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जिला स्तरीय बैडमिंटन प्रतियोगिता का समापन  मुख्य अतिथि विधायक गोमती साय हुई शामिल,24 विजेता खिलाड़ियों को ट्रॉफी और नकद राशि से किया गया पुरस्कृत

कुनकुरी 24 नवम्बर 2025 :

छत्तीसगढ़ रजत महोत्सव के तहत् कुनकुरी में चल रहे जिला स्तरीय ओपन बैडमिंटन प्रतियोगिता में मुख्य अतिथि पत्थलगांव विधायक गोमती साय ने विभिन्न वर्गों के विजेताओं और उपविजेताओं को नकद पुरूस्कार, ट्रॉफी और सर्टिफिकेट प्रदान किया । 
 
कलेक्टर रोहित व्यास और जिला बैडमिंटन संघ के अध्यक्ष सीईओ अभिषेक कुमार के मार्गदर्शन में 22 से 23 नवंबर तक आयोजित इस प्रतियोगिता में जिले के 140 खिलाड़ियों ने हिस्सा लिया । दर्शकों को कई रोमांचक मुकाबले देखने को मिले। कांसाबेल के शाद अहमद ने अपने शानदार प्रदर्शन से दर्शकों को मोहित किया।
 
समापन समारोह में विधायक गोमती साय ने खिलाड़ियों को संबोधित करते हुए कहा कि जशपुर जिला हमेशा से ही न केवल खेलों में बल्कि शिक्षा और स्वास्थ्य जैसे क्षेत्रों में भी आगे रहा है । माननीय मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय के प्रयासों से जिले में बेहतर सुविधाओं के लिए अधोसंरचना का निर्माण कराया जा रहा है । इसी के अंतर्गत कुनकुरी में एकीकृत खेल परिसर का निर्माण होने वाला है । हमारे जिले के प्रतिभावान खिलाड़ियों को अब जिले के अंदर ही खेलों की बेहतर सुविधाए मिल सकेगी । राष्ट्रीय और अन्तर्राष्ट्रीय स्तर के खेल अब यहां भी होंगे । उन्होंने यह भी कहा कि हम सबको मिलकर जशपुर को यशस्वी जशपुर बनाना है । जिले के युवा खेलों में बहुत अच्छा प्रदर्शन कर रहे हैं ।  
 
इस अवसर पर आयोजन समिति के अध्यक्ष एसडीएम विश्वास राव मस्के ने विजेता खिलाड़ियों को शुभकामनाएं दी और कहा कि जिले में खेलों के प्रोत्साहन के लिए इस तरह की प्रतियोगताएं आयोजित कराई जा रही है । आगामी 12-16 दिसंबर को जशपुर में स्टेट लेबल बैडमिंटन प्रतियोगिता भी आयोजित कराई जाएगी । जिले में खेल संस्कृति को बढ़ावा देने के लिए जिला प्रशासन कृत संकल्पित है l युवाओ को लगातार इसी प्रकार विभिन्न खेलों की गतिविधियों आयोजित कर बच्चों को सकारात्मक गतिविधियों से जोड़ा जाएगा l उन्होंने आगे कहा कि बच्चों को खेल से जोड़ कर उनके मोबाइल के स्क्रीन टाइम को भी कम से कम करने का प्रयास किया जाएगा l 
 
इस अवसर पर वरिष्ठ समाजसेवी भरत सिंह, एसडीएम नंदजी पाण्डेय, एसडीओपी विनोद मंडावी, जिला बैडमिंटन संघ के सेक्रेटरी विनोद गुप्ता, कुनकुरी बैडमिंटन संघ के अध्यक्ष विनीत जिंदल भी उपस्थित रहे।

अंडर-19 बालक एकल वर्ग में विजेता आदित्य गुप्ता, उपविजेता विनय राणा, युगल वर्ग में विजेता आलीशान सिद्धिकी-राहुल झा, उपविजेता अनश रज़ा -आदित्य पाण्डेय रहे । अंडर-19 बालिका एकल वर्ग में विजेता श्रीमोयी दास, उपविजेता रांझी बंसल रहीं। सीनियर पुरुष एकल वर्ग में विजेता अमन चौरसिया , उपविजेता शाद अहमद , युगल वर्ग में विजेता कर्तव्य - शाद अहमद , उपविजेता प्रमोद यादव- कुशाग्र गुप्ता , वेटरन एकल वर्ग में विजेता डॉ अशोक लकड़ा , उपविजेता राजकुमार सिंह भदोरिया, युगल वर्ग में राजेंद्र गुप्ता-अशोक लकड़ा, उपविजेता सुधीर सिंन्हा- विनीत जिंदल रहे।‌ महिला युगल वर्ग में विजेता श्रीमोयी दास- प्रेशिला केरकेट्टा और उपविजेता  संघमित्रा दास-देवयानी सिया रही। विजेता खिलाड़ियों को 11000 रुपए और उपविजेताओं को 5100 रुपए प्रदान किया गया।
 
आयोजन समिति की ओर से सभी अतिथियों को स्मृति चिन्ह भेंट किया गया । मंच संचालन व्याख्याता सुधीर सिन्हा ने किया। समापन समारोह में कुनकुरी बैडमिंटन संघ के सेक्रेटरी महेश त्रिपाठी,यशस्वी जशपुर के अवनीश पाण्डेय, क्रीडा अधिकारी प्रदीप चौरसिया, सुजीत सिंह, सज्जन रवानि, दिवाकर यादव, अमन चैरसिया, कुशाग्र गुप्ता सहित  बड़ी संख्या अभिभावक व खिलाड़ी उपस्थित रहे ।

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सरकार का स्कूलों के शिक्षकों को आवारा कुत्तों की जानकारी संकलित कर जानकारी देने का अजीबोगरीब फरमान : शिक्षक फेडरेशन

रायपुर 24 नवम्बर 2025
शासकीय स्कूलों में शिक्षण व्यवस्था को सुदृढ़ करने के नाम पर राज्य सरकार ने शिक्षकों का युक्तियुक्तकरण किया था। लेकिन सरकार ने स्कूलों के शिक्षकों को आवारा कुत्तों की जानकारी संकलित कर ग्राम पंचायत, जनपद पंचायत तथा निगम को देने का अजीबोगरीब फरमान जारी किया है ! छत्तीसगढ़ प्रदेश शिक्षक फेडरेशन के प्रांताध्यक्ष राजेश चटर्जी ने सरकार से पूछा है कि क्या स्कूलों में बच्चों को विषय ज्ञान देना अत्यावश्यक सेवा नहीं है ? क्या आवारा कुत्तों की सूचना देने का कार्य,शिक्षकों से कराने का आदेश माननीय सुप्रीम कोर्ट ने दिया है ? 
    फेडरेशन का कहना है कि अधिकांश स्कूलों बाउंड्रीवाल नहीं है। यदि हैं तो जीर्णोद्धार की स्थिति में है। ऐसे में शाला प्रमुख/शिक्षक आवारा कुत्तों का शाला में प्रवेश के रोकथाम हेतु प्रबंध कैसे करेंगे ?आवारा कुत्तों से क्या शिक्षकों को खतरा नहीं है ? बाउंड्रीवाल नहीं होने से असामाजिक तत्वों का जमावड़ा देर रात स्कूलों में होता है।जिसके कारण शालेय वातावरण दूषित होता है,बच्चों पर बुरा प्रभाव पड़ता है!शाला प्रमुख/शिक्षक को इसके रोकथाम के लिये जिला प्रशासन एवं जनमानस से सहयोग नहीं मिलता है।अनेक शाला भवन जीर्ण-शीर्ण अवस्था में है। लेकिन शासन-प्रशासन को सूचना रहने के बावजूद प्रबंधन का अभाव है।लेकिन दुर्घटना होने पर शिक्षकों पर जिम्मेदारी तय किया जाता है।
      उन्होंने बताया कि अनेक शिक्षकों की ड्यूटी SIR में बतौर बी एल ओ (बूथ लेवल अफसर) में लगाया गया है। बड़े मुश्किल से दो-तीन महीने बोर्ड/अन्य परीक्षाओं के लिए बचे हैं। पदोन्नति के फलस्वरूप अनेक शाला विषय शिक्षक विहीन होने वाले हैं। भारत में पिछला जनगणना रिपोर्ट 2011 में तैयार किया गया था। अगली जनगणना 2021 में होनी थी, लेकिन COVID-19 महामारी के कारण इसे स्थगित कर दिया गया था। जोकि निकट भविष्य में संभावित है।फेडरेशन के कहना है कि विषय शिक्षक स्कूलों में अपना कार्य नहीं कर पा रहें हैं।लेकिन विभाग कमजोर परीक्षाफल के लिये संस्था प्रमुख/शिक्षकों के विरुद्ध कार्यवाही करता है। 
आखिर दोषी कौन है ?

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मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय ने हाउसिंग बोर्ड की 2060 करोड़ की लागत वाली आवासीय परियोजनाओं का किया शुभारंभ

रायपुर, 24 नवम्बर 2025/मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय ने आज रायपुर के शंकर नगर स्थित बीटीआई ग्राउण्ड में तीन दिवसीय राज्य स्तरीय आवास मेले में छत्तीसगढ़ हाउसिंग बोर्ड की 2060 करोड़ की आवासीय परियोजनाओं का शुभारंभ किया। यह 55 परियोजना राज्य के 26 जिलों में शुरू होंगी, जिनके माध्यम से 12 हजार से अधिक किफायती एवं गुणवत्तापूर्ण मकानों का निर्माण किया जाएगा। इस मौके पर मुख्यमंत्री ने हाउसिंग बोर्ड के एआई चैट बॉट और पोर्टल का भी शुभारंभ किया। इसके माध्यम से उपभोक्ताओं को हाउसिंग बोर्ड की आवासीय परियोजनाओं की जानकारी सहजता से मिल सकेगी।

इस अवसर पर विधानसभा अध्यक्ष डॉ. रमन सिंह, आवास एवं पर्यावरण मंत्री श्री ओपी चौधरी, राजस्व मंत्री श्री टंकराम वर्मा, विधायक श्री मोतीलाल साहू, विधायक श्री पुरंदर मिश्रा, विधायक श्री अनुज शर्मा, अध्यक्ष गृह निर्माण मंडल श्री अनुराग सिंहदेव, फिल्म विकास निगम की अध्यक्ष सुश्री मोना सेन, तेलघानी बोर्ड के अध्यक्ष श्री जतीन साहू सहित अन्य जनप्रतिनिधि एवं बड़ी संख्या में नागरिकगण उपस्थित थे।

मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय ने कहा कि वर्तमान में छत्तीसगढ़ हाउसिंग बोर्ड की टीम बहुत बेहतर है। राज्य के लोगों को किफायती और गुणवत्तापूर्ण मकान उपलब्ध कराने के लिए नवाचार के साथ आगे बढ़ रही है। छत्तीसगढ़ सरकार ने हाउसिंग बोर्ड के 790 करोड़ रूपए के कर्ज को अदा कर बोर्ड को कर्ज मुक्त कर दिया है ताकि बोर्ड बेहतर रणनीति के साथ काम करें। उन्होंने जरूरतमंदों एवं आवासहीनों को पक्का मकान दिए जाने के लिए प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी के नेतृत्व में छत्तीसगढ़ ही नहीं वरन पूरे देश में संचालित प्रधानमंत्री ग्रामीण आवास योजना का उल्लेख करते हुए कहा कि 2 वर्षों में छत्तीसगढ़ राज्य में इस योजना के तहत 26 लाख लोगों को आवासों की मंजूरी दी गई। सबका आवास बन रहा है। पीएम जनमन योजना के तहत विशेष पिछड़ी जनजातियों के लिए 32 हजार तथा बस्तर में आत्मसमर्पित नक्सलियों और नक्सल पीड़ित परिवारों के लिए 15 हजार आवास की मंजूरी दी गई है। 

मुख्यमंत्री ने इस मौके पर राज्य स्तरीय आवास मेले में आवास बुकिंग का प्रमाण पत्र, हाउसिंग बोर्ड के उपभोक्ताओं को आवास की चाबी तथा फ्री होल्ड मकान का प्रमाण पत्र प्रदान करते हुए उन्हें बधाई और शुभकामनाएं दी। 

विधानसभा अध्यक्ष डॉ. रमन सिंह ने छत्तीसगढ़ हाउसिंग बोर्ड के कार्यों की सराहना की और कहा कि बोर्ड की वर्तमान टीम, हाउसिंग के क्षेत्र में अच्छा काम कर रही है। उन्होंने कहा कि आवास मेले की सफलता का अंदाजा इस बात से लगाया जा सकता है कि जब से मेला शुरू हुआ है रोड पर जाम लग गया है और टैªफिक व्यवस्था संभल नहीं रही है। उन्होंने राज्य में जरूरतमंद परिवारों को आवास उपलब्ध कराने के लिए मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय के नेतृत्व में किए जा रहे प्रयासों की सराहना की और कहा कि इसके लिए उन्होंने बजट में 14 हजार करोड़ रूपए का प्रावधान किया। डॉ. सिंह ने कहा कि हाउसिंग बोर्ड की सभी परियोजनाओं को जिलों में अच्छा प्रतिसाद मिलेगा। 

आवास एवं पर्यावरण मंत्री श्री ओपी चौधरी ने हाउसिंग बोर्ड के काम-काज को बेहतर बनाने तथा उपभोक्ताओं को राहत देने के लिए मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय के नेतृत्व में लिए गए फैसलों के लिए आभार जताया। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय की विशेष पहल से छत्तीसगढ़ हाउसिंग बोर्ड 790 करोड़ रूपए के कर्ज से मुक्त हो चुका है। उन्होंने कहा कि साल भर के भीतर हाउसिंग बोर्ड ने 672 करोड़ का बिजनेस किया है। लैंड डायवर्सन एवं फ्री होल्ड की रियायत सरकार ने देकर हाउसिंग बोर्ड और उपभोक्ताओं को राहत दी है। श्री चौधरी ने कहा कि हाउसिंग बोर्ड उपभोक्ताओं की डिमांड के आधार पर आवासीय परियोजनाओं के निर्माण का काम शुरू करेगा। 

कार्यक्रम को हाउसिंग बोर्ड के अध्यक्ष श्री अनुराग सिंहदेव ने भी सम्बोधित किया। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय के नेतृत्व में हाउसिंग बोर्ड राज्य के सभी जिलों में मकान का निर्माण करेगा। हम अगले चरण में सभी विधानसभा क्षेत्रों में भी आवासीय परियोजनाएं लॉन्च करेंगे। 

गौरतलब है कि बीटीआई ग्राउंड में यह राज्य स्तरीय आवास मेला 25 नवम्बर तक चलेगा। मेले के पहले दिन सुबह से ही मेला ग्राउंड में हाउसिंग बोर्ड की आवासीय परियोजनाओं की जानकारी लेने और आवास बुक कराने के लिए लोगों का हुजुम उमड़ पड़ा था। शंकर नगर टर्निंग प्वाइंट से खम्हारडीह जाने वाली रोड पर जाम की स्थिति निर्मित हो गई थी।

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गोंड युवक-युवती परिचय सम्मेलन में मुख्यमंत्री हुए शामिल,गोंड समाज को 05 लाख रुपये प्रदान करने की घोषणा,

रायपुर, 23 नवम्बर 2025/ मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय आज राजधानी रायपुर के टिकरापारा स्थित गोंडवाना भवन में छत्तीसगढ़ गोंड समाज कल्याण समिति द्वारा आयोजित गोंड युवक-युवती परिचय सम्मेलन में शामिल हुए। मुख्यमंत्री का पारंपरिक जनजातीय रीति-रिवाजों के अनुसार स्वागत किया गया तथा उन्होंने भगवान बूढ़ादेव का पूजन कर विधि-विधान से कार्यक्रम का शुभारंभ किया। इस दौरान मुख्यमंत्री ने गोंड समाज को सामाजिक-सांस्कृतिक गतिविधियों के लिए 05 लाख रुपये की सहयोग राशि प्रदान करने की घोषणा की।

कार्यक्रम के दौरान मुख्यमंत्री श्री साय ने छत्तीसगढ़ आदिवासी स्थानीय स्वास्थ्य परंपरा एवं औषधीय पादप बोर्ड के अध्यक्ष श्री विकास मरकाम द्वारा लिखित दो महत्वपूर्ण पुस्तकों—“आदिवासी ऐतिहासिक निरंतरता से वर्तमान चुनौतियों तक” तथा “विरासत का सम्मान : वैश्विक दृष्टिकोण पर सवाल” का विमोचन किया।

मुख्यमंत्री ने अपने संबोधन में कहा कि गोंड समाज का इतिहास अत्यंत समृद्ध और गौरवशाली रहा है। उन्होंने कहा कि देश के प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी जनजातीय समाज के हितों के प्रति बेहद संवेदनशील हैं। देश के सर्वोच्च पद पर जनजातीय समाज की गौरवपूर्ण उपस्थिति इस सम्मान का प्रत्यक्ष प्रतीक है।

मुख्यमंत्री श्री साय ने कहा कि पीएम जनमन और प्रधानमंत्री धरती आबा ग्राम उत्कर्ष योजना के माध्यम से जनजातीय समुदाय के सर्वांगीण विकास के लिए व्यापक कार्य किए जा रहे हैं। विशेष पिछड़ी जनजातियों के उत्थान हेतु भी सरकार ने कई विशेष पहल प्रारंभ की हैं।

मुख्यमंत्री श्री साय ने कहा कि राज्य सरकार जनजातीय नायकों के गौरवशाली इतिहास को सम्मान देने के लिए प्रतिबद्ध है। उन्होंने उपस्थित लोगों से नया रायपुर में स्थापित जनजातीय संग्रहालय का भ्रमण करने का आग्रह किया। उन्होंने कहा कि जनजातीय वीरों ने सदैव अपनी माटी और संस्कृति की रक्षा की है, और इस गौरवमयी परंपरा की सुंदर झलक आपको संग्रहालय में देखने को मिलेगी। श्री साय ने कहा कि भगवान बिरसा मुंडा की जयंती पर मनाया जाने वाला जनजातीय गौरव दिवस आदिवासी समाज की विरासत को सम्मान देने का एक सशक्त माध्यम है। 

मुख्यमंत्री ने कहा कि ऐसे आयोजन समाज को आपस में जोड़ने का महत्वपूर्ण माध्यम हैं। इससे भावी पीढ़ी अपनी परंपराओं और सांस्कृतिक जड़ों से परिचित होती है। युवक-युवती परिचय सम्मेलन समुदाय के लोगों को एक-दूसरे को समझने, जानने और रिश्तों के निर्माण की प्रक्रिया को आगे बढ़ाने में अहम भूमिका निभाता है। उन्होंने सम्मेलन के सफल आयोजन के लिए आयोजकों को शुभकामनाएँ भी दीं।

इस अवसर पर आदिवासी स्थानीय स्वास्थ्य परंपरा एवं औषधीय पादप बोर्ड के अध्यक्ष श्री विकास मरकाम ने गोंड समाज के गौरवशाली इतिहास पर अपने विचार व्यक्त किए। उन्होंने कहा कि गोंड समाज का इतिहास समृद्ध परंपराओं और वीरता की गाथाओं से भरा हुआ है। उन्होंने बताया कि ऐतिहासिक कालखंडों में गोंड राजाओं ने शासन, प्रबंधन और सामाजिक संरचना को मजबूत बनाने में महत्वपूर्ण योगदान दिया है, जिनका उल्लेख विभिन्न ऐतिहासिक दस्तावेजों में मिलता है। श्री मरकाम ने कहा कि डबल-इंजन की सरकार में जनजातीय समुदाय के हितों, विकास और उत्थान को सर्वोच्च प्राथमिकता दी जा रही है। केंद्र और राज्य सरकार द्वारा संचालित योजनाओं का लाभ आज बड़े पैमाने पर जनजातीय समाज तक पहुँच रहा है। उन्होंने समाज को एकजुट होकर प्रगति की दिशा में आगे बढ़ने का आह्वान किया तथा गोंड समाज द्वारा संचालित विभिन्न गतिविधियों, सामुदायिक प्रयासों एवं नवाचारों की जानकारी देते हुए कहा कि सामूहिक प्रयास ही समाज को सशक्त बनाते हैं।

इस अवसर पर छत्तीसगढ़ गोंड समाज कल्याण समिति के अध्यक्ष श्री जग्गू सिंह, उपाध्यक्ष श्री किशोर ध्रुव, श्री सेवाराम ध्रुव, श्री हरि सिंह ठाकुर सहित समाज के अनेक सदस्य उपस्थित थे।

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सरदार पटेल की कर्मभूमि करमसद से स्टैच्यू ऑफ यूनिटी केवड़िया तक पदयात्रा में शामिल होंगे युवा,68 युवाओं के दल को हरी झंडी दिखाकर किया रवाना

रायपुर 23 नवम्बर 2025/ मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय ने  सरदार वल्लभभाई पटेल जी की 150वीं जयंती के अवसर पर आयोजित पदयात्रा में शामिल होने के लिए गुजरात जाने वाले राज्य के 68 युवाओं के दल को आज रायपुर स्थित छत्तीसगढ़ राज्य युवा आयोग कार्यालय से हरी झंडी दिखाकर रवाना किया। ये युवा सरदार पटेल की कर्मभूमि करमसद से केवड़िया तक आयोजित राष्ट्रीय पदयात्रा में हिस्सा लेंगे। 

मुख्यमंत्री श्री साय ने कहा कि सरदार वल्लभभाई पटेल ने देश की 562 रियासतों और ब्रिटिश शासन के अधीन क्षेत्रों को एकजुट कर अखंड भारत की नींव रखी। उनकी दृढ़ इच्छाशक्ति, अटल संकल्प और अथक परिश्रम ने भारत को एक सूत्र में पिरोया। 

मुख्यमंत्री श्री साय ने कहा कि विगत दिनों वे गुजरात के केवड़िया में आयोजित भारत पर्व में सम्मिलित हुए थे, जहाँ उन्होंने विश्व की सबसे ऊँची प्रतिमा—स्टैच्यू ऑफ यूनिटी—के दर्शन किए और भारत की सांस्कृतिक एकता की जीवंत झलक देखी। इस अवसर पर छत्तीसगढ़ की समृद्ध संस्कृति, विविधता और व्यंजनों का भी प्रदर्शन किया गया था।

मुख्यमंत्री श्री साय ने कहा कि 26 नवम्बर से 06 दिसम्बर तक आयोजित होने वाले यूनिटी मार्च में छत्तीसगढ़ के युवाओं के साथ देशभर के जनप्रतिनिधि भी शामिल होंगे, जो हम सभी के लिए गर्व की बात है।

उपमुख्यमंत्री श्री अरुण साव ने कहा कि भारत की सांस्कृतिक और भौगोलिक एकता के निर्माण में सरदार पटेल का योगदान अतुलनीय है। उन्होंने रियासतों के विलय का ऐतिहासिक कार्य किया जो भारत की एकता और अखंडता का आधार बना। उन्होंने चयनित युवाओं को राष्ट्रीय पदयात्रा के लिए शुभकामनाएँ एवं बधाई दी।

जगदलपुर विधायक श्री किरण सिंह देव ने युवाओं को संबोधित करते हुए उनके उज्ज्वल भविष्य की कामना की और पदयात्रा में शामिल होने के लिए उन्हें शुभकामनाएँ दीं।

इस अवसर पर रायपुर जिला पंचायत अध्यक्ष श्री नवीन अग्रवाल, पूर्व विधायक श्री नवीन मार्कण्डेय, श्री जी. वेंकट राव, श्री श्याम नारंग, श्री राहुल टिकरिया, खेल एवं युवा कल्याण विभाग के सचिव श्री यशवंत कुमार सहित बड़ी संख्या में युवा, अधिकारी एवं कर्मचारी उपस्थित थे।

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मुख्यमंत्री से भारतीय क्रिकेट टीम के बल्लेबाज़ रिंकू सिंह ने की सौजन्य मुलाकात,खेल सुविधाओं के विस्तार पर हुई सार्थक चर्चा

रायपुर 23 नवंबर 2025/ मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय से आज राजधानी रायपुर स्थित मुख्यमंत्री निवास कार्यालय में भारतीय क्रिकेट टीम के बल्लेबाज़ एवं अंतरराष्ट्रीय खिलाड़ी श्री रिंकू सिंह ने सौजन्य मुलाकात की। मुख्यमंत्री ने रिंकू सिंह का स्वागत शाल और नंदी के प्रतीक चिन्ह भेंट कर किया। इस अवसर पर विधायक श्री सुशांत शुक्ला भी उपस्थित थे।

मुख्यमंत्री श्री साय ने रिंकू सिंह को उनके उत्कृष्ट खेल प्रदर्शन और भारतीय क्रिकेट टीम में दिए जा रहे महत्वपूर्ण योगदान के लिए बधाई और शुभकामनाएँ दीं। मुलाकात के दौरान छत्तीसगढ़ की समृद्ध संस्कृति, परम्पराओं और राज्य में खेलों को नई दिशा देने के लिए किए जा रहे प्रयासों पर विस्तृत चर्चा हुई।

मुख्यमंत्री श्री साय ने रिंकू सिंह को बस्तर ओलंपिक की अवधारणा और उसके माध्यम से उभर रही स्थानीय प्रतिभाओं के बारे में अवगत कराया। उन्होंने कहा कि छत्तीसगढ़ के युवाओं में अपार संभावनाएँ हैं और राज्य सरकार खेलों को बढ़ावा देने के लिए निरंतर प्रयासरत है।

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लोक सेवा आयोग परीक्षा-2024 के सफल प्रतिभागियों को मुख्यमंत्री ने दी शुभकामनाएं 

रायपुर, 21 नवंबर 2025/मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय ने छत्तीसगढ़ लोक सेवा आयोग (PSC) परीक्षा-2024 में सफलता प्राप्त करने वाले सभी प्रतिभागियों को हार्दिक शुभकामनाएँ दी हैं। उन्होंने कहा कि यह उपलब्धि युवा शक्ति की कड़ी मेहनत, अनुशासन, निरंतर तैयारी और समर्पित प्रयासों का परिणाम है। मुख्यमंत्री ने सभी चयनित अभ्यर्थियों को प्रदेश की सेवा में एक नई शुरुआत के लिए बधाई देते हुए उनके उज्ज्वल भविष्य की कामना की।

मुख्यमंत्री श्री साय ने कहा कि छत्तीसगढ़ की युवा पीढ़ी ने हमेशा उत्कृष्टता, साहस और लगन का परिचय दिया है। इस परीक्षा में सफल हुए सभी प्रतिभागियों ने अपने धैर्य और लक्ष्य के प्रति प्रतिबद्धता  से यह सिद्ध किया है कि प्रदेश की नई पीढ़ी प्रशासनिक सेवाओं में एक सशक्त स्थान बनाने के लिए पूरी तरह तैयार है। उन्होंने कहा कि निरंतर मेहनत और दृढ़ निश्चय से प्राप्त यह सफलता न केवल व्यक्तिगत उपलब्धि है बल्कि पूरे प्रदेश के लिए गर्व का विषय है।

मुख्यमंत्री ने उम्मीद जताई कि ये नवचयनित अधिकारी सुशासन, पारदर्शिता और संवेदनशील प्रशासन की नई ऊँचाइयों को स्थापित करेंगे। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार प्रशासनिक व्यवस्था को जनोन्मुखी, जवाबदेह और प्रभावी बनाने के लिए निरंतर कार्य कर रही है, और इन नई नियुक्तियों से शासन-प्रशासन में नई ऊर्जा का संचार होगा। मुख्यमंत्री ने विश्वास व्यक्त किया कि  सभी युवा अधिकारी छत्तीसगढ़ के समग्र विकास, सामाजिक न्याय, गरीबी उन्मूलन, महिला-शिक्षा सशक्तिकरण और ग्रामीण उन्नति जैसे क्षेत्रों में उल्लेखनीय योगदान देंगे।

मुख्यमंत्री श्री साय ने यह भी कहा कि इन सफल प्रतिभागियों की उपलब्धि प्रदेश के लाखों युवाओं के लिए प्रेरणा का स्रोत बनेगी। उन्होंने कहा कि यह सफलता संदेश देती है कि दृढ़ इच्छाशक्ति, परिश्रम और अनुशासन के साथ कोई भी लक्ष्य असंभव नहीं है। उन्होंने युवाओं से आग्रह किया कि वे निरंतर सीखते रहें, स्वयं को बेहतर बनाते रहें और जनता की सेवा को सर्वोच्च प्राथमिकता बनाएं।

मुख्यमंत्री ने सभी सफल अभ्यर्थियों को उज्ज्वल, सुखद एवं सफल जीवन की मंगलकामनाएँ देते हुए कहा कि प्रदेश सरकार उनके साथ है और हर स्तर पर एक संवेदनशील, पारदर्शी और सक्षम प्रशासनिक व्यवस्था स्थापित करने में उनका सहयोग सुनिश्चित किया जाएगा।

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प्रदेशवासियों के सपनों को साकार करने के लिए राज्य सरकार पूरी प्रतिबद्धता के साथ कर रही है कार्य: मुख्यमंत्री श्री साय

रायपुर 21 नवंबर 2025// मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय आज राजधानी रायपुर में आयोजित “छत्तीसगढ़ 25 साल बेमिसाल” कार्यक्रम में शामिल हुए। इस अवसर पर उन्होंने राज्य की 25 वर्ष की स्वर्णिम विकास यात्रा पर विस्तार से चर्चा की और कहा कि छत्तीसगढ़ की प्रगति में प्रत्येक नागरिक की अहम भूमिका रही है। मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रदेशवासियों के सपनों को साकार करने के लिए राज्य सरकार पूरी प्रतिबद्धता के साथ कार्य कर रही है।

मुख्यमंत्री श्री साय ने कहा कि डबल इंजन की सरकार ने बस्तर सहित पूरे प्रदेश में विकास में बाधक नक्सलवाद के उन्मूलन के लिए निर्णायक कदम उठाए हैं। सुरक्षा कैंप स्थापित किए जाने से सुदूर और दुर्गम क्षेत्रों में भी विकास की पहुंच सुनिश्चित हुई है। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व और केंद्रीय गृहमंत्री श्री अमित शाह के मार्गदर्शन में किए जा रहे प्रयासों से नक्सलवाद अब समाप्ति की ओर है और बस्तर अपने मूल स्वरूप में भयमुक्त होकर प्रदेश के विकास में बेहतर भागीदारी देगा। श्री साय ने कहा कि बस्तर ओलम्पिक और बस्तर पंडुम जैसे आयोजनों के माध्यम से बस्तर की संस्कृति और प्रतिभा को दुनिया ने देखा है। बस्तर में शांति, समृद्धि और खुशहाली के नए युग का आरंभ हो चुका है।

मुख्यमंत्री ने कहा कि भ्रष्टाचार के प्रति हमारी सरकार की जीरो टॉलरेंस की नीति पूरी दृढ़ता से लागू है। पूर्व में जो अनियमितताएं और भ्रष्टाचार हुए, उस पर कड़ा प्रहार किया गया है, जिसका परिणाम भी सभी देख रहे हैं। उन्होंने कहा कि पूर्व मुख्यमंत्री डॉ. रमन सिंह के नेतृत्व वाली सरकार ने भूखमरी जैसे अभिशाप को दूर करने के लिए प्रभावी कदम उठाए थे, जिसके तहत गरीब परिवारों को अनाज उपलब्ध कराया गया। साथ ही, जरूरतमंद परिवारों को आज आवास उपलब्ध कराए जा रहे हैं। मुख्यमंत्री ने कहा कि पूर्व प्रधानमंत्री श्रद्धेय अटल बिहारी वाजपेयी जी के सुशासन के सपनों को साकार करने की दिशा में सरकार निरंतर कार्य कर रही है।

मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री मोदी की लगभग सभी गारंटियों को पूरा कर दिया गया है। तेंदूपत्ता संग्राहकों के लिए महत्वपूर्ण ‘चरण पादुका योजना’ को भी पुनः प्रारंभ किया गया है। 

मुख्यमंत्री ने नई उद्योग नीति के आकर्षक प्रावधानों का उल्लेख करते हुए कहा कि प्रदेश में निवेश लगातार बढ़ रहा है। अब तक राज्य सरकार को पौने आठ लाख करोड़ रुपए से अधिक के निवेश प्रस्ताव प्राप्त हो चुके हैं, जिससे आने वाले वर्षों में रोजगार और औद्योगिक विकास को नई गति मिलेगी।

कार्यक्रम में मुख्यमंत्री ने प्रदेश के विकास में योगदान देने वाले विभिन्न संस्थानों और व्यक्तियों को सम्मानित भी किया। इस अवसर पर उपमुख्यमंत्री श्री विजय शर्मा, मुख्यमंत्री के सलाहकार श्री पंकज झा, मुख्यमंत्री के प्रेस अधिकारी श्री अलोक सिंह सहित बड़ी संख्या में प्रबुद्धजन और गणमान्य नागरिक उपस्थित थे।

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चार श्रम संहिताओं के ऐतिहासिक क्रियान्वयन पर प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी जी और केंद्रीय श्रम एवं रोजगार मंत्री डॉ. मनसुख मांडविया जी के दूरदर्शी नेतृत्व पर मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय ने दी बधाई

रायपुर 21 नवंबर 2025// मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय ने आज देश में चार श्रम संहिताओं के ऐतिहासिक क्रियान्वयन पर प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी जी और केंद्रीय श्रम एवं रोजगार मंत्री डॉ. मनसुख मांडविया जी के दूरदर्शी नेतृत्व की सराहना की है। 

मुख्यमंत्री श्री साय ने कहा कि श्रम सुधारों का यह महत्वपूर्ण निर्णय देश के 40 करोड़ से अधिक श्रमिकों के अधिकार, सुरक्षा, सामाजिक सम्मान और आर्थिक सशक्तिकरण की एक अभूतपूर्व गारंटी है।

मुख्यमंत्री श्री साय ने कहा कि आज का दिन भारत के श्रम क्षेत्र के इतिहास में एक मील का पत्थर है। चारों श्रम संहिताओं के लागू होने से न्यूनतम वेतन का अधिकार, महिलाओं को समान वेतन का प्रावधान, फिक्स्ड टर्म कर्मचारियों को ग्रेच्युटी, प्रत्येक श्रमिक के लिए सामाजिक सुरक्षा, मुफ्त स्वास्थ्य जांच की सुविधा और ओवरटाइम पर डबल वेतन जैसी व्यवस्थाएँ पूरे देश में सुनिश्चित होंगी। उन्होंने कहा कि इन प्रावधानों से न केवल श्रमिक वर्ग को लाभ मिलेगा, बल्कि औद्योगिक वातावरण अधिक पारदर्शी, संतुलित और श्रमिक-हितैषी होगा।

मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी जी ने जिस समावेशी और आत्मनिर्भर भारत का संकल्प लिया है, श्रम संहिताओं का लागू होना उस दिशा में एक बड़ा परिवर्तनकारी कदम है। उन्होंने कहा कि भारत की कार्यशील जनसंख्या राष्ट्र की उत्पादन शक्ति और आर्थिक समृद्धि की आधारशिला है, और उनके अधिकारों का संरक्षण किसी भी सशक्त राष्ट्र की प्राथमिकता है। यह संहिताएँ देश की श्रम शक्ति को अधिक सुरक्षित, सम्मानजनक और सशक्त वातावरण प्रदान करेंगी।

मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय ने  कहा कि श्रमिकों के अधिकारों की रक्षा, उनके कल्याण और सामाजिक सुरक्षा को सर्वोच्च प्राथमिकता देने वाले इस निर्णय के लिए वह प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी जी और केंद्रीय मंत्री डॉ. मनसुख मांडविया जी के प्रति आभार प्रकट करते हैं। उन्होंने कहा कि यह सुधार नई अर्थव्यवस्था, बेहतर औद्योगिक संबंधों और मजबूत श्रम बाजार का आधार साबित होगा।

मुख्यमंत्री ने विश्वास व्यक्त किया कि इन श्रम संहिताओं के प्रभावी क्रियान्वयन से देशभर में रोजगार, उत्पादन, निवेश और औद्योगिक विकास की गति और अधिक मजबूत होगी, जिससे भारत की वैश्विक प्रतिस्पर्धात्मक क्षमता भी बढ़ेगी।

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रायगढ़ : प्रभारी सचिव ने ली जिला स्तरीय अधिकारियों की समीक्षा बैठक,शासन की जनकल्याणकारी योजनाओं सहित जल जीवन मिशन का प्रभावी क्रियान्वयन सुनिश्चित करने के दिए निर्देश

रायगढ़, 21 नवम्बर 2025/ रायगढ़ जिले के प्रभारी सचिव एवं वाणिज्य, उद्योग तथा सार्वजनिक उपक्रम विभाग, रेल परियोजनाएं एवं सामान्य प्रशासन विभाग के सचिव श्री रजत कुमार आज शुक्रवार को जिला कलेक्टोरेट सभाकक्ष में समीक्षा बैठक लेकर दस विभागों की गहन समीक्षा एवं योजनाओं, कार्यक्रमों में प्रगति लाने ने निर्देश दिए। प्रभारी सचिव श्री रजत कुमार आज रायगढ़ जिले के एक दिवसीय प्रवास पर थे।  
            प्रभारी सचिव श्री रजत कुमार ने समीक्षा बैठक में दिए गए निर्देशों का संबंधित अधिकारी अक्षरशः पालन करने के निर्देश दिए। आगामी समीक्षा बैठक तक प्रगति होनी चाहिए। प्रभारी सचिव ने कहा कि कृषि विभाग द्वारा प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि योजना पात्र हितग्राहियों को योजनाओं का लाभ अनिवार्य रूप से मिले और कोई भी वंचित न रहे।
            प्रभारी सचिव ने कहा कि शासन की प्रत्येक योजना आमजन के जीवन स्तर को बेहतर बनाने के उद्देश्य से संचालित है, इसलिए विभागीय समन्वय एवं समयबद्ध क्रियान्वयन अत्यंत आवश्यक है। बैठक में उन्होंने कृषि विभाग अंतर्गत धान के बदले अन्य फसलों को प्रोत्साहन, प्रधानमंत्री कृषक उन्नति योजना, राष्ट्रीय खाद्य तेल मिशन के तहत तिलहन क्षेत्र विस्तार, प्रधानमंत्री आशा योजना, पीएम सूर्यघर मुफ्त बिजली योजना की प्रगति सहित प्रमुख कार्यक्रमों की समीक्षा की। उन्होंने शिक्षा विभाग के अंतर्गत अपार आईडी, छात्रों के आधार कार्ड निर्माण, शिक्षकों की उपस्थिति, परीक्षा परिणाम सुधार पर बल दिया। खाद्य विभाग के अंतर्गत उज्ज्वला 3.0 योजना में गैस कनेक्शन वितरण की स्थिति की समीक्षा करते हुए मिले लक्ष्य को पूरा करने के निर्देश दिए। राजस्व विभाग के लंबित प्रकरणों का शीघ्र निराकरण तथा लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी विभाग के अंतर्गत स्वच्छ पेयजल उपलब्धता की प्रगति की विस्तृत जानकारी ली। उन्होंने जल जीवन मिशन का प्रभावी क्रियान्वयन सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। 
            कलेक्टर श्री मयंक चतुर्वेदी ने लोक सेवा गारंटी के अंतर्गत सेवाओं की स्थिति की जानकारी देते हुए बताया कि दूरस्थ ग्रामों एवं अशक्त नागरिकों को घर पहुँच सेवा उपलब्ध कराई जा रही है। स्कूली बच्चों के जाति एवं निवास प्रमाण पत्र बनाए जा रहे हैं। प्रधानमंत्री आवास योजना में जिले में उत्कृष्ट कार्य हुआ है तथा लक्ष्य पूर्ति के लिए कार्य तीव्र गति से जारी है। प्रभारी सचिव ने लंबित प्रकरणों और प्रथम किस्त भुगतान को शीघ्र पूरा करने निर्देश दिए। इसके साथ ही जिले में चल रहे अधोसंरचना विकास के कार्य की जानकारी ली। उन्होंने निर्माण एजेंसियों को अगले चार महीने में कार्य प्रगति लाने के निर्देश दिए। शासन की महत्वाकांक्षी धान खरीदी पर विशेष ध्यान देने के लिए कहा।
           बैठक में महिला एवं बाल विकास विभाग की योजनाओं सहित रेडी-टू-ईट उत्पादन, महतारी वंदन योजना के ई-केवाईसी, पोषण सुधार, स्वास्थ्य विभाग में एएनसी पंजीयन, दवा उपलब्धता, आयुष्मान एवं वय वंदना कार्ड, सिकल सेल स्क्रीनिंग एवं दूरस्थ अंचलों में टेलीमेडिसिन सेवा की प्रगति की समीक्षा की। उन्होंने दूरस्थ स्वास्थ्य केन्द्रों में दवा उपलब्ध कराने में विलंब पर नाराजगी व्यक्त की और तत्काल सुधार करने के निर्देश दिए। पुलिस अधीक्षक श्री दिव्यांग पटेल ने जिले की सुरक्षा व्यवस्था के संबंध में जानकारी दी। इस अवसर पर वनमंडलाधिकारी श्री अरविंद पीएम, जिला पंचायत सीईओ श्री अभिजीत बबन पठारे, डीएफओ धरमजयगढ़ श्री जितेन्द्र उपाध्याय, नगर निगम आयुक्त श्री बृजेश सिंह क्षत्रिय, अपर कलेक्टर श्री रवि राही, डॉ. प्रियंका वर्मा, संयुक्त कलेक्टर श्री राकेश गोलछा, डिप्टी कलेक्टर श्री धनराज मरकाम, सभी एसडीएम एवं जिला स्तरीय अधिकारी उपस्थित थे।

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रायगढ़ : घरघोड़ा सामुदायिक स्वास्थ्य केन्द्र का प्रभारी सचिव ने किया निरीक्षण,बेहतर स्वास्थ्य सुविधाओं के लिए दिए आवश्यक निर्देश

रायगढ़, 21 नवम्बर 2025/ मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय की मंशानुसार प्रदेश में नागरिकों को बेहतर एवं सुलभ स्वास्थ्य सेवाएं उपलब्ध कराने राज्य सरकार निरंतर प्रयासरत है। इसी क्रम में जिले के प्रभारी सचिव, वाणिज्य एवं उद्योग तथा सार्वजनिक उपक्रम विभाग, रेल परियोजनाएं एवं सामान्य प्रशासन विभाग के सचिव श्री रजत कुमार ने आज जिले के सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र घरघोड़ा का निरीक्षण किया। उन्होंने अस्पताल में प्रदान की जा रही चिकित्सा सेवाओं, उपलब्ध संसाधनों एवं उपचार प्रक्रियाओं का विस्तृत मूल्यांकन किया तथा स्वास्थ्य केंद्र को उत्कृष्ट एवं मॉडल अस्पताल के रूप में विकसित करने के निर्देश दिए। निरीक्षण के दौरान कलेक्टर श्री मयंक चतुर्वेदी भी साथ रहे।
           प्रभारी सचिव ने अस्पताल के पैथोलॉजी लैब, विभिन्न टेस्टिंग व्यवस्थाओं, एएनसी जांच, टीबी एवं सिकल सेल स्क्रीनिंग, ओपीडी सेवाएं, लेबर रूम, दवाइयों की उपलब्धता, बेड की स्थिति, ड्यूटी चार्ट, पोर्टल में दवा एंट्री, स्टोर रूम प्रबंधन, एंबुलेंस संचालन, पुरुष एवं महिला वार्ड, नर्सिंग स्टेशन तथा इमरजेंसी यूनिट का निरीक्षण किया। उन्होंने डायबिटीज, हाइपरटेंशन, ब्लड सैंपल परीक्षण सहित सभी महत्वपूर्ण जांच सेवाओं को समयबद्ध, गुणवत्तापूर्ण एवं व्यवस्थित बनाए रखने पर विशेष जोर दिया।
            प्रभारी सचिव ने कहा कि सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र घरघोड़ा को उत्कृष्ट मॉडल अस्पताल के रूप में विकसित किया जाए। अस्पताल में 24 घंटे स्वास्थ्य सुविधा, एंबुलेंस सेवा, स्वच्छता और भोजन की व्यवस्था पूर्णतः मानक के अनुरूप सुनिश्चित हो। उन्होंने टेलीमेडिसिन सुविधा को आम जनता तक अधिकतम लाभ पहुंचाने, जनरेटर बैकअप एवं इमरजेंसी यूनिट को पूरी तरह फंक्शनल रखने तथा सेवाओं में तकनीकी सुधार के लिए आवश्यक कदम उठाने के निर्देश दिए। उन्होंने एसडीएम घरघोड़ा एवं संबंधित अधिकारियों को निर्देशित किया कि नियमित समीक्षा बैठकें आयोजित करें, विशेषज्ञ चिकित्सकों की उपलब्धता सुनिश्चित करें और अस्पताल में उपलब्ध सभी संसाधनों का अधिकतम प्रभावी उपयोग हो। निरीक्षण के दौरान अपर कलेक्टर श्री अपूर्व प्रियेश टोप्पो, एसडीएम घरघोड़ा श्री दुर्गा प्रसाद अधिकारी, मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. अनिल कुमार जगत, डीपीएम, बीएमओ सहित स्वास्थ्य विभाग की टीम उपस्थित रही।

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प्रधानमंत्री धन-धान्य कृषि योजना के सेंट्रल नोडल अधिकारी श्री पी. अंबलगन की अध्यक्षता में समीक्षा बैठक आयोजित

जशपुरनगर, 21 नवम्बर 2025/ प्रधानमंत्री धन-धान्य कृषि योजना के सेंट्रल नोडल अधिकारी श्री पी. अंबलगन की अध्यक्षता में आज कलेक्टोरेट सभागार में योजना के क्रियान्वयन संबंधी समीक्षा बैठक आयोजित की गई। बैठक में उन्होंने संबंधित विभागों से प्रगति की जानकारी प्राप्त कर आवश्यक दिशा-निर्देश दिए। इस अवसर पर कलेक्टर श्री रोहित व्यास एवं जिला पंचायत के मुख्य कार्यपालन अधिकारी श्री अभिषेक कुमार उपस्थित थे। श्री अंबलगन ने इंटीग्रेटेड फार्मिंग पर विशेष जोर देते हुए कहा कि फसल उत्पादन के साथ पशुपालन, मत्स्य पालन, मुर्गी एवं बकरी पालन तथा वानिकी जैसे घटकों को अपनाकर किसानों की आय में वृद्धि की जा सकती है। उन्होंने अधिकारियों को किसानों को इन बहुविध कृषि गतिविधियों के प्रति प्रशिक्षित करने के निर्देश दिए।
      उन्होंने उद्यानिकी फसलों का दायरा बढ़ाने, किसानों को इसके लाभों से अवगत कराने तथा सौर सुजला योजना सहित अन्य योजनाओं से उद्यानिकी उत्पादकों को लाभान्वित करने पर विशेष बल दिया। श्री पी. अंबलगन ने किसानों को कृषि यंत्रों के उपयोग एवं इन पर मिलने वाली सब्सिडी की जानकारी देने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि मशीनों के उपयोग से लागत कम होती है तथा उत्पादकता में वृद्धि होती है। साथ ही खेती-किसानी में नवाचारों, विशेषकर ड्रोन तकनीक के प्रशिक्षण को प्रोत्साहित करने को कहा। उन्होंने किसान क्रेडिट कार्ड के माध्यम से किसानों को ऋण प्राप्त कराने हेतु गांव-गांव अभियान चलाने के निर्देश दिए, ताकि अधिक से अधिक कृषक इससे लाभान्वित हो सकें।
साथ ही सभी अधिकारियों को किसानों की समस्याओं को नजदीक से समझने एवं उनका त्वरित समाधान करने के निर्देश भी दिए। उन्होंने कहा कि एक व्यापक कार्ययोजना बनाकर किसानों में उद्यमिता कौशल विकसित किया जाए, जिससे वे कृषि को एक लाभप्रद व्यवसाय के रूप में आगे बढ़ा सकें।
       बैठक में उन्होंने उन्नत किस्म के बीजों में उपयोग के बारे में किसानों को जानकारी देने करने को कहा, ताकि कम संसाधन के उपयोग के बावजूद फसल के उत्पादन में वृद्धि हो। साथ ही  मृदा स्वास्थ्य कार्ड के बनाने किसानों को जागरूक करने को कहा ताकि किसान अपने खेत की मिट्टी की स्थिति के बारे में  विवेकपूर्ण तरीके से उर्वरकों का उपयोग कर सके। उन्होंने उद्यानिकी फसलों के उत्पादन हेतु पॉली हाउस के निर्माण में मिलने वाली सब्सिडी और इससे माध्यम से उत्पादन में वृद्धि एवं होने वाले लाभों के बारे में किसानों में जागरूकता प्रसार करने के निर्देश दिए।  श्री अंबलगन ने प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना के माध्यम से सभी किसानों को जोड़ने को कहा, ताकि किसी आपदा में नुकशान की स्थिति में भरपाई हो सके। उन्होंने कृषि उत्पाद हेतु स्टोरेज हाउस बनाने हेतु मिलने वाली सब्सिडी के बारे में जागरूक करने को और इच्छुक व्यक्ति को इसका लाभ दिलानें की बात कही।  
    बैठक में कलेक्टर श्री रोहित व्यास और जिला पंचायत सीईओ श्री  अभिषेक कुमार ने कृषि के क्षेत्र में किए जा रहे नवाचारों और कृषकों की आमदनी बढ़ाने हेतु किए जा रहे उपायों की जानकारी दी। उन्होंने एर्गी-हार्टी एक्सपों एवं क्रेता-विक्रेता सम्मेलन, कटहल मेला, बाला नदी, बांध और नहरों का पुनर्जीवन कर सिंचाई क्षेत्र का विस्तार, जी.कॉम के माध्यम से मार्केट लिंकेज, प्रगतिशील कृषकों का वाट्सअप ग्रुप, किसान कॉल सेंटर एग्रीबीड की स्थापना, फसल निगरानी डिवाइस की स्थापना सहित अन्य नवाचारों के बारे ने बताया और इससे कृषकों को हो रहे लाभों की जानकारी दी। श्री अंबलगन ने जिला प्रशासन की इन कार्यों की सराहना की।
     उल्लेखनीय है कि प्रधानमंत्री धन-धान्य कृृषि योजना के तहत खेती-किसानी में पिछड़े देश के 100 जिलों के लिए विशेष कार्ययोजना बनाया गया है। इसका उद्देश्य इन कृषि जिलो को आत्मनिर्भर और समृद्धि बनाना है। इस योजना में छत्तीसगढ़ में जशपुर, दंतेवाड़ा और कोरबा को शामिल किया गया है। बैठक में संबंधित विभागों के अधिकारी मौजूद थे।

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सीजीपीएससी 2024 में अनुसूचित जनजाति वर्ग में चंचल ने किया टॉप,जिले और विद्यालय का नाम की रोशन

जशपुरनगर 21 नवम्बर 2025/ एकलव्य विद्यालय सन्ना में वर्ष 2018-19 में कक्षा दसवीं और बारहवीं में प्रथम श्रेणी उत्तीर्ण स्कूल में टॉपर रही चंचल पैंकरा ने सीजीपीएससी-2024 में अनुसूचित जनजाति वर्ग में भी टॉप कर विद्यालय और जिले का नाम रोशन की है। इससे इस सफलता के लिए मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय ने अपनी बधाई और शुभकामनाएं दी हैं।


जिला प्रशासन से कलेक्टर श्री रोहित व्यास, आदिम जाति कल्याण विभाग के सहायक आयुक्त सहित विद्यालय के प्राचार्य और सभी शिक्षकों ने बधाई दिए हैं।
        सीजीपीएससी-2024 में चंचल पैकरा ने ओवर आल में 204 रैंक प्राप्त की है। इसके पहले एक बार पीएससी प्री की परीक्षा दी थी। सफल नहीं होने पर कोचिंग की और प्री के बाद मेन्स निकाला। सीजीपीएससी 2024 के परिणाम में एसटी वर्ग में उन्होंने पहला स्थान हासिल किया है। इससे पहले वह बीई सिविल हैं।

*पिता ने बेटी की सपना पूरा करने बेची अपनी जमीन*
          सीतापुर के काराबेल निवासी चंचल पैकरा के पिता श्री रघुवर पैकरा एवं माता श्रीमती कुंतिला पैकरा किसान हैं। वे किसानी के साथ-साथ अतिरिक्त आय के लिए सब्जी बेचते हैं। चंचल पैकरा की प्राथमिक शिक्षा काराबेल के शासकीय प्राथमिक शाला सम्पन्न हुई। इसके बाद उनका चयन एकलव्य विद्यालय सन्ना में हुआ। जहॉ उन्होंने दसवीं और बारहवीं की परीक्षा प्रथम श्रेणी में उत्तीर्ण की और स्कूल में टॉपर रहीं। 
       जगदलपुर इंजीनियरिंग कॉलेज से चंलल ने सिविल में 2021-22 में बीई किया। उसके बाद वे पीएससी की तैयारी में जुट गई। पहली बार सीजी पीएससी की प्री परीक्षा दी तो सफलता नहीं मिली। बेटी के प्रयास को देखते हुए उनके पिता श्री रघुवर पैकरा ने उसे कोचिंग के लिए बिलासपुर भेजा। चंचल ने सीजीपीएस 2024 की परीक्षा में प्री के साथ मेन्स क्लियर किया और इंटरव्यू तक पहली बार पहुंचीं। पीएससी द्वारा घोषित परिणाम में चंचल पैकरा को ओवर ऑल 204 रैंक मिला है। अनुसूचित जनजाति वर्ग की कैटेगरी में चंचल ने टॉप किया है।

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भारत सरकार के संयुक्त सचिव श्री पी. अंबलगन ने प्रधानमंत्री धन-धान्य कृषि योजना के तहत रामतिल फसल का किया निरीक्षण

जशपुरनगर 21 नवम्बर 2025/ कृषि एवं कृषक कल्याण विभाग भारत सरकार के संयुक्त सचिव एवं प्रधानमंत्री धन - धान्य कृषि योजना के सेंट्रल नोडल अधिकारी श्री पी. अंबलगन आज जिले के प्रवास पर रहे। उन्होंने ग्राम घाघरा में प्रधानमंत्री धन- धान्य कृषि योजना के अंतर्गत रामतिल बीज उत्पादन क्षेत्र का निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान कलेक्टर श्री रोहित व्यास, जिला पंचायत सीईओ श्री अभिषेक कुमार, उप संचालक कृषि एवं सहायक संचालक उद्यानिकी उपस्थित रहे। अधिकारियों ने कृषक श्री सतीश एक्का के खेत में प्रधानमंत्री धन-धान्य कृषि योजना के तहत तैयार रामतिल फसल की प्रगति व तकनीकी नवाचार का साझा मूल्यांकन किया।

*रामतिल के उन्नत किस्म के बारे में दी जानकारी* -

निरीक्षण के दौरान नोडल अधिकारी श्री पी. अंबलगन ने किसानों को प्रधानमंत्री धन-धान्य कृषि योजना की विस्तृत जानकारी देते हुए बताया कि इस योजना का मुख्य उद्देश्य किसानों की आय दोगुनी करने के साथ-साथ उन्हें वैज्ञानिक कृषि तकनीक, गुणवत्ता युक्त बीज, एग्रीस्टेक के माध्यम से डिजिटल सहयोग और सस्ती वित्तीय सुविधा उपलब्ध कराना है। उन्होंने कृषकों को बताया कि इस योजना के अंतर्गत देसी रामतिल ब्रीडर सीड उत्कल-150 के  उत्पादन के लिए प्रोत्साहित किया जा रहा है। जिसमें रोग प्रतिरोधक क्षमता अधिक होने के साथ उपज भी पारंपरिक बीजों की तुलना में 30-35% अधिक मिलती है। संयुक्त सचिव श्री अंबलगन ने बताया कि प्रधानमंत्री धन- धान्य कृषि योजना किसानों को डिजिटल खेती, सिंचाई प्रबंधन, बीज प्रमाणन, कोल्ड चेन सुविधा, भण्डारण एवं विपणन की वैज्ञानिक जानकारी उपलब्ध कराती है। योजना में किसान क्रेडिट कार्ड (केसीसी), एग्रीस्टेक प्लेटफॉर्म और मोबाइल आधारित एग्री एप्प के माध्यम से तकनीकी मार्गदर्शन एवं फसल सुरक्षा सलाह वास्तविक समय पर उपलब्ध कराई जा रही है। निरीक्षण के दौरान कलेक्टर श्री रोहित व्यास ने किसानों को योजनाओं का लाभ उठाकर उन्नत तकनीकों के माध्यम से अधिक उत्पादन लेने हेतु प्रेरित किया। कार्यक्रम में एसएडीओ मनोरा, आरएईओ घाघरा, आरएईओ सोनक्यारी सहित अन्य कृषि पदाधिकारी एवं स्थानीय कृषक उपस्थित रहे।

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निफ्टम पहल से गांवों में बढ़ी प्रोसेसिंग की ताकत,महुआ सेंटर ऑफ एक्सीलेंस में समूह की महिलाओं को मिली ट्रेनिंग

जशपुरनगर 21 नवम्बर 2025/*ल जशपुर जिले में फूड प्रोसेसिंग और वैल्यू एडिशन को स्व सहायता समूह मेंबर्स, किसानों, एकेडेमिया और सरकारी एजेंसियों के संयुक्त प्रयासों से नई रफ़्तार मिली है। ज़मीनी स्तर पर चल रही इन कोशिशों ने यह स्पष्ट कर दिया है कि यदि सही ट्रेनिंग, टेक्नोलॉजी और मार्केट लिंकज उपलब्ध हो, तो स्थानीय स्तर पर बने उत्पाद भी बड़े बाज़ारों तक पहुँच सकते हैं। सभी स्टेकहोल्डर्स ने इन प्रयासों को और आगे बढ़ाने की आवश्यकता पर बल दिया, ताकि जशपुर के उत्पाद व्यापक उपभोक्ता आधार तक पहुँच सकें।
           खेती और बागवानी की वैल्यू चेन को मज़बूत करने और ग्रामीण आय बढ़ाने की दिशा में एक अहम कदम के रूप में निफ्टम कुंडली (हरियाणा) का ग्राम अंगीकारम कार्यक्रम 19 से 27 नवंबर 2025 तक जशपुर जिले के नौ दिवसीय दौरे पर है। इस दौरान निफ्टम टीम ने जिले के कलेक्टर श्री रोहित व्यास और जिला पंचायत के सीईओ श्री अभिषेक कुमार से मुलाकात कर योजना की गई गतिविधियों की रूपरेखा साझा की।
         यह प्रशिक्षण कार्यक्रम महुआ सेंटर ऑफ एक्सीलेंस में आयोजित किया जा रहा है, जिसे जिला प्रशासन जशपुर का समर्थन प्राप्त है और जिसका संचालन जय जंगल फार्मर्स प्रोड्यूसर कंपनी लिमिटेड द्वारा किया जा रहा है। यह केंद्र पहले से ही महुआ, मिलेट्स और वनोपज आधारित नवाचारों का एक मजबूत हब बनकर उभर रहा है।
         कार्यक्रम के अंतर्गत स्व सहायता समूह, एसपीओएस और पोस्टग्रेजुएट विद्यार्थियों के लिए मोटे अनाज और स्थानीय कच्चे माल पर आधारित वैल्यू-एडेड उत्पादों पर हैंड्स-ऑन ट्रेनिंग सेशन शुरू किए गए हैं। कार्यक्रम के तीसरे दिन, कांसाबेल, कुनकुरी और पत्थलगांव क्षेत्रों की समूह की 20 महिलाएं और एफपीओएस के 5 पुरुषों ने सक्रिय रूप से व्यावहारिक प्रशिक्षण में हिस्सा लिया।
           ट्रेनिंग के दौरान प्रतिभागियों को सूजी से बना पास्ता, बाजरा कपकेक और डोनट्स बनाने का व्यावहारिक प्रशिक्षण दिया गया। साथ ही उन्हें पैकेजिंग, लेबलिंग, रेगुलेटरी कंप्लायंस, सेंसरी इवैल्यूएशन, कॉस्टिंग और मार्केटिंग स्ट्रैटेजी जैसे महत्वपूर्ण विषयों पर भी विस्तार से जानकारी दी गई, ताकि वे अपने उत्पादों को व्यावसायिक रूप में विकसित कर सकें।
           सूजी पास्ता की ट्रेनिंग विशेष रूप से जय जंगल एफपीसी की समूह की सदस्यों द्वारा कराई गई, जिसमें गणपति और प्रभा प्रशिक्षण का नेतृत्व कर रही थीं। समूह की सदस्यों ने बताया कि यही सूजी आधारित पास्ता अब जशपप्योर पास्ता के नाम से जशपुर के लोकल रिटेल शॉप्स में अच्छी मात्रा में बिक रहा है और अपनी एक अलग पहचान भी बना रहा है। यह पास्ता आमतौर पर मिलने वाले मैदा-आधारित पास्ता की तुलना में एक अधिक हेल्दी और पौष्टिक विकल्प है। यह उदाहरण दर्शाता है कि जशपुर में दी जा रही ट्रेनिंग अब वास्तविक बाज़ार और आय के स्रोत में बदल रही है।
           इसी प्रकार बाजरा कपकेक और डोनट्स की विशेष ट्रेनिंग निफ्टम कुंडली की तकनीकी टीम द्वारा कराई गई, जिसमें महिला एसएचजी सदस्यों और एसपीओ से जुड़े युवाओं को मिलेट-बेस्ड बेक्ड प्रोडक्ट्स की वैज्ञानिक विधि, इंग्रेडिएंट बैलेंस, टेक्सचर डेवलपमेंट और शेल्फ-लाइफ स्टेबिलिटी का गहन व्यावहारिक प्रशिक्षण दिया गया। प्रशिक्षण के दौरान तैयार किए गए बाजरा कपकेक और डोनट्स की लागत गणना, पैकेजिंग फॉर्मेट और उपभोक्ता अपील पर भी चर्चा की गई। निफ्टम टीम के अनुसार इस प्रकार के मिलेट-आधारित उत्पाद वर्तमान में तेजी से लोकप्रिय हो रहे हैं और भविष्य में एसएचजी सदस्यों के लिए एक नया, स्थायी आजीविका स्रोत बन सकते हैं।
           पुरुषों और महिलाओं दोनों की सक्रिय भागीदारी यह दर्शाती है कि जिले में फूड इनोवेशन और एंटरप्रेन्योरशिप को लेकर एक सकारात्मक और उत्साहजनक माहौल बन रहा है। आयोजकों ने विश्वास जताया कि ऐसी पहलें लोकल प्रोड्यूस को मार्केट-रेडी प्रोडक्ट में बदलने, नए रोजगार अवसर सृजित करने और ग्रामीण अर्थव्यवस्था को मजबूती देने में निर्णायक भूमिका निभाएंगी।
           निफ्टम कुंडली का व्हीएपी डायरेक्टर डॉ. हरिंदर सिंह ओबेरॉय के मार्गदर्शन में, फूड टेक्नोलॉजी इनोवेशन को जमीनी स्तर के ग्रामीण विकास से जोड़ने की एक महत्वपूर्ण फ्लैगशिप पहल है। यह कार्यक्रम देशभर के गांवों में वैल्यू एडिशन, उद्यमिता और सस्टेनेबल प्रैक्टिस को बढ़ावा देकर किसानों, महिलाओं और युवाओं को सशक्त करने का कार्य कर रहा है।
          वर्तमान में जशपुर में मौजूद निफ्टम टीम का नेतृत्व प्रो. प्रसन्ना कुमार जी. वी और श्री अभिमन्यु गौड़ कर रहे हैं। इस पहल को स्थानीय स्तर पर एनआरएलएम जशपुर के मिशन मैनेजर श्री विजय शरण प्रसाद तथा जय जंगल एफपीसी के डायरेक्टर श्री समर्थ जैन का सक्रिय सहयोग प्राप्त हो रहा है।
           यह पूरी पहल जशपुर को फूड प्रोसेसिंग, वैल्यू एडिशन और स्थानीय ब्रांडिंग के क्षेत्र में एक मॉडल डिस्ट्रिक्ट के रूप में स्थापित करने की दिशा में एक मजबूत और निर्णायक कदम के रूप में देखी जा रही है।

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रक्षित केन्द्र जशपुर में समस्त बस संचालकों की बैठक हुई सम्पन्न,यात्री बस में अग्निशमन सहित आपातकालीन दरवाजा और सुरक्षा उपकरणों की समय-समय पर जांच करने हेतु दी गई समझाईश

*जशपुरनगर 21 नवम्बर 2025* /कलेक्टर श्री रोहित के निर्देशानुसार जिला परिवहन विभाग द्वारा आज रक्षित केन्द्र जशपुर में समस्त बस संचालकों की बैठक आहूत की गई। जिसमें लगभग कुल 29 बस संचालक व ऑपरेटर सम्मिलित हुए।
           बैठक में जिला परिवहन अधिकारी के द्वारा हर यात्री बस में अग्निशमन अनिवार्य, ए.सी. स्लीपर बसों में एक से अधिक फायर एक्सटिंगिशर, आपातकालीन दरवाजा और तोड़ने के औजार जैसे हथौड़ा, फस्ट एड बॉक्स रखने, चालक और परिचालक को अग्निशमन प्रशिक्षण दिए जाने, बसों में सुरक्षा उपकरणों की समय-समय पर जांच आदि कराने के संबंध जानकारी दी गई और इस दौरान अग्नि शमन यंत्र के संबंध में प्रदर्शन प्रशिक्षण पुलिस व नगर सेना टीम द्वारा दिया गया। आर.आई. श्री खूंटे द्वारा अग्नि, अग्नि के प्रकार और अग्निशमन यंत्र में लगे गैसों के प्रकार के बारे में विस्तृत रूप से बतलाया गया।

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सभी उपार्जन केंद्रों में माइक्रो लेवल पर हो निरंतर निगरानी- प्रभारी सचिव श्री रजत कुमार,किसानों को मिल रही उत्कृष्ट सुविधाओं पर जताई संतुष्टि

रायगढ़, 21 नवम्बर 2025/ मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय की मंशानुरुप समर्थन मूल्य पर धान खरीदी कार्य प्रदेश भर में सुचारू, पारदर्शी एवं व्यवस्थित रूप से जारी है। इसी क्रम में जिले के प्रभारी सचिव, वाणिज्य एवं उद्योग तथा सार्वजनिक उपक्रम विभाग, रेल परियोजनाएं एवं सामान्य प्रशासन विभाग के सचिव श्री रजत कुमार ने आज रायगढ़ जिले के विभिन्न धान उपार्जन केंद्रों का निरीक्षण किया। उन्होंने खरीदी व्यवस्था, किसानों को उपलब्ध कराई जा रही सुविधाओं एवं धान के सुरक्षित भंडारण की स्थिति की जानकारी ली और समग्र व्यवस्था पर संतोष जताया। इस अवसर कलेक्टर श्री मयंक चतुर्वेदी भी साथ में मौजूद रहे।
            प्रभारी सचिव ने सर्वप्रथम धान उपार्जन केंद्र कोड़ातराई का दौरा किया। उन्होंने साफ-सफाई, बारदाना उपलब्धता, पेयजल, फेंसिंग, सीसीटीवी कैमरे, ड्रेनेज सिस्टम, नमीमापक यंत्र, तौल कांटा, छाया व्यवस्था तथा अब तक की कुल खरीदी की स्थिति का बारीकी से निरीक्षण किया। उन्होंने कहा कि यह सुनिश्चित किया जाए कि सुखा, स्वच्छ एवं एफएक्यू क्वालिटी का धान ही खरीदा जाए। किसानों को धान विक्रय प्रक्रिया में किसी भी प्रकार की असुविधा नहीं होनी चाहिए। निरीक्षण के दौरान प्रभारी सचिव को किसानों ने उपार्जन केंद्र में उपलब्ध सुविधाओं को उत्कृष्ट बताया और पारदर्शी एवं व्यवस्थित खरीदी व्यवस्था से संतोष व्यक्त करते हुए सरकार का आभार प्रकट किया।
           प्रभारी सचिव ने कहा कि सभी चेकपोस्टों पर सख्त निगरानी रखी जाए एवं किसानों का शत-प्रतिशत धान खरीदा जाए। उन्होंने कहा कि कोचियों एवं बिचौलियों पर कड़ी कार्रवाई की जाए तथा बाहरी धान को जिले में प्रवेश से पहले ही रोकने के पुख्ता इंतजाम हों। उन्होंने अधिकारियों को माइक्रो लेवल मॉनिटरिंग, नियमित फील्ड विजिट और निगरानी करने के निर्देश दिए।

*तरकेला उपार्जन केंद्र में किसानों से किया सीधा संवाद*

प्रभारी सचिव ने धान उपार्जन केंद्र तरकेला का भी निरीक्षण किया। उन्होंने पिछले वर्ष की खरीदी, पंजीकृत किसानों की संख्या, बारदाना उपलब्धता, टोकन प्रणाली, ड्रेनेज व्यवस्था एवं तौल कांटा की स्थिति की समीक्षा की। उन्होंने कहा कि लघु एवं सीमांत किसानों को प्राथमिकता दी जाए। छोटे किसानों को 2 तथा बड़े किसानों को 3 टोकन दिए जाएं। इस दौरान किसानों ने बताया कि उपार्जन केंद्र में अच्छी व्यवस्था है। ग्राम के प्रगतिशील किसान विजय शंकर चौधरी ने बताया कि इस वर्ष खाद-बीज के लिए किसी भी प्रकार से परेशानी नहीं हुई। फसलों में नैनो डीएपी उर्वरक तथा ड्रोन तकनीक से दवा छिड़काव का उपयोग किया गया है। प्रभारी सचिव ने प्रगतिशील किसान श्री चौधरी को प्रेरणादायी उदाहरण बताया।

*घरघोड़ा और जरेकेला उपार्जन केंद्रों का भी किया गया निरीक्षण*

प्रभारी सचिव ने धान खरीदी केंद्र घरघोड़ा और जरेकेला में पंजीकृत किसानों की संख्या, लक्ष्य, रकबा, बारदाना उपलब्धता और इंटरस्टेट धान की रोकथाम की जानकारी ली। उन्होंने समिति एवं प्रशासनिक टीम को सतर्क रहने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि धान खरीदी केवल पंजीकृत किसान अथवा उनके नॉमिनी से ही की जाए तथा भुगतान समय पर किया जाए। उन्होंने डिजिटल एवं पारदर्शी खरीदी के भी निर्देश दिए। निरीक्षण के दौरान अपर कलेक्टर श्री अपूर्व प्रियेश टोप्पो, एसडीएम रायगढ़ श्री महेश शर्मा, एसडीएम घरघोड़ा श्री दुर्गा प्रसाद अधिकारी, जिला खाद्य अधिकारी, डीएमओ तथा संबंधित विभागों के अधिकारी उपस्थित रहे।

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घर बैठे धान विक्रय का नया दौर: तुंहर टोकन ऐप से किसानों को मिली बड़ी राहत,मोबाइल से काट रहे टोकन, धान खरीदी प्रक्रिया हुई पारदर्शी और तेज

रायपुर, 21 नवंबर 2025/

 खरीफ विपणन वर्ष 2025-26 में छत्तीसगढ़ सरकार द्वारा धान उपार्जन को सुगम और पारदर्शी बनाने के लिए शुरू किया गया तुंहर टोकन मोबाइल ऐप किसानों के लिए वरदान साबित हो रहा है। धान खरीदी तिहार के बीच इस डिजिटल नवाचार ने उपार्जन केंद्रों में लगने वाली भीड़, समय की बर्बादी और पारंपरिक जटिलताओं को काफी हद तक कम कर दिया है।

मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय के निर्देशानुसार प्रदेशभर में लागू की गई इस व्यवस्था से किसान अब अपने मोबाइल से कुछ ही मिनटों में धान विक्रय हेतु टोकन निकाल पा रहे हैं और निर्धारित समय पर आसानी से केंद्र पहुंचकर धान बेच रहे हैं।

शुक्रवार को 52 किसानों ने मोबाइल से काटा टोकन

अम्बिकापुर जिले के उपार्जन केंद्रों में शुक्रवार को 52 किसानों ने तुंहर टोकन ऐप का उपयोग कर घर बैठे धान का टोकन काटा। बढ़ती लोकप्रियता यह दर्शाती है कि डिजिटल सुविधा ने किसानों का विश्वास तेजी से जीता है।

अम्बिकापुर विकासखंड के आदिमजाति सेवा सहकारी समिति मेड्राकला में पहुंचने वाले ग्राम भिट्ठीकला के कृषक श्री श्याम राजवाड़े और श्री मिलन राम ने बताया कि मोबाइल ऐप से टोकन काटने के बाद केंद्र में किसी तरह की परेशानी नहीं हुई।

श्री श्याम राजवाड़े ने कहा कि उन्होंने 26 क्विंटल धान का टोकन कुछ ही मिनटों में घर बैठे निकाल लिया। पूर्व में केंद्र में जाकर टोकन लेने में समय और श्रम दोनों लगते थे, पर अब आते ही बारदाना मिला और धान की तौल भी तत्काल हो गई। उन्होंने मुख्यमंत्री द्वारा 3100 रुपये प्रति क्विंटल समर्थन मूल्य देने के निर्णय की सराहना की।

इसी तरह किसान श्री  मिलन राम ने बताया कि उन्होंने 62 क्विंटल धान का टोकन मोबाइल ऐप से काटा। बार-बार केंद्र नहीं आना पड़ा और पहुंचते ही बारदाना व तौल की प्रक्रिया बिना किसी बाधा पूरी हुई। उन्होंने कहा कि इस बार की खरीदी व्यवस्था पूरी तरह किसान-मित्र साबित हो रही है।

डिजिटल नवाचार से बढ़ी पारदर्शिता और सुविधा

तुंहर टोकन ऐप के जरिए किसानों को अब लंबी लाइनों से मुक्ति,समय और श्रम की बचत,टोकन प्रक्रिया में पारदर्शिता,भीड़-भाड़ और अव्यवस्था में कमी
जैसे सकारात्मक परिणाम देखने को मिल रहे हैं। किसानों की संतुष्टि यह साबित करती है कि राज्य सरकार की यह डिजिटल पहल सफल रही है और धान विक्रय को अधिक सरल, तेज और भरोसेमंद बनाकर किसानों को बड़ी राहत दी है।

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