्रसव, आयुष्मान कार्ड सैचुरेशन, जिले के विशेष प्रोजेक्ट स्वास्थ्य मितान, पीवीटीजी हेल्प डेस्क, रिचिंग एवरी डिलीवरी, योगा इन प्रेग्नेंसी, आईआईटी बॉम्बे पोषण मिशन तथा मानव संसाधन की उपलब्धता सहित विभिन्न बिंदुओं की विस्तृत समीक्षा की गई। कलेक्टर ने संबंधित अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिए कि सभी लक्षित योजनाओं एवं सेवाओं का पूरी तत्परता से क्रियान्वयन सुनिश्चित किया जाए। उन्होंने निर्देशित किया कि जिले में छूटे हुए लोगों का आयुष्मान स्वास्थ्य कार्ड एवं वय वंदना कार्ड बनाने विशेष अभियान चलाया जाए। शत-प्रतिशत पात्र लोगों का कार्ड बनाना सुनिश्चित किया जाए, जिससे आयुष्मान कार्ड सैचुरेशन पूर्ण हो सके। इसके साथ ही जिले को टीबी मुक्त करने के लिए जागरूकता अभियान चलाने तथा अधिक से अधिक निक्षय मित्र बनाने पर जोर दिया, जिससे टीबी मरीजों को पौष्टिक आहार उपलब्ध कराने में मदद मिले। इस दौरान बैठक में जिला पंचायत सीईओ श्री अभिषेक कुमार, डिप्टी कलेक्टर श्री हरिओम द्विवेदी, सीएमएचओ डॉ जी एस जात्रा, सिविल सर्जन, सभी ब्लॉक मेडिकल ऑफिसर, कॉर्डिनेटर एवं पीएचसी- सीएचसी के चिकित्साधिकारीगण सहित महिला एवं बाल विकास विभाग के सीडीपीओ मौजूद रहे।


*कुपोषण मुक्त करने सक्रियता से करे कार्य* -

कलेक्टर ने कहा कि जिले में कुपोषण मुक्ति के लिए सघन अभियान चलाया जाए। सभी आंगनबाड़ी केंद्र समय पर खुले यह सुनिश्चित करें तथा सीडीपीओ समय-समय पर इनका निरीक्षण अवश्य करें। आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं को बच्चों की बेहतर देखभाल एवं सभी एक्टिविटी सुचारू रूप से संचालित करने हेतु प्रोत्साहित करें। पूरक पोषण आहार नियमित रूप से बच्चों और माताओं को उपलब्ध कराएं। उन्होंने गंभीर कुपोषित बच्चों को एनआरसी में रखकर समुचित इलाज एवं देखभाल सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। एनआरसी में बेड ऑक्यूपेंसी दर शत-प्रतिशत रहे। गंभीर कुपोषित बच्चों को लगातार 15 दिन तथा अति गंभीर बच्चों को 30 दिन तक एनआरसी में रखकर उपचार किया जाए। सीडीपीओ सप्ताह में एक बार एनआरसी का निरीक्षण कर बच्चों के वजन एवं स्वास्थ्य सुधार की जानकारी लें। एसडीएम की अध्यक्षता में माह में एक बार ब्लॉक मेडिकल ऑफिसर एवं सीडीपीओ संयुक्त बैठक में शामिल होकर मातृ शिशु स्वास्थ्य, टीकाकरण, ओपीडी-आईपीडी तथा जन्म-मृत्यु दर की समीक्षा करें। 


*मातृत्व मृत्यु दर रोकने कराएं शत प्रतिशत संस्थागत प्रसव* - 

कलेक्टर श्री व्यास ने कहा कि गर्भवती महिलाओं का प्रथम तिमाही में शत-प्रतिशत पंजीयन सुनिश्चित किया जाए। मातृत्व मृत्यु दर रोकने एवं बेहतर देखभाल के लिए स्वास्थ्य अमला सतर्क रहे। प्रसव की निर्धारित तिथि नजदीक आने पर मितानिन रोजाना घर जाकर गर्भवती महिला का स्वास्थ्य परीक्षण एवं स्थिति की जानकारी लें। हाई रिस्क प्रेगनेंसी की पहचान कर विशेष स्वास्थ्य परीक्षण, समुचित देखभाल एवं उचित समय पर अस्पताल पहुंचाने की व्यवस्था सुनिश्चित की जाए। संस्थागत प्रसव को बढ़ावा देने के लिए लोगों को अस्पताल में ही सुरक्षित प्रसव कराने के लिए प्रेरित करने हेतु प्रचार-प्रसार को प्रभावी बनाने के निर्देश दिए गए। जिला अस्पताल में स्वास्थ्य एवं मानव संसाधनों को दुरुस्त करने, दवाइयों की उपलब्धता, आवश्यक टेस्ट एवं सी सेक्शन की सुविधा को सुचारू रखने पर जोर दिया। उन्होंने कहा कि पर्याप्त संख्या में स्त्री रोग विशेषज्ञ उपलब्ध हैं, अतः जिला अस्पताल में अनावश्यक रेफर की आवश्यकता नहीं पड़े।

*अपेक्षा अनुरूप कम परफार्मेंस पर जताई नाराजगी* - 
बैठक के दौरान कलेक्टर ने स्वास्थ्य मानव संसाधन की स्थिति की जानकारी ली और जहां खाली स्वीकृत पद हैं वहां भर्ती की प्रक्रिया शीघ्र प्रारंभ करने निर्देशित किया। आरोग्य मेला, टेली मेडिसिन, टीकाकरण, फैमिली प्लानिंग, हाट बाजार क्लिनिक, आउटरीच गतिविधि, एनसीडी जांच आदि की प्रगति की भी समीक्षा की गई। कई स्थानों पर आवश्यकता से अधिक चिकित्सा स्टाफ मौजूद होने एवं उसके अनुरूप डिलीवरी, ओपीडी और स्वास्थ्य सेवाएं कम मिलने पर कलेक्टर ने नाराजगी जताई तथा कम स्टाफ वाले स्थानों पर मानव संसाधन को समुचित रूप से शिफ्ट करने के निर्देश दिए।

और भी

मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय ने प्रदेश के विद्युत उपभोक्ताओं के लिए की बड़ी घोषणा,अब 200 यूनिट तक मिलेगा हाफ बिजली का लाभ,42 लाख उपभोक्ता होंगे लाभान्वित

रायपुर, 19नवंबर 2025/ राज्य के विद्युत उपभोक्ताओं को बड़ी राहत देते हुए मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय ने आज विधानसभा के विशेष सत्र में नई बिजली योजना की घोषणा की। अब प्रदेश के ऐसे घरेलू उपभोक्ताओं को जिनका 200 यूनिट तक विद्युत खपत है उन्हें 200 यूनिट तक हाफ बिजली का पूरा लाभ प्राप्त होगा। इस निर्णय से राज्य के 36 लाख घरेलू उपभोक्ता  सीधे तौर पर लाभान्वित होंगे। 200 से 400 यूनिट तक बिजली खपत करने वाले उपभोक्ताओं को भी अगले 1 वर्ष तक 200 यूनिट तक हॉफ बिजली बिल का लाभ मिलेगा, इससे 6 लाख उपभोक्ता लाभान्वित होंगे। इन उपभोक्ताओं को 1 वर्ष तक की छूट दी गई है ताकि इस अवधि  में  वे अपने घरों में पीएम सूर्यघर मुफ्त बिजली योजना के तहत सोलर प्लांट स्थापित करा सके। इस तरह 200 यूनिट तक हॉफ बिजली बिल योजना से प्रदेश के 45 लाख उपभोक्ताओं में से 42 लाख उपभोक्ता लाभान्वित होंगे, वहीं प्रधानमंत्री सूर्य घर मुक्त बिजली योजना का लाभ प्रदेश के सभी उपभोक्ताओं को मिलेगा। 

मुख्यमंत्री श्री साय ने कहा कि राज्य सरकार की सर्वाेच्च प्राथमिकता हर उपभोक्ता को सस्ती, सुचारू और भरोसेमंद विद्युत आपूर्ति उपलब्ध कराना है। सोलर प्लांट स्थापना प्रक्रिया में समय लगने के कारण घरेलू उपभोक्ताओं के लिए 1 दिसंबर से नई योजना लागू की जा रही है, जिससे आम जनता के बिजली बिल में महत्वपूर्ण कमी आएगी।

मुख्यमंत्री श्री साय ने यह भी बताया कि पीएम सूर्यघर मुफ्त बिजली योजना के अंतर्गत राज्य शासन की ओर से सब्सिडी दी जा रही है। जिसके तहत 1 किलोवॉट क्षमता के सोलर प्लांट पर 15,000 रुपये तथा 2 किलोवॉट या उससे अधिक क्षमता के प्लांट पर 30,000 रुपये की अतिरिक्त सब्सिडी दी जा रही है। यह व्यवस्था राज्य में सौर ऊर्जा अपनाने को प्रोत्साहित करेगी और आने वाले समय में उपभोक्ताओं को हाफ बिजली से फ्री बिजली की ओर ले जाएगी।

मुख्यमंत्री ने विश्वास व्यक्त किया कि यह निर्णय न केवल जनता के बिजली बिल को कम करेगा बल्कि राज्य को ऊर्जा क्षेत्र में आत्मनिर्भर बनाने की दिशा में एक मजबूत कदम साबित होगा।

और भी

सहकारी कर्मचारियों के हड़ताल बेअसर: राज्य के सभी जिलों में निरंतर जारी है धान खरीदी


 
रायपुर 19 नवंबर 2025/ राज्य के सभी जिलों में किसानों से समर्थन मूल्य पर धान खरीदी का का सिलसिला बिना किसी व्यवधान के अनवरत रूप से जारी है। धान खरीदी शुरू हुए अभी चार दिन ही हुए है, इसके बावजूद भी राज्य के उपार्जन केंद्रों में धान की आवक तेजी से होने लगी है। राज्य में औसतन प्रतिदिन दो से ढाई लाख क्विंटल धान का उपार्जन समर्थन मूल्य पर होने लगा है। सहकारी समिति के कर्मचारियों के हड़ताल के बावजूद भी पूरे राज्य में धान खरीदी अप्रभावित है। सभी समितियों एवं उपार्जन केंद्रों में धान लेकर आने वाले किसानों से बिना किसी रूकावट के धान खरीदी की जा रही है। कल 17 नवंबर को राज्य में किसानों से 2,43,831 क्विंटल धान की खरीदी समर्थन मूल्य पर की गई, जिसमें 1,05,342 क्विंटल मोटा, 71,603 क्विंटल पतला तथा 66,886 क्विंटल सरना धान शामिल है।
 
मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय की मंशा के अनुरूप राज्य के सभी 2739 धान उपार्जन केन्द्रों में किसानों की सुविधा हेतु पारदर्शी टोकन प्रणाली, इलेक्ट्रॉनिक तौल मशीन, नमी मापक यंत्र, बारदाना एवं अन्य सुविधाएं सुनिश्चित की गई है, ताकि किसानों को किसी भी तरह की दिक्कत न  हो। धान उपार्जन के समानांतर किसानों को भुगतान की व्यवस्था भी छत्तीसगढ़ सरकार द्वारा सुनिश्चित की गई है। इस साल धान खरीदी के लिए छत्तीसगढ़ सरकार ने छत्तीसगढ़ राज्य विपणन संघ को 26,200 करोड़ रूपए की बैंक गांरटी दी है, ताकि किसानों को समर्थन मूल्य के भुगतान में किसी भी तरह की दिक्कत न होने पाएं। 

खाद्य विभाग से प्राप्त जानकारी के अनुसार राज्य के सभी 33 जिलों में धान खरीदी की शुरूआत हो चुकी है। रिपोर्ट के आधार पर 17 नवंबर को 725 उपार्जन केन्द्रों में किसानों ने अपना धान बेचा है। बेमेतरा जिले में सर्वाधिक 39,015 क्विंटल धान का उपार्जन किया गया, जबकि राजनांदगांव जिले ने 35,162 क्विंटल और रायपुर जिले ने 28,272 क्विंटल धान का उपार्जन कर क्रमशः दूसरे एवं तीसरे स्थान पर है। खाद्य विभाग से प्राप्त रिपोर्ट के अनुसार 17 नवंबर को बस्तर जिलें में 95.2 क्विंटल बीजापुर में 137.2 क्विंटल, दंतेवाड़ा में 1.6 क्विंटल, कांकेर में 80, कोण्डागांव में 1147.6, नारायणपुर में 7.2, सुकमा में 24.4, बिलासपुर में 1573.6, गौरेला-पेड्रा-मरवाही में 2550, जांजगीर चांपा में 67.6, कोरबा में 97.2, मुंगेली में 2224, रायगढ़ में 1413.2, सक्ती में 48, सारंगढ़-बिलाईगढ़ में 917.6, बालोद में 19656, बेमेतरा में 39015.2, दुर्ग में 27699.2, कवर्धा में 3682.4, राजनांदगांव में 35162.4, खैरागढ़-छूईखदान-गंडई में 14322.8, मोहला-मानपुर-अंबागढ़-चौकी में 834.8, बलौदाबाजार में 19419.6, धमतरी में 25227.2,गरियाबंद में 9106.4, महासमुंद में 1073.6, रायपुर में 28272.4, बलरामपुर में 612.4, जशपुर में 224, कोरिया में 1193.6, सरगुजा में 276.8, सूजरपुर में 1456.4, मनेंद्रगढ़-चिरमिरी-भरतपुर में 212 क्विंटल धान का उपार्जन समर्थन मूल्य पर किया गया। जिलों से मिली रही सूचना के अनुसार उपार्जन केन्द्रों में धान खरीदी की चॉक-चौबंद व्यवस्था को लेकर किसान प्रसन्न है। उन्हें उपार्जन केन्द्र में धान बेचने के लिए न तो इंतजार करना पड़ रहा है, न ही धान तौलाई में किसी भी तरह की दिक्कत हो रही है।

और भी

पीएम किसान सम्मान निधि:प्रधानमंत्री आज देशभर के किसानों को जारी करेंगे पीएम किसान सम्मान निधि की 21वीं किश्त,राज्य स्तरीय समारोह धमतरी में मुख्यमंत्री तथा केन्द्रीय कृषि मंत्री  होंगे शामिल

रायपुर, 19 नवम्बर 2025/प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि योजनान्तर्गत प्रदेश के किसानों को एक और बड़ी सौगात मिलने जा रही है। प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी कल 19 नवम्बर को देशभर के किसानों को पीएम सम्मान निधि योजना की 21 वीं किश्त की राशि ऑनलाईन जारी करेंगे। इस योजना के तहत छत्तीसगढ़ के 24 लाख 17 हजार 640 किसानों को उनके बैंक खातों में 494 करोड़ रूपये से अधिक की राशि अंतरित की जाएगी।

पीएम किसान सम्मान निधि के राज्यस्तरीय समारोह का आयोजन धमतरी में कल 19 नवम्बर को किया जा रहा है। इस समारोह में केन्द्रीय कृषि मंत्री श्री शिवराज सिंह चौहान एवं मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय शामिल होंगे। यह कार्यक्रम धमतरी के डॉ.शोभाराम देवांगन शासकीय स्कूल परिसर में 12.30 बजे से आयोजित किया जाएगा। 

 केंद्रीय कृषि मंत्री श्री शिवराज सिंह चौहान राज्य में प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजनान्तर्गत 100 से अधिक आबादी वाले 780 बसाहटों को जोड़ने हेतु प्रधानमंत्री ग्रामीण सड़क योजना 4-क के तहत 2242 करोड़ रूपयों से अधिक लागत की लगभग 2442 किलोमीटर लंबी 774 सड़कों के निर्माण कार्य का शिलान्यास एवं राष्ट्रीय ग्रामीण आजीविका मिशन (बिहान) योजना के अंतर्गत 17,357 स्वसहायता समूहों को चक्रीय निधि, सामुदायिक निवेश निधि, बैंक क्रेडिट लिंकेज निधि के 286 करोड़ रूपयों का वितरण करेंगे। 

केंद्रीय मंत्री श्री चौहान वॉटरशेड कार्यक्रम के अंतर्गत आयोजित प्रदेश स्तरीय वॉटरशेड महोत्सव का भी शुभारंभ करेंगे। इसके अतिरिक्त वे विभिन्न कार्यों का लोकार्पण-भूमिपूजन एवं विभिन्न क्षेत्रों में उत्कृष्ट कार्य करने वाले हितग्राहियों को सम्मानित भी करेंगे।

और भी

सुपर 30’ के संस्थापक पद्मश्री आनंद कुमार के कार्यक्रम में हुआ बदलाव,अब 24 और 25 नवम्बर को रायगढ़ एवं पुसौर में भव्य कैरियर मार्गदर्शन महोत्सव का होगा आयोजन, देंगे युवाओं को सफलता का मंत्र

रायगढ़, 18 नवम्बर 2025/ युवाओं के उज्ज्वल भविष्य और सुनियोजित कैरियर निर्माण के लिए राज्य शासन द्वारा लगातार विविध महत्वपूर्ण पहलें की जा रही हैं, जिनका उद्देश्य युवाओं को बड़े स्तर पर मार्गदर्शन, संसाधन और अवसर उपलब्ध कराना है। प्रदेश के वित्त मंत्री एवं रायगढ़ विधायक श्री ओ.पी.चौधरी के विशेष पहल से रायगढ़ जिले में अब 24 और 25 नवंबर को एक भव्य और प्रेरणादायी कैरियर मार्गदर्शन का आयोजन होगा। 
           इस ऐतिहासिक आयोजन में देशभर के लाखों छात्रों के प्रेरणास्रोत, सुपर 30 के संस्थापक और पद्मश्री से सम्मानित श्री आनंद कुमार युवाओं से प्रत्यक्ष संवाद करेंगे और सफलता का मंत्र देंगे। यह आयोजन राज्य शासन की युवा-केंद्रित नीतियों तथा प्रदेश के वित्त मंत्री एवं रायगढ़ विधायक श्री ओ.पी. चौधरी की दूरदर्शी पहल का परिणाम है, जिसके माध्यम से जिले के हजारों छात्रों को उत्कृष्ट कैरियर मार्गदर्शन प्राप्त होने जा रहा है।  कलेक्टर श्री मयंक चतुर्वेदी के निर्देशन में समूचा प्रशासनिक अमला इन आयोजनों को सफल और भव्य बनाने में जुट गए है। 
           कैरियर महोत्सव का रायगढ़ में भव्य सत्र 24 नवम्बर को शाम 3.30 बजे रामलीला मैदान में होने जा रहा है। जिले के हायर सेकेंडरी स्कूलों, महाविद्यालयों तथा प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी कर रहे हजारों युवा इस अवसर का लाभ उठाएंगे। कार्यक्रम को देखते हुए प्रशासन द्वारा विशाल मंच, सुव्यवस्थित बैठने की व्यवस्था, साउंड सिस्टम, प्रकाश व्यवस्था, पार्किंग और यातायात प्रबंधन को उच्च स्तर पर तैयार किया गया है।

*25 नवंबर को पुसौर में सुबह 8.30 बजे कैरियर मार्गदर्शन का भव्य आयोजन*
दूसरा सत्र 25 नवंबर की सुबह 8.30 बजे पुसौर में आयोजित होगा, जिसमें पुसौर और खरसिया क्षेत्र के छात्रों के लिए व्यापक कैरियर मार्गदर्शन दिया जाएगा। साथ ही 25 नवंबर को शाम 3.30 बजे सरिया में कैरियर मार्गदर्शन का आयोजन होगा। इन आयोजनों में विद्यार्थी अपने प्रश्न पूछ सकेंगे तथा कैरियर चयन, प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी, लक्ष्य निर्धारण, समय प्रबंधन और आत्मविश्वास जैसे विषयों पर प्रत्यक्ष मार्गदर्शन प्राप्त करेंगे।

और भी

वृद्धजनों के अधिकारों पर वृद्धाश्रम में जागरूकता शिविर आयोजित

रायगढ़, 18 नवम्बर 2025/ माननीय राष्ट्रीय विधिक सेवा प्राधिकरण नई दिल्ली एवं छ.ग. राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण बिलासपुर के निर्देशन में प्रधान जिला न्यायाधीश एवं अध्यक्ष श्री जितेन्द्र कुमार जैन के मार्गदर्शन तथा जिला विधिक सेवा प्राधिकरण रायगढ़ न्यायाधीश एवं सचिव श्रीमती अंकिता मुदलियार के नेतृत्व में माता-पिता एवं वरिष्ठ नागरिकों का भरण-पोषण तथा कल्याण अधिनियम, 2007 के मुख्य प्रावधानों के संबध में वृद्धाश्रम रायगढ़ में जागरूकता शिविर का आयोजन किया गया। 
            आयोजित इस जागरूकता शिविर में पैरालिगल वालिंटियर्स के द्वारा वृद्धाश्रम रायगढ़ में उपस्थित वृ़द्धजनों को माता-पिता एवं वरिष्ठ नागरिकों का भरण-पोषण तथा कल्याण अधिनियम, 2007 के तहत भरण-पोषण के अधिकार के बारे में विस्तृत जानकारी देते हुए जैसे, वृद्धजन नागरिक निःसहाय अवस्था में भोजन, आवास, दवा, देखभाल और उनके दैनिक आवश्यकताओं के भरण पोषण की मांग इस अधिनियम के तहत कर सकते हैं। इस अधिनियम के तहत वृद्धाश्रम की स्थापना, वृद्धजनों के लिए विशेष प्रावधान होता है। इसकी प्रक्रिया सरल और त्वरित होती है। यह जिला स्तर पर गठित होता है। कोई भी वरिष्ठ नागरिक अपने न्याय के लिए आवेदन कर सकता है।  
             उक्त शिविर में माता-पिता एवं वरिष्ठ नागरिकों का भरण-पोषण तथा कल्याण अधिनियम, 2007 के विपरीत आदेश का पालन न करने पर दंड के विषय में बताते हुए आदेश का पालन न करने पर संतान व वारिस को तीन महीने तक का कारावास हो सकता है और तब तक कारावास की सीमा रहेगा जब तक कि जमानत राशि न भरी जावे। इसके साथ-साथ संतान यदि अपने माता-पिता या वृद्धजन नागरिक को छोड़ देता है तो उन पर कानूनी कार्यवाही संभव होती है। साथ ही चिकित्सीय देख-रेख के बारे में बताते हुए सभी वरिष्ठ नागरिकों को सरकारी अस्पतालों में सरकार द्वारा पूर्णतः गंभीर बीमारियों का ईलाज निःशुल्क किया जाएगा। आगे इसी अनुक्रम में इस अधिनियम के तहत वृद्धजनों की गरिमा और सुरक्षा सुनिश्चित करता है परिवार में जिम्मेदारी और सम्मान की भावना बनाए रखता है। और सबसे बड़ी बात वृद्धजनों को कानूनी सुरक्षा प्रदान करता है। शिविर कार्यक्रम वृद्धाश्रम रायगढ़ में वृद्धजन महिला एवं पुरूष, जिला विधिक सेवा प्राधिकरण के पैरालिगल वालिंटियर्स-हरीश षडंगी, आयुष देवांगन, रश्मि बेहरा एवं वृहस्पति सिदार उपस्थित रहे।

और भी

रायगढ़ : समर्थन मूल्य पर धान खरीदी सुचारू रूप से जारी,जिले में अब तक 2698.40 क्विंटल धान की हुई खरीदी

रायगढ़, 18 नवम्बर 2025/ खरीफ विपणन वर्ष 2025-26 में शासन द्वारा समर्थन मूल्य पर धान उपार्जन का कार्य 15 नवंबर से जिले में सुचारू रूप से प्रारंभ हो गया है। जिले के 69 सेवा सहकारी समितियों के 105 धान उपार्जन केंद्रों में खरीदी व्यवस्था बेहतर और व्यवस्थित ढंग से संचालित की जा रही है। जिले में अब तक 2698.40 क्विंटल धान की खरीदी की जा चुकी है।
      कलेक्टर श्री मयंक चतुर्वेदी के निर्देशन में प्रत्येक उपार्जन केंद्र में नोडल अधिकारी नियुक्त किए गए हैं, ताकि अवैध धान की खरीद-बिक्री पर रोक लगाई जा सके और पूरी प्रक्रिया पर कड़ी निगरानी रखी जा सके। इसके साथ ही जिले के विभिन्न स्तर के अधिकारी-कर्मचारी मिलकर निरीक्षण दल का गठन कर उपार्जन केंद्रों का औचक निरीक्षण भी कर रहे हैं। इसी दौरान मंडी सचिव एवं मंडी उप निरीक्षक द्वारा निरीक्षण के दौरान खरसिया के ग्राम-डोमनारा में भभीक्षण साव पिता-सोहराइ साव के प्रतिष्ठान से 50 कट्टा अवैध धान जप्त किया गया है।
             कलेक्टर के कुशल मार्गदर्शन एवं जिला प्रशासन की सतत निगरानी में उपार्जन प्रक्रिया पारदर्शी और किसान हितैषी बनाकर लागू की गई है। इससे किसानों में बढ़ा विश्वास और सहयोगिता देखने को मिल रही है तथा उपार्जन केंद्रों पर उत्साह का माहौल है। जिले के अधिकांश उपार्जन केंद्रों में सुबह से ही किसानों की सक्रिय उपस्थिति देखने को मिल रही है। किसानों की सुविधा के लिए सभी केंद्रों में सुव्यवस्थित टोकन सिस्टम, पारदर्शी सत्यापन प्रक्रिया, इलेक्ट्रॉनिक तोल मशीन सहित सभी आवश्यक मूलभूत सुविधाएँ उपलब्ध कराई गई हैं, ताकि धान खरीदी के दौरान किसानों को किसी प्रकार की दिक्कत न हो।
*शिकायत निवारण हेतु टोल फ्री नंबर जारी*
धान उपार्जन और कस्टम मिलिंग से संबंधित शिकायतों के त्वरित समाधान के लिए खाद्य विभाग द्वारा टोल फ्री नंबर 1800-233-3663 जारी किया गया है। यह कॉल सेंटर राज्य स्तरीय नियंत्रण कक्ष के रूप में कार्य करेगा। सभी उपार्जन केंद्रों में इस नंबर का प्रमुखता से प्रदर्शन किया गया है, ताकि किसान आसानी से अपनी शिकायत दर्ज करा सकें। प्राप्त शिकायतों का निराकरण तीन दिवस के भीतर किया जाएगा।

और भी

रायगढ़ : समीक्षा बैठक में कलेक्टर के निर्देश,राजस्व विवाद मुक्त ग्राम, धान उपार्जन केंद्रों की सतत निगरानी और फार्मर रजिस्ट्री शीघ्र पूर्ण करने के सख्त निर्देश

रायगढ़, 18 नवम्बर 2025/ कलेक्टर श्री मयंक चतुर्वेदी ने आज मंगलवार को कलेक्टोरेट सभाकक्ष में आयोजित राजस्व विभागीय समीक्षा बैठक में सभी राजस्व अधिकारियों को स्पष्ट और कठोर निर्देश देते हुए कहा कि जिले में राजस्व कार्यों की पारदर्शिता और दक्षता सर्वोच्च प्राथमिकता है। उन्होंने कहा कि राजस्व विभाग के प्रत्येक प्रकरण का ई-कोर्ट में अनिवार्य रूप से पंजीयन किया जाए। किसी भी कार्यालय में एक भी प्रकरण ऑफलाइन नहीं रहना चाहिए और यदि ऐसा पाया गया तो संबंधित तहसीलदार की जिम्मेदारी तय कर कड़ी कार्रवाई की जाएगी।
              कलेक्टर ने अधिकारियों को निर्देशित किया कि जिले में राजस्व विवाद मुक्त ग्राम विकसित किए जाएं तथा इसे एक मॉडल के रूप में आगे बढ़ाया जाए। उन्होंने अविवादित खाता विभाजन, नामांतरण, सीमांकन, डायवर्सन, त्रुटि सुधार, नजूल प्रकरण और स्वामित्व योजना जैसे लंबित प्रकरणों की समय-सीमा में निराकरण को अनिवार्य बताया।

*धान खरीदी की सख्त निगरानी, अवैध परिवहन पर रोक*

कलेक्टर श्री चतुर्वेदी ने खरीफ विपणन वर्ष 2025-26 में संचालित धान खरीदी कार्यों में राजस्व अधिकारियों की भूमिका को महत्वपूर्ण बताते हुए निर्देश दिए कि सभी अधिकारी अपने-अपने क्षेत्रों के धान उपार्जन केंद्रों की सतत मॉनिटरिंग करें। उन्होंने पड़ोसी राज्यों के मार्गों पर धान के अवैध परिवहन पर कड़ी निगरानी रखने और कोचियों पर सख्ती बरतने को कहा। ग्राम पंचायत स्तर पर संधारित मुसाफिर रजिस्टर को अद्यतन रखने पर भी विशेष जोर दिया गया। उन्होंने कोटवारों के कार्य की मासिक समीक्षा कर उनकी जवाबदेही सुनिश्चित करने को कहा।

*धरमजयगढ़ क्षेत्र में हाथियों की गतिविधियों पर सतत नजर एवं राहत एवं  बचाव पर विशेष जोर देने के निर्देश*

कलेक्टर श्री चतुर्वेदी ने धरमजयगढ़ क्षेत्र में हाथियों की मूवमेंट पर निरंतर निगरानी रखने और राजस्व एवं वन विभाग के समन्वय से राहत एवं बचाव कार्यों को प्राथमिकता देने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि शहर और आसपास के क्षेत्रों के राजस्व रिकॉर्ड में दर्ज बड़े एवं छोटे पेड़ों के जंगलों की सर्वे कर वन विभाग को खसरा-वार सूची उपलब्ध कराई जाए। वन विभाग को निर्देशित किया गया कि वह भौतिक सत्यापन कर एक सप्ताह के भीतर रिपोर्ट प्रस्तुत करने के निर्देश दिए।

*नक्शा बटांकन, मिसल-खसरा मिलान और अदालत प्रकरणों में प्रगति लाने के सख्त निर्देश*

कलेक्टर श्री मयंक चतुर्वेदी ने समीक्षा बैठक में नक्शा बटांकन कार्य की विस्तृत समीक्षा करते हुए तहसील कापू, खरसिया, घरघोड़ा, छाल, तमनार, धरमजयगढ़, पुसौर, मुकडेगा, रायगढ़ और लैलूंगा के अधिकारियों को 15 दिनों की समय-सीमा में प्रगति लाने का लक्ष्य निर्धारित किया। उन्होंने मिसल से खसरा मिलान की प्रविष्टि में तेजी लाने के निर्देश दिए। अतिरिक्त कलेक्टर न्यायालय एवं राजस्व अनुविभागीय न्यायालयों में लंबित मामलों की समीक्षा कर शीघ्र प्रगति लाने को कहा। भू-अर्जन के लंबित प्रकरणों पर भी सख्त रुख अपनाते हुए शीघ्र निष्पादन के निर्देश दिए।
           कलेक्टर ने कहा कि एग्रीस्टैक पोर्टल में फार्मर रजिस्ट्री का कार्य समय-सीमा में पूर्ण किया जाए, ताकि कोई भी किसान शासन की किसी योजना से वंचित न रह जाए। फौती, वारिसान पंजीयन, भुइया पोर्टल में नाम न दिखना, खसरा त्रुटि जैसी समस्याओं का तत्काल समाधान करने को कहा। कलेक्टर ने कहा कि इस कार्य में किसी भी स्तर की ढिलाई को गंभीर लापरवाही माना जाएगा। कलेक्टर ने नक्शा बटांकन, सेवा भूमि, लैंड बैंक, न्यायालयीन प्रकरणों, आधार सीडिंग, मोबाइल नंबर एवं जेंडर प्रविष्टि अद्यतन जैसे महत्वपूर्ण कार्यों की समीक्षा कर कहा कि राजस्व अभिलेखों की शुद्धता शासन की प्राथमिकता है। उन्होंने निर्देश दिए कि अधिकारी अपने अधीनस्थ कर्मचारियों में कार्यदक्षता बढ़ाएं, उनकी जवाबदेही तय करें तथा जो कर्मचारी बेहतर कार्य कर रहे हों उन्हें सम्मानित कर प्रोत्साहित भी करें।
            बैठक में उन्होंने कहा कि राजस्व विभाग के प्रत्येक प्रकरण का ई-कोर्ट में अनिवार्य रूप से पंजीयन किया जाए, ताकि प्रकरणों की ऑनलाइन निगरानी और पारदर्शी समाधान सुनिश्चित किया जा सके। उन्होंने स्पष्ट निर्देश दिए कि किसी भी कार्यालय में कोई भी प्रकरण ऑफलाइन नहीं रहना चाहिए, यदि ऐसा पाया गया तो संबंधित तहसीलदार की जिम्मेदारी तय कर कार्रवाई की जाएगी। बैठक में अपर कलेक्टर श्री अपूर्व प्रियेश टोप्पो, श्री रवि राही, डॉ.प्रियंका वर्मा सहित जिले के सभी एसडीएम, तहसीलदार एवं नायब तहसीलदार उपस्थित रहे।

और भी

पीएम सूर्यघर मुफ्त बिजली योजना से मोहन सिंह ठाकुर बने मिसाल,5 किलोवाट सोलर प्लांट से लगातार चार माह तक मिले माइनस बिल, शहरवासियों के लिए भीबबनी प्रेरणा

रायगढ़, 18 नवम्बर 2025/ प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी की जनकल्याणकारी मंशा और मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय के नेतृत्व में प्रदेश में सौर ऊर्जा के उपयोग को बढ़ावा देने के लिए ‘पीएम सूर्यघर मुफ्त बिजली योजना’ तेजी से असर दिखा रही है। इस योजना के तहत जिले में सैकड़ों घर रोशन हो रहे हैं और लोग मुफ्त, स्वच्छ एवं पर्यावरण-हितैषी बिजली का लाभ लेकर ऊर्जा आत्मनिर्भरता की ओर आगे बढ़ रहे हैं। शासन द्वारा दी जा रही सब्सिडी और सरल प्रक्रिया ने इस योजना को और अधिक लोकप्रिय बना दिया है। इसी सकारात्मक बदलाव की एक प्रेरक मिसाल हैं-रायगढ़ के चक्रधरनगर बंगलापारा निवासी श्री मोहन सिंह ठाकुर, जिन्होंने 5 किलोवाट का सोलर प्लांट स्थापित कर साबित कर दिया कि सौर ऊर्जा न केवल खर्च घटाती है, बल्कि स्थायी ऊर्जा का मजबूत विकल्प भी है। श्री ठाकुर बताते हैं कि योजना के तहत उन्हें बैंक लोन लेने में एक भी दिन की देरी नहीं हुई। सभी जरूरी दस्तावेजों की जांच समयबद्ध तरीके से हुई, ऋण बिना किसी जटिलता के स्वीकृत हो गया, सीएसपीडीसीएल ने ग्रिड-कनेक्शन भी निर्धारित समय पर उपलब्ध करा दिया, केंद्र सरकार से 78 हजार रुपये और राज्य सरकार से 30 हजार रुपये की सब्सिडी सीधे उनके खाते में जमा हो गई। इस पूरी प्रक्रिया को श्री ठाकुर ने पूरी तरह पारदर्शी, उपभोक्ता हितैषी और सहज बताया।
              सोलर प्लांट लगने के बाद श्री ठाकुर के घर में ऊर्जा आत्मनिर्भरता की एक नई शुरुआत हुई। वे बताते हैं अब हमें बिजली बिल की चिंता नहीं रहती। हमारी जरूरत की बिजली हमारी अपनी छत से बन रही है। सोलर प्लांट स्थापित करने से पहले श्री ठाकुर को प्रतिमाह 2500 से 3000 रुपये तक का बिजली बिल भरना पड़ता था। लेकिन सोलर ऊर्जा शुरू होने के बाद स्थिति पूरी तरह बदल गई। लगातार चार माह तक माइनस बिल प्राप्त हुए, अतिरिक्त बिजली ग्रिड को दी गई, उसकी राशि बिजली बिल में समायोजित होती रही। मोहन सिंह ठाकुर की सफलता यह संदेश देती है कि यदि योजनाओं का लाभ सही समय पर और सही तरीके से लिया जाए, तो सौर ऊर्जा न केवल पर्यावरण के लिए बेहतर है, बल्कि घरेलू बजट में भी बड़ी राहत देती है। उनकी कहानी शहरवासियों के लिए एक प्रेरक उदाहरण बन चुकी है।
             बता दें कि प्रधानमंत्री सूर्यघर योजना के तहत 1 किलोवॉट क्षमता के सोलर प्लांट से प्रतिमाह औसतन 120 यूनिट बिजली उत्पादन होता है, जिस पर 30 हजार रुपए केंद्र से और 15 हजार रुपए राज्य से, कुल 45 हजार रुपए की वित्तीय सहायता दी जाती है। उपभोक्ता को लगभग 15 हजार रुपए स्वयं वहन करने होते हैं। इसी प्रकार 2 किलोवॉट प्लांट के लिए प्रतिमाह औसतन 240 यूनिट उत्पादन संभव है, जिस पर 90 हजार रुपए तक कुल सब्सिडी ( 60 हजार रुपए केंद्र प्लस 30 हजार रुपए राज्य) से मिलती है। उपभोक्ता को केवल  30 हजार रुपए खर्च करना होता है। 3 किलोवॉट क्षमता के प्लांट से प्रतिमाह औसतन 360 यूनिट उत्पादन संभव है, और इसमें 78 हजार रुपए केंद्र प्लस 30 हजार रुपए राज्य यानी कुल एक लाख 8 हजार रुपए की सहायता मिलती है। उपभोक्ता को 72 हजार रुपए वहन करना पड़ता है, जो ऋण पर भी उपलब्ध है।

और भी

रायगढ़ जिले में सूक्ष्म, लघु एवं मध्यम उद्यमों को बढ़ावा देने  उद्योग और बैंकर्स संवाद’ कार्यशाला कल होगा आयोजित

रायगढ़, 18 नवंबर 2025। कलेक्टर श्री मयंक चतुर्वेदी के निर्देश पर रायगढ़ जिले में सूक्ष्म, लघु एवं मध्यम उद्यमों को बढ़ावा देने तथा उद्यमियों को बैंक ऋण, अनुदान योजनाओं और वित्तीय सहायता से जोड़ने के उद्देश्य से ‘उद्योग और बैंकर्स संवाद’ शीर्षक से एक दिवसीय कार्यशाला का आयोजन किया जा रहा है। यह कार्यशाला 19 नवंबर 2025 को दोपहर 1 बजे, कलेक्ट्रेट परिसर स्थित सृजन सभा कक्ष में आयोजित होगी।
यह कार्यक्रम रैम्प योजना के अंतर्गत आयोजित किया जा रहा है, जिसके माध्यम से उद्योग स्थापित करने वाले युवाओं, महिला उद्यमियों तथा छोटे-बड़े उद्यम संचालकों को वित्तीय सहायता, ऋण सुविधाएँ और शासन की लाभकारी योजनाओं की जानकारी एक ही मंच पर उपलब्ध कराई जाएगी। 

जिला व्यापार एवं उद्योग केन्द्र, रायगढ़ की मुख्य महाप्रबंधक श्रीमती अंजू नायक ने बताया कि कार्यशाला में विभिन्न बैंक शाखाओं के अधिकारी उपस्थित रहेंगे, जो उद्यमियों को ऋण प्रक्रियाओं, आवश्यक दस्तावेजों, स्वीकृति प्रक्रिया और वित्तीय अड़चनों के समाधान के बारे में विस्तृत जानकारी प्रदान करेंगे। इसी क्रम में पीएम-एफएमई, पीएम इजीपी जैसी स्वरोजगार योजनाओं पर भी मार्गदर्शन दिया जाएगा, जिससे नए उद्यम स्थापित करने वाले युवाओं एवं लाभार्थियों को काफी लाभ मिलेगा।

श्रीमती नायक ने बताया कि ने बताया कि इस कार्यशाला का उद्देश्य उद्यमियों और बैंक अधिकारियों के बीच प्रत्यक्ष संवाद स्थापित कर उन्हें ऋण सुविधा प्राप्त करने में आने वाली कठिनाइयों का समाधान करना है। उन्होंने कहा कि उद्योग स्थापना और विस्तार से जुड़े अनेक महत्वपूर्ण पहलुओं की जानकारी इस कार्यक्रम के माध्यम से सरल भाषा में उपलब्ध कराई जाएगी, जिससे जिले में औद्योगिक विकास की गति और भी मजबूत होगी।
रायगढ़ जिले के सभी इच्छुक उद्यमियों, उद्योग स्थापित करने वाले युवाओं तथा लाभार्थियों से आग्रह है कि वे इस निःशुल्क कार्यशाला में सहभागी बनें। कार्यक्रम से संबंधित जानकारी के लिए  जिला व्यापार एवं उद्योग केंद्र, रायगढ़ के श्री मोहनीश टोप्पो (प्रबंधक), मोबाइल 87702-64731 तथा श्री प्रकाश लहरे (प्रबंधक), मोबाइल 90317-79452 से संपर्क किया जा सकता है।

और भी

कृषक लक्ष्मण, छगन और खोरबाहरा को धान विक्रय में नहीं हुई परेशानी, आसानी से धान बेच पाए,समिति में सभी सुविधाएं दुरुस्त

रायपुर, 18 नवम्बर 2025/ मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय के सुशासन और किसान-कल्याण की प्राथमिकता को धरातल पर उतारती हुई राज्य सरकार की महत्वाकांक्षी कृषक उन्नति योजना आज किसानों के लिए वास्तविक परिवर्तन का माध्यम बन रही है। बेहतर समर्थन मूल्य, पारदर्शी एवं सुविधाजनक उपार्जन व्यवस्था, तथा टोकन प्रणाली जैसे सुधारों ने धान विक्रय प्रक्रिया को सहज, तेज और भरोसेमंद बनाया है। जिसका प्रत्यक्ष लाभ सीमांत कृषक से लेकर बड़े किसानों तक समान रूप से पहुंच रहा है और कृषक अधिक उत्साह और विश्वास के साथ उत्पादन बढ़ा रहे हैं।
 
           महासमुंद जिला के विकासखंड के ग्राम मोंगरा निवासी श्री लक्ष्मण ध्रुव अपने 54 कट्टा धान का विक्रय करने ग्रामीण सेवा सहकारी समिति झालखम्हरिया उपार्जन केंद्र पहुंचे। उन्होंने बताया कि वे 3 दिन पूर्व टोकन कटवाया है, जिससे उन्हें समय पर धान विक्रय की सुविधा मिली। शासन की पारदर्शी टोकन व्यवस्था और त्वरित पंजीयन ने उनकी प्रक्रिया को सहज बनाया। उनके पास एक एकड़ खेती है। इसी तरह मोंगरा निवासी श्री खोरबहारा साहू ने बताया कि वे अपने 42 डिसमिल कृषि भूमि में 8.80 क्विंटल धान उत्पादन किया है। उन्होंने सतत देखभाल और शासन द्वारा उपलब्ध कराई जा रही सुविधाओं का लाभ लेते हुए अपने फसल का उत्पादन किया है। उन्होंने बताया कि धान बेचने में उन्हें कोई परेशानी नहीं हुई। वहीं मोंगरा निवासी श्री छगन लाल साहू ने अपने पिताजी पुनीत राम साहू के नाम पंजीकृत 10 एकड़ कृषि भूमि में इस वर्ष 250 कट्टा धान का उपार्जन किया है। 

        सरकार द्वारा प्रति एकड़ 21 क्विंटल की दर से धान खरीदी और समर्थन मूल्य 3100 रुपए प्रति क्विंटल देने का निर्णय किसानों के लिए एक बड़ी राहत है। मोंगरा निवासी लक्ष्मण ध्रुव, खोरबाहरा साहू और छगन लाल साहू ने मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय का धन्यवाद ज्ञापित किया है।

और भी

राष्ट्रीय सम्मान से देश में बढ़ा गरियाबंद का गौरव जिले को मिला एक करोड़ रूपये का पुरस्कार,महामहिम राष्ट्रपति श्रीमती द्रौपदी मुर्मु के हाथों पुरुस्कृत

रायपुर, 18 नवम्बर 2025/ जल संचय और जन भागीदारी के क्षेत्र में उत्कृष्ट कार्य के लिए छत्तीसगढ़ के गरियाबंद जिला को जोन-1, केटगरी-2 में देश में तीसरा स्थान प्राप्त हुआ है। दिल्ली के विज्ञान भवन में आयोजित समारोह में राष्ट्रपति श्रीमती द्रौपदी मुर्मु के कर कमलों से यह सम्मान प्रदान किया गया। इस पुरस्कार के तहत गरियाबंद जिले को विभिन्न विकास कार्यों के लिए एक करोड़ रूपए की राशि मिली है। इससे न सिर्फ गरियाबंद जिला, बल्कि पूरा छत्तीसगढ़ का गौरव बढ़ा है। मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय ने जिले को इस उपलब्धि के लिए बधाई और शुभकामनाएं दी है। इस दौरान केंद्रिय जल शक्ति मंत्री श्री सी. आर. पाटिल, जल शक्ति एवं रेल मंत्रालय के राज्यमंत्री श्री वी. सोमन्ना एवं जल शक्ति मंत्रालय के राज्यमंत्री श्री राज भूषण चौधरी उपस्थित थे। यह पुरस्कार जिले के कलेक्टर श्री बी एस उइके, जलसंसाधन विभाग के कार्यपालन अभियंता श्री एस के बर्मन एवं सहायक अभियंता श्री मनोज ताण्डिल्य ने प्राप्त किया। राष्ट्रीय जल संचय एवं जलभागीदारी कार्य के लिए तीसरा पुरस्कार के रूप में गरियाबंद जिले को एक करोड़ रूपये का पुरस्कार प्राप्त हुआ। गौरतलब है कि गरियाबंद जिला, जल शक्ति मंत्रालय, भारत सरकार द्वारा आयोजित राष्ट्रीय जल पुरस्कार प्रतियोगिता में विभिन्न चरणों के निरीक्षण, पर्यवेक्षण एवं मूल्यांकन के बाद ईस्ट जोन का तृतीय बेस्ट जिला चुना गया। 

उल्लेखनीय है कि जिले में संबंधित विभागों के माध्यम से 26,025 सतही जल के बेहतर रख-रखाव एवं जनभागीदारी के क्षेत्र में किए गए सराहनीय प्रयासों के लिए गरियाबंद को छत्तीसगढ़ के अन्य जिलों के साथ एक करोड़ रूपए का पुरस्कार भी प्रदान किया गया। यह उपलब्धि जिले के विभिन्न विभागों के समन्वित प्रयासों के क्रियान्वयन का परिणाम रहा है, जिसमें जिले के नागरिकों, महिलाओं, स्वयंसेवी संस्थाओं और जनप्रतिनिधियों की महत्वपूर्ण भूमिका रही। जिले में तेजी से गिरते जल स्तर को देखते हुए जिले ने व्यापक रणनीति के साथ जल शक्ति अभियान - कैच द रेन मोर गांव मोर पानी के अंतर्गत मिशन जल रक्षा - नारी शक्ति से जल शक्ति की शुरूआत की गई है। भू-जल रिचार्ज के लिए तकनीकी नवाचार  जिले में किए गए प्रमुख नवाचार-रिचार्ज सॉफ्ट बोरवेल एवं सेंड फिल्टर तकनीक द्वारा असफल बोरों मे रिचार्ज का प्रयास, परकुलेशन टैंक में इंजेक्शन वेल तैयार कर वर्षाजल को सीधे वाटर टेबल से जोडऩा, नए बोरवेल के साथ इंजेक्शन वेल का निर्माण, पहाड़ी क्षेत्रों में रिचार्ज संरचनाएं और लो-लाइन क्षेत्रों में जल संरक्षण संरचनाएं, संरचनाओं की मरम्मत, संधारण एवं जीआईएस-आधारित योजना निर्माण, कार्य किए गए है।

और भी

जल संचय, जन भागीदारी अभियान के तहत महासमुंद जिले को मिला प्रथम स्थान,मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय ने दी बधाई और शुभकामनाएं

रायपुर, 18 नवंबर 2025/ जल संचय एवं जन भागीदारी अभियान के तहत उत्कृष्ट कार्यों के लिए पूर्वी जोन में शामिल कैटेगरी 2 अंतर्गत महासमुंद जिले को मिला प्रथम स्थान प्राप्त हुआ है।  राष्ट्रपति श्रीमती द्रौपदी मुर्मू ने जिले को उत्कृष्ट कार्य के लिए एक करोड़ रूपए की राशि से सम्मानित किया है। महासमुंद कलेक्टर श्री विनय कुमार लंगेह ने इस पुरस्कार को ग्रहण किया। मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय ने महासमुंद जिले के इस उपलब्धि के लिए बधाई और शुभकामनाएं दी है। 

गौरतलब है कि जल संचय, जन भागीदारी (जेएसजेबी 1.0) के तहत पूर्वी जोन में शामिल कैटेगरी 2 अंतर्गत महासमुंद जिला को बेस्ट परफॉर्मिंग जिले के रूप में प्रथम स्थान प्राप्त होने पर सम्मानित किया है। विज्ञान भवन नई दिल्ली में आज आयोजित 6वाँ राष्ट्रीय जल पुरस्कार एवं जल संचय, जन भागीदारी अवार्ड समारोह में राष्ट्रपति श्रीमती द्रौपदी मुर्मू ने महासमुंद जिले में जल संचय, जन भागीदारी में हुए उल्लेखनीय कार्यों के लिए पुरस्कार दिया। जिससे जिले को एक करोड़ रूपये का प्रोत्साहन राशि प्राप्त हुआ। इस अवसर पर केन्द्रीय जल संसाधन मंत्री श्री सीआर पाटिल, केन्द्रीय जल संसाधन राज्य मंत्री श्री वी सोमन्ना एवं अन्य अतिथियों के अलावा वरिष्ठ अधिकारीगण उपस्थित थे। जिले की ओर से कलेक्टर श्री विनय कुमार लंगेह के साथ जल संसाधन विभाग के मुख्य कार्यपालन अभियंता श्री अजय खरे भी मौजूद थे। उल्लेखनीय है कि जिले में कुल 35,182 जल संरचनाओं का निर्माण के लिए यह उपलब्धि मिली है।

कलेक्टर श्री विनय कुमार लंगेह ने जिले को प्राप्त इस महत्वपूर्ण उपलब्धि पर प्रसन्नता व्यक्त करते हुए इस महत्वपूर्ण उपलब्धि का श्रेय संपूर्ण महासमुंद जिले वासियों को दिया है। कलेक्टर श्री विनय कुमार लंगेह ने कहा कि जिला प्रशासन के सभी अधिकारी-कर्मचारियों के अलावा सम्मानीय जनप्रतिनिधियों, गणमान्य नागरिकों एवं संपूर्ण जिले वासियों के अथक प्रयासों एवं सक्रिय सहभागिता के फलस्वरूप जल संचयन एवं जन भागीदारी अभियान में जिले को यह महत्वपूर्ण उपलब्धि हासिल हो सका है। इसके लिए उन्होंने जिले के सभी अधिकारी-कर्मचारियों के अलावा जिले के सभी जनप्रतिनिधियों, गणमान्य नागरिकों सहित पूरे जिले वासियों के प्रति आभार प्रकट किया है। श्री लंगेह ने जल संचय एवं जन भागीदारी अभियान में बेस्ट परफॉर्मिंग जिले के रूप में प्रथम स्थान प्राप्त होने पर महासमुंद जिले को भारत के राष्ट्रपति के कर कमलों से सम्मानित होने का गौरव प्राप्त होने पर संपूर्ण जिले वासियों को हार्दिक बधाई एवं शुभकामनाएं दी है।

और भी

हॉकी मेन्स जूनियर वर्ल्ड कप ट्रॉफी 2025 का मुख्यमंत्री और विधानसभा अध्यक्ष ने किया अनावरण,ट्रॉफी का आगमन युवा खिलाड़ियों के लिए प्रेरणादायी: मुख्यमंत्री 

रायपुर, 18 नवम्बर 2025/मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय और विधानसभा अध्यक्ष डॉ. रमन सिंह ने आज विधानसभा परिसर से प्रतिष्ठित एफआईएच जूनियर मेन्स हॉकी वर्ल्ड कप 2025 की ट्रॉफी का अनावरण किया। कार्यक्रम में केंद्रीय राज्य मंत्री श्री तोखन साहू, प्रदेश के कैबिनेट मंत्री श्री केदार कश्यप तथा उपमुख्यमंत्री अरुण साव भी मौजूद रहे। उल्लेखनीय है कि विश्व की प्रतिष्ठित एफआईएच जूनियर मेन्स हॉकी वर्ल्ड कप 2025 की चमचमाती ट्रॉफी पहली बार भारत टूर के तहत आज छत्तीसगढ़ पहुंची और विधानसभा परिसर में आयोजित गरिमामयी समारोह में इसका अनावरण किया गया। 

मुख्यमंत्री श्री साय ने इस अवसर पर कहा कि भारत में एफआईएच जूनियर वर्ल्ड कप 2025 का आयोजन होना अत्यंत गर्व की बात है और इस ट्रॉफी का छत्तीसगढ़ आगमन राज्य के लिए विशेष सम्मान का अवसर है। उन्होंने हॉकी इंडिया के प्रति आभार जताते हुए कहा कि ट्रॉफी टूर देशभर में खेलों के प्रति उत्साह एवं प्रेरणा को बढ़ावा देने का महत्वपूर्ण प्रयास है।

उन्होंने कहा कि केंद्रीय खेल मंत्री डॉ. मनसुख मंडाविया द्वारा इस अभियान का शुभारंभ देश में खेल भावना को नई ऊर्जा प्रदान करने वाला कदम है।

मुख्यमंत्री ने कहा कि छत्तीसगढ़ शुरू से ही हॉकी की उर्वर भूमि रहा है। राजनांदगांव, बस्तर, जशपुर, सरगुजा, रायपुर, बिलासपुर और कोरबा जैसे जिलों से बड़ी संख्या में बच्चे हॉकी खेल में अपना भविष्य संवार रहे हैं। ट्रॉफी का यहां आगमन राज्य के युवा खिलाड़ियों के लिए प्रेरणादायी होगा। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार खेल अधोसंरचना के विस्तार, प्रशिक्षण सुविधाओं के सुदृढ़ीकरण और उभरती प्रतिभाओं को प्रोत्साहन देने के लिए प्रतिबद्ध है। श्री साय ने कहा कि यह ट्रॉफी दुनिया के श्रेष्ठ खिलाड़ियों की मेहनत, अनुशासन और सपनों का प्रतीक है। मुख्यमंत्री ने इस अवसर पर हॉकी इंडिया, छत्तीसगढ़ ओलंपिक संघ और छत्तीसगढ़ हॉकी को बधाई और शुभकामनाएं भी दी।

इस मौके पर विधानसभा अध्यक्ष डॉ. रमन सिंह ने ट्रॉफी के भव्य अनावरण के लिए छत्तीसगढ़ ओलंपिक संघ और छत्तीसगढ़ हॉकी के पदाधिकारियों और खिलाड़ियों को शुभकामनाएँ दीं। इस अवसर पर छत्तीसगढ़ ओलंपिक संघ के महासचिव विक्रम सिसोदिया, संघ के अन्य पदाधिकारी, हॉकी संगठन के प्रतिनिधि तथा बड़ी संख्या में खिलाड़ी उपस्थित रहे।

*भारत पहली बार बनेगा जूनियर वर्ल्ड कप का मेजबान*

गौरतलब है कि एफआईएच हॉकी जूनियर मेन्स वर्ल्ड कप 2025 की मेजबानी भारत पहली बार कर रहा है। प्रतियोगिता 28 नवंबर से 10 दिसंबर तक चलेगी और तमिलनाडु के चेन्नई व मदुरै में आयोजित की जाएगी।

और भी