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उम्मीदों को मिला सहारा : मुख्यमंत्री जनदर्शन संवेदनशील शासन की बनी पहचान

रायपुर, 13 नवम्बर 2025/ मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय के नेतृत्व में आज मुख्यमंत्री निवास में आयोजित जनदर्शन कार्यक्रम ने फिर एक बार यह सिद्ध कर दिया कि शासन जब संवेदनशील होता है, तो जनता के सपने और विश्वास दोनों को नई उड़ान मिलती है। जनदर्शन में प्रदेश के विभिन्न जिलों से पहुँचे नागरिकों ने अपनी समस्याएँ, सुझाव और आकांक्षाएँ मुख्यमंत्री के समक्ष रखीं। मुख्यमंत्री ने प्रत्येक आवेदक की बात ध्यानपूर्वक सुन अधिकारियों को मौके पर ही समाधान के निर्देश दिए। कार्यक्रम में सरकार की जवाबदेही, संवेदनशीलता और त्वरित निर्णय क्षमता का सुंदर उदाहरण देखने को मिला।

 *जनता के विश्वास की मजबूत डोर है मुख्यमंत्री जनदर्शन*

मुख्यमंत्री श्री साय ने कहा कि जनदर्शन प्रदेश सरकार की संवेदनशीलता और जवाबदेही का प्रतीक है।
उन्होंने स्पष्ट किया, “हमारी कोशिश है कि अधिक से अधिक लोगों की समस्याओं का उसी समय समाधान किया जाए। कार्यक्रम में महिलाएँ, छात्र, किसान, बुजुर्ग और दिव्यांगजन बड़ी संख्या में पहुँचे। आवास, छात्रवृत्ति, रोजगार, स्वास्थ्य और सामाजिक सुरक्षा से जुड़े आवेदन प्रस्तुत किए गए, जिनमें से अधिकांश का समाधान उसी दिन कर दिया गया। लोगों के चेहरों पर राहत और संतोष की मुस्कान इस पहल की सफलता को बयां कर रही थी।

 *पूनम की मुस्कान ने सबको किया भावुक*

रायपुर की 11 वर्षीय पूनम, जो सेरेब्रल पाल्सी से जूझ रही है, जनदर्शन की सबसे भावुक झलक बनी। मुख्यमंत्री ने उसकी शिक्षा की जिम्मेदारी लेते हुए विशेष विद्यालय में दाखिला और छात्रवृत्ति की घोषणा की।
यह क्षण वहाँ मौजूद सभी के लिए भावनाओं से भरा रहा, जब एक बच्ची के भविष्य का जिम्मा मुख्यमंत्री ने अपने हाथ में ले लिया। 


*भिलाई के अंकुश देवांगन की लघु संगमरमर कला ने जीता दिल*

भिलाई निवासी कलाकार अंकुश देवांगन ने जनदर्शन में अपनी अद्भुत रचना प्रस्तुत की। अंकुश ने प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी की सूक्ष्म संगमरमर की प्रतिमा मुख्यमंत्री के माध्यम से उन्हें भेंट की। महज आधे सेंटीमीटर की यह प्रतिमा माइक्रोस्कोपिक लेंस से देखी जा सकती है। मुख्यमंत्री श्री साय ने इसे “समर्पण और धैर्य की अद्वितीय मिसाल” बताते हुए अंकुश के कला की खूब सराहना की। 

*शिवकुमार निराला ने अपने हाथों से तैयार किए  राजनीतिक यात्रा के मानचित्र*

सारंगढ़-बिलाईगढ़ के शिवकुमार निराला ने मुख्यमंत्री को “प्रदेश की राजनीतिक यात्रा का मानचित्र” भेंट किया। इसमें 1998 से अब तक के लोकसभा और विधानसभा चुनावों का सीटवार विश्लेषण और जनप्रतिनिधियों का कलात्मक चित्रण शामिल था।
मुख्यमंत्री ने कहा, “यह केवल आंकड़ों का नहीं, बल्कि सृजनात्मक सोच का सुंदर उदाहरण है।”

 *मनीष की मुस्कान ने लौटाया आत्मविश्वास*

रायपुर के दिव्यांग युवक मनीष खुंटे आज अपनी बैटरी स्कूटी चलाकर जनदर्शन पहुँचे। वही स्कूटी जो उन्हें पिछले जनदर्शन में मुख्यमंत्री द्वारा स्वीकृत की गई थी।
मुख्यमंत्री ने उनसे आत्मीयता से बातचीत की और सेल्फी भी ली। मनीष ने कहा, “अब कहीं आने-जाने में कठिनाई नहीं होती, यह मेरे जीवन की नई शुरुआत है।”


*अनुसूचित जाति छात्रावास को मिलेगा नया भवन*

मुख्यमंत्री ने रायपुर स्थित अनुसूचित जाति बालक छात्रावास की जर्जर स्थिति पर संज्ञान लेते हुए 200 सीटों वाले नए सर्वसुविधायुक्त भवन के निर्माण का निर्देश दिया। उन्होंने कहा कि विद्यार्थियों को सुरक्षित और अनुकूल अध्ययन वातावरण देना सरकार की प्राथमिकता है।

*श्रवण यंत्र से लौटाई सुनने की क्षमता*

रायपुर के ब्राह्मण पारा निवासी रमन निर्मलकर को मुख्यमंत्री द्वारा तत्काल श्रवण यंत्र प्रदान किया गया।
भावुक निर्मलकर बोले, “मुख्यमंत्री जी ने मेरी आवाज सुनी और मेरे सुनने की शक्ति वापस लौटा दी। 


*खिलाड़ियों से संवाद — संवेदना और प्रोत्साहन का संगम*

जनदर्शन में वूमेन्स सेल्फ डिफेंस ऑर्गनाइजेशन की महिला खिलाड़ियों से मुख्यमंत्री ने मुलाकात की और खेल प्रतिभाओं को हरसंभव सहयोग का भरोसा दिया।
इसी दौरान अभनपुर के दिव्यांग रग्बी खिलाड़ी पिंटू साहू को 90,000 रूपये की सहायता स्वीकृत की गई। पिंटू ने कहा, “यह सहयोग मेरे खेल जीवन की नई शुरुआत है।”

*जनदर्शन — जनता और सरकार के बीच भरोसे की सेतु*

जनदर्शन के समापन पर लोगों के चेहरों पर विश्वास और तसल्ली झलक रही थी। यह केवल समस्याओं के समाधान का नहीं, बल्कि सरकार और जनता के बीच सशक्त संवाद का मंच बन गया।
जनता का कहना था कि यहाँ “हर आवाज को सम्मान और हर समस्या को समाधान” मिलता है।

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सारंगढ़ जिला निवासी पेंटर श्री शिवकुमार निराला ने अनूठा ‘राजनीतिक मानचित्र’ मुख्यमंत्री श्री साय को किया भेंट 

रायपुर, 13 नवम्बर 2025/ मुख्यमंत्री निवास में आयोजित जनदर्शन कार्यक्रम के दौरान सारंगढ़–बिलाईगढ़ जिले के ग्राम चकरदा निवासी पेंटर श्री शिवकुमार निराला ने अनूठा ‘राजनीतिक मानचित्र’ मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय को भेंट किया। उनकी इस अद्वितीय कला प्रस्तुति ने कार्यक्रम का विशेष आकर्षण बढ़ा दिया।

श्री निराला द्वारा तैयार यह सचित्र मानचित्र छत्तीसगढ़ की सम्पूर्ण राजनीतिक यात्रा का विस्तृत और कलात्मक दस्तावेज है। इसमें राज्य के लोकसभा एवं विधानसभा सदस्यों, मंत्रिमंडल की रूपरेखा, संसदीय क्षेत्रवार विवरण तथा वर्ष 1998 से अब तक हुए सभी लोकसभा और विधानसभा चुनावों का तुलनात्मक विश्लेषण सुव्यवस्थित रूप से दर्शाया गया है। प्रत्येक विधानसभा क्षेत्र में जीत के अंतर, राजनीतिक दलवार जनप्रतिनिधियों का क्रम तथा सीटों के ऐतिहासिक बदलाव को भी कलात्मक शैली में शामिल किया गया है।

मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय ने इस रचनात्मक मानचित्र की सराहना करते हुए कहा कि “श्री शिवकुमार निराला ने आंकड़ों और तथ्यों को इतनी सहज, सुंदर और विश्लेषणात्मक शैली में प्रस्तुत किया है कि यह कला-कृति राजनीति के विद्यार्थियों, शोधकर्ताओं और आम नागरिकों—सभी के लिए उपयोगी दस्तावेज बन जाती है।” मुख्यमंत्री ने उनकी प्रतिभा को सम्मानित करते हुए उन्हें पुरस्कृत भी किया।

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जनदर्शन कार्यक्रम में वूमेन्स सेल्फ डिफेंस ऑर्गनाइजेशन छत्तीसगढ़ के प्रतिनिधिमंडल ने मुख्यमंत्री से की सौजन्य मुलाकात 

रायपुर, 13 नवंबर 2025/ मुख्यमंत्री निवास में आज आयोजित जनदर्शन कार्यक्रम में वूमेन्स सेल्फ डिफेंस ऑर्गनाइजेशन छत्तीसगढ़ के प्रतिनिधिमंडल ने मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय से सौजन्य मुलाकात की। प्रतिनिधिमंडल ने ज्ञापन सौंपकर राष्ट्रीय एवं अंतर्राष्ट्रीय स्तर पर कराटे, कुश्ती और ताइक्वांडो जैसे खेलों में उत्कृष्ट प्रदर्शन कर प्रदेश का गौरव बढ़ाने वाले खिलाड़ियों के लिए स्वेच्छानुदान स्वीकृत करने का आग्रह किया।

मुख्यमंत्री श्री साय ने संगठन के पदाधिकारियों और खिलाड़ियों द्वारा रखे गए सुझावों और मांगों को ध्यानपूर्वक सुना। खिलाड़ियों ने बताया कि वे देश और विदेश में विभिन्न प्रतियोगिताओं में छत्तीसगढ़ का प्रतिनिधित्व कर चुके हैं तथा आगे भी राज्य का नाम और ऊंचा करने के लिए निरंतर प्रशिक्षण और सहयोग की आवश्यकता है। खिलाड़ियों ने खेल उपकरण, प्रशिक्षण सुविधाओं और प्रोत्साहन राशि उपलब्ध कराने का अनुरोध भी किया।

मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय ने खिलाड़ियों की भावनाओं की सराहना करते हुए कहा कि राज्य सरकार खेल प्रतिभाओं के सम्मान और प्रोत्साहन के लिए प्रतिबद्ध है। उन्होंने प्रतिनिधिमंडल को आश्वस्त किया कि उनकी मांगों पर यथासंभव सकारात्मक निर्णय लिया जाएगा और खिलाड़ियों को हरसंभव सहयोग प्रदान किया जाएगा ताकि वे राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर और भी बेहतर प्रदर्शन कर सकें।

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भारत अंतर्राष्ट्रीय व्यापार मेला: 14 नवंबर से दिल्ली में बिखरेगी छत्तीसगढ़ के औद्योगिक विकास की छटा

रायपुुर, 13 नवंबर 2025/  नईदिल्ली के भारत मण्डपम में 14 नवंबर से छत्तीसगढ़ के औद्योगिक विकास की छटा बिखरेगी। यहां 27 नवंबर तक भारत अंतर्राष्ट्रीय व्यापार मेले का आयोजन किया जा रहा है। इस मेले में एक भारत-श्रेष्ठ भारत की थीम पर छत्तीसगढ़ का आकर्षक पवेलियन बनाया जा रहा है। इस मेले में देश के सभी राज्यों सहित अंतर्राष्ट्रीय स्तर के उद्योगपति और निवेशक भी आयेंगे। मेले में बने छत्तीसगढ़ पवेलियन में राज्य के औद्योगिक विकास की झलक दिखाई जायेगी। यहां छत्तीसगढ़ की अर्थव्यवस्था, उद्योगों के लिए व्यापक अनुकूल माहौल और व्यवस्थाऐं तथा नई औद्योगिक नीति के बारे में आगंतुकों को पूरी जानकरी दी जायेगी। इस मेले में राज्य की नई औद्योगिक विकास नीति में उपलब्ध निवेश प्रोत्साहन, सुक्ष्म लघु एवं मध्यम ईकाईयों की स्थापना, उनके उत्पादों से संबंधित जानकारियों का भी प्रदर्शन किया जायेगा। मेला अवधि में छत्तीसगढ़ में औद्योगिक निवेश बढ़ाने के लिए निवेशेकों के साथ बैठकें, इन्वेस्टर कनेक्ट आदि भी किये जायेंगे।  

इस अंतर्राष्ट्रीय व्यापार मेले में छत्तीसगढ़ की समृद्ध संस्कृति और पर्यटन की संभावना का भी प्रदर्शन किया जायेगा, ताकि संस्कृति और पर्यटन पर आधारित रोजगार मूलक गतिविधियों को बढ़ावा देने के लिये निवेशकों को आकर्षित किया जा सके। मेले में बने पवेलियन में छत्तीसगढ़ के हस्तशिल्प, वनोपज उत्पादों, खादी ग्रामोद्योग क्षेत्र में उद्योग शुरू करने की संभावनाओं के बारे में भी जानकारी दी जायेगी। पवेलियन में बस्तर क्षेत्र को फोकस करते हुए डिजिटल तकनीकों से सुसज्जित प्रदर्शनी भी लगाई जायेगी। 

अंतर्राष्ट्रीय व्यापार मेले के दौरान 24 नवंबर को भारत मण्डपम दिल्ली में छत्तीसगढ़ दिवस भी मनाया जायेगा। शाम 6 बजे शुरू होने वाले इस कार्यक्रम में राज्यपाल, मुख्यमंत्री सहित मंत्रीमण्डल के सदस्य भी शामिल होंगे। यह आयोजन संस्कृति विभाग द्वारा किया जायेगा। छत्तीसगढ़ पवेलियन में हर दिन राज्य की सांस्कृतिक छटा का प्रदर्शन नृतक दलों के माध्यम से किया जायेगा।  यहां छत्तीसगढ़ के ग्रामोद्योग हस्तकला, हथकरघा, चरखा आदि का जीवंत प्रदर्शन, उत्कृष्ट उत्पादों की प्रदर्शनी और बिक्री की भी व्यवस्था रहेगी।

छत्तीसगढ़ पवेलियन में मिलेट से संबंधी उत्पादों के प्रदर्शन के साथ-साथ मिलेट कैफे भी लगाया जायेगा। इससे लोगों को छत्तीसगढ़ में उगाये जाने वाले लघु धान्यों कोदो, कुटकी, रागी, संवा आदि के उत्पादन, उनके व्यवसाय के लिये आकर्षित किया जा सकेगा। इस मेले में छत्तीसगढ़ में उपलब्ध जैविक और एक्जॉटिक खाद्यन्नों का भी प्रदर्शन होगा, ताकि इन उत्पादकों राष्ट्रीय और अंतर्राष्ट्रीय पहचान मिल सके। लघु वनोपज संघ के द्वारा अपने वनोपजों से बने उत्पादों का प्रदर्शन और बिक्री भी कि जायेगी। राष्ट्रीय और अंतर्राष्ट्रीय स्तर पर एफएमसीजी कंपनियों के माध्यम से इन उत्पादों की मार्केटिंग करने की व्यवस्था का प्रयास किया जायेगा। पवेलियन में छत्तीसगढ़ के आकर्षक पर्यटन स्थलों, उपलब्ध अधोसंरचना और ईको-टूरिज्म के बारे में भी जानकारी दी जायेगी। ताकि अधिक से अधिक लोग छत्तीसगढ़ के बारे में जान सके।

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बीजापुर में छह माओवादी न्यूट्रलाइज,नक्सल उन्मूलन मिशन निर्णायक चरण में - मुख्यमंत्री 

रायपुर, 13 नवंबर 2025/ बीजापुर जिले के नेशनल पार्क क्षेत्र में आज छत्तीसगढ़ पुलिस, जिला रिज़र्व गार्ड (DRG) और स्पेशल टास्क फोर्स (STF) की संयुक्त कार्रवाई में सुरक्षाबलों को महत्वपूर्ण सफलता मिली। मुठभेड़ के दौरान छह माओवादी न्यूट्रलाइज किए गए। इसमें ₹8 लाख का इनामी कन्ना ऊर्फ बुचन्ना भी शामिल है, जो लंबे समय से इस क्षेत्र में हिंसा, भय और माओवादी गतिविधियों को संचालित कर रहा था। इस कार्रवाई को लाल आतंक के समूल नाश की दिशा में एक महत्वपूर्ण और निर्णायक उपलब्धि माना जा रहा है। 

मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय ने सुरक्षाबलों की इस सफलता की सराहना करते हुए कहा कि यह उपलब्धि पुलिस बलों के उत्कृष्ट समन्वय, साहस और सटीक रणनीति का परिणाम है।

मुख्यमंत्री श्री साय ने कहा कि छत्तीसगढ़ सरकार प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी के मार्गदर्शन और केंद्रीय गृह मंत्री श्री अमित शाह के नेतृत्व में 31 मार्च 2026 तक नक्सलवाद के पूर्ण उन्मूलन के संकल्प के साथ मिशन मोड में कार्य कर रही है। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार और सुरक्षा एजेंसियाँ एकजुट होकर इस लड़ाई को निर्णायक अंत तक ले जाएंगी।

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अब फिर से सुन पा रहा हूं”— जनदर्शन में मुख्यमंत्री साय की त्वरित मदद से बदली श्री निर्मलकर की जिंदगी,दिया गया श्रवण यंत्र

रायपुर, 13 नवम्बर 2025/ मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय ने आज मुख्यमंत्री निवास में आयोजित जनदर्शन कार्यक्रम के दौरान रायपुर के ब्राह्मणपारा वार्ड निवासी श्री रमन निर्मलकर को श्रवण यंत्र सौंपा।

जनदर्शन में पहुँचे श्री निर्मलकर ने बताया कि बीते कुछ समय से उनकी श्रवण क्षमता पूरी तरह समाप्त हो गई है। आर्थिक स्थिति कमजोर होने के कारण वे श्रवण यंत्र खरीद नहीं पा रहे थे। उनकी समस्या सुनकर मुख्यमंत्री श्री साय ने फौरन ही उन्हें श्रवण यंत्र प्रदान किया।

मुख्यमंत्री श्री साय का आभार व्यक्त करते हुए श्री निर्मलकर ने मुख्यमंत्री की संवेदनशीलता की प्रशंसा की। उन्होंने कहा कि “मुझे फिर से सुनने की क्षमता वापस मिल गई है। मुख्यमंत्री जी ने मेरी समस्या को तुरंत समझा और मदद की, इसके लिए मैं उनका आभारी हूं।”

मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय द्वारा जनदर्शन में आमजन की समस्याओं पर तुरंत संज्ञान लेकर सहायता प्रदान करने की यह पहल जनकल्याण के प्रति उनकी प्रतिबद्धता को दर्शाती है।

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जनदर्शन में अद्भुत दृश्य—भिलाई के अंकुश देवांगन ने मुख्यमंत्री को भेंट की संगमरमर पर बनी प्रधानमंत्री  नरेंद्र मोदी की सूक्ष्म प्रतिमा

रायपुर 13 नवंबर 2025/छत्तीसगढ़ के भिलाई निवासी 55 वर्षीय श्री अंकुश देवांगन ने अपनी अनूठी कला से एक बार फिर सबको आश्चर्यचकित कर दिया। आज जनदर्शन कार्यक्रम के दौरान उन्होंने मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय को एक विशेष फ्रेम भेंट किया, जिसमें संगमरमर को बारीकी से तराशकर बनाई गई प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी की छोटी प्रतिमा लगी हुई है। फ्रेम के पीछे अयोध्या स्थित नवनिर्मित श्री रामलला मंदिर की भव्य प्रतिकृति भी उकेरी गई है। इस अद्भुत कृति को देखकर मुख्यमंत्री ने श्री देवांगन की भरपूर प्रशंसा की और उन्हें शुभकामनाएं दीं।

प्रतिमा को देखने के लिए फ्रेम में एक माइक्रोस्कोपिक लेंस लगाया गया है, जिसकी सहायता से ही प्रधानमंत्री मोदी के चेहरे के भाव, मुस्कान और बालों की सूक्ष्म रेखाएं स्पष्ट दिखाई देती हैं। संगमरमर के छोटे-से टुकड़े को तराशकर श्री देवांगन ने यह अनोखा कला-चमत्कार सृजित किया है।

श्री अंकुश देवांगन भिलाई स्टील प्लांट में एडमिनिस्ट्रेटिव असिस्टेंट के पद पर कार्यरत हैं, लेकिन बचपन से ही उनका झुकाव छोटी-छोटी वस्तुओं को आकार देने और उनसे अनूठी कलाकृतियाँ बनाने की ओर रहा है। मात्र 10 वर्ष की आयु में उन्होंने पहली बार लकड़ी का छोटा-सा खिलौना बनाया था। इसके बाद उन्होंने धातु ढालने के सांचे बनाए, मिट्टी की मूर्तियाँ गढ़ीं और अंततः पत्थर तराशने की कला अपनाई। पिछले 45 वर्षों से वे निरंतर माइक्रो आर्ट की दुनिया में नए कीर्तिमान स्थापित कर रहे हैं।

मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय ने फ्रेम को हाथ में लेकर बड़े ध्यान से देखा और कहा,“यह केवल कला नहीं, समर्पण और धैर्य का प्रतीक है। अंकुश जी ने प्रधानमंत्री जी के प्रति अपनी भावना को जिस खूबसूरती से व्यक्त किया है, वह काबिल-ए-तारीफ है।”

मुख्यमंत्री ने उन्हें राज्य स्तर पर प्रदर्शनी लगाने का प्रस्ताव देते हुए कहा कि ऐसे प्रतिभाशाली कलाकारों को प्रोत्साहित करना सरकार की जिम्मेदारी है।

श्री देवांगन ने बताया कि आधे सेंटीमीटर आकार की इस प्रतिमा को बनाने में उन्हें लगभग दो महीने लगे। दिन में नौकरी और रात में कला—यही उनकी दिनचर्या रही। उन्होंने कहा,“मोदी जी ने राम मंदिर का सपना पूरा किया, इसलिए मैंने दोनों को एक ही फ्रेम में स्थान दिया। यह मेरा छोटा-सा योगदान है।”

मुख्यमंत्री कार्यालय के जनदर्शन में लोग प्रायः अपनी समस्याएँ लेकर आते हैं, लेकिन आज एक व्यक्ति अपनी कला लेकर आया और सबका दिल जीत लिया। मुख्यमंत्री श्री साय ने इस फ्रेम को अपने कार्यालय में विशेष स्थान पर रखने का निर्णय लिया है।

श्री अंकुश देवांगन का अगला लक्ष्य दुनिया की सबसे छोटी राम सेतु प्रतिकृति बनाना है। उन्होंने मुस्कुराते हुए कहा,“जब तक हाथ चलते रहेंगे, कुछ नया बनता रहेगा।”

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दिव्यांग रग्बी खिलाड़ी की मदद के लिए मुख्यमंत्री आगे आए , चेक के माध्यम से प्रदान की 90 हजार की सहायता राशि

रायपुर, 13 नवंबर 2025/मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय के निवास में आयोजित जनदर्शन कार्यक्रम में आज रायपुर जिले के अभनपुर से आए दिव्यांग रग्बी खिलाड़ी श्री पिंटू राम साहू की मांग पर मुख्यमंत्री ने त्वरित निर्णय लेते हुए 90 हजार रुपए का आर्थिक अनुदान स्वीकृत किया। श्री साहू ने व्हीलचेयर और आवश्यक खेल सामग्री खरीदने हेतु सहायता मांगी थी। उनकी परिस्थितियों और आवश्यकता को समझते हुए मुख्यमंत्री ने उन्हें तत्काल चेक प्रदान कर उनकी सहायता की।

आवेदक श्री पिंटू राम साहू ने बताया कि वे पिछले चार वर्षों से खेल जगत से जुड़े हुए हैं। उन्होंने 2 अक्टूबर 2025 को पहली बार रग्बी खेलने के लिए ग्वालियर का दौरा किया था। श्री साहू वर्तमान में बी.ए. फाइनल ईयर के छात्र हैं और दिव्यांगता के बावजूद लगातार खेल में अपना भविष्य बनाने के लिए प्रतिबद्ध हैं।

मुख्यमंत्री द्वारा आर्थिक सहायता प्राप्त होने पर श्री साहू ने खुशी व्यक्त करते हुए कहा कि यह सहयोग उनके लिए बड़ी प्रेरणा है। उन्होंने मुख्यमंत्री श्री साय के प्रति आभार जताते हुए कहा कि अब वे खेल में और बेहतर प्रदर्शन करने के लिए लगातार मेहनत करेंगे और छत्तीसगढ़ का नाम रोशन करेंगे।

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पैरों से चित्र उकेरने वाली पूनम बिटिया को मुख्यमंत्री की पहल से अब विशेष विद्यालय में मिलेगा शिक्षण और छात्रवृत्ति

रायपुर 13 नवम्बर 2025/मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय आज जनदर्शन में दूर-दूर से मुख्यमंत्री निवास पहुँच रहे लोगों से मुलाकात कर रहे हैं और उनकी समस्याओं का त्वरित समाधान भी कर रहे हैं। 

आज जनदर्शन की शुरुआत में ही मुख्यमंत्री ने रायपुर के तेलीबांधा की रहने वाली 11 वर्षीय बिटिया पूनम से भेंट की।बिटिया पूनम की माता ने मुख्यमंत्री श्री साय को बताया कि वह सेरेब्रल पाल्सी से जूझ रही है और बातचीत करने में भी असमर्थ है। उन्होंने बताया कि इस चुनौती के बावजूद पूनम अपने पैरों से बहुत सुंदर चित्र बनाती है। मुख्यमंत्री श्री साय ने अत्यंत आत्मीयता से बिटिया पूनम से बात की और उसे स्नेहपूर्वक दुलार किया।

मुख्यमंत्री श्री साय ने पूनम की माता को आश्वस्त करते हुए कहा कि “हम आपके साथ हैं, आपको बिटिया के लिए किसी भी प्रकार की चिंता करने की आवश्यकता नहीं है।”

मुख्यमंत्री ने पूनम बिटिया की पढ़ाई की उचित व्यवस्था के लिए उसे विशेष विद्यालय में भर्ती कराने और छात्रवृत्ति प्रदान करने के निर्देश दिए।

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समाज कल्याण विभाग और यूनिसेफ के विशेष सहयोग से 18 नवंबर को रायपुर में ’’छत्तीसगढ़ राज्य दिव्यांगजन कल्याण एवं पुनर्वास नीति हेतू कार्यशाला का आयोजन 

रायपुर, 13 नवंबर 2025/छत्तीसगढ़ शासन के समाज कल्याण विभाग और यूनिसेफ के विशेष सहयोग से आगामी मंगलवार 18 नवंबर 2025 को रायपुर स्थित होटल कोर्टयार्ड बाय मैरियट में ’’छत्तीसगढ़ राज्य दिव्यांगजन कल्याण एवं पुनर्वास नीति 2025’’ के ड्राफ्ट को और सशक्त बनाने महत्वपूर्ण कार्यशाला का आयोजन करेगा। 

यह कार्यशाला महिला एवं बाल विकास तथा समाज कल्याण मंत्री श्रीमती लक्ष्मी राजवाड़े के मुख्य आतिथ्य में सम्पन्न होगी। कार्यशाला का उद्देश्य है कि दिव्यांगजन अधिकार अधिनियम, 2016 के तहत प्रदेश के दिव्यांगजनों के लिए एक व्यापक और समावेशी नीति को अंतिम रूप देना है।
दिव्यागजन अधिकार अधिनियम, 2016 एक ऐतिहासिक कानून है जो दिव्यांगता को दया के बजाय ’अधिकार’ के विषय के रूप में स्थापित करता है। अधिनियम के प्रावधानों के अनुसार प्रदेश में प्रभावी ढंग से लागू करने के लिए समाज कल्याण विभाग द्वारा ’’छत्तीसगढ़ राज्य दिव्यांगजन कल्याण एवं पुनर्वास नीति 2025’’ का एक व्यापक ड्राफ्ट तैयार किया गया है। ड्राफ्ट को और अधिक सशक्त एवं समावेशी बनाने के लिए यह कार्यशाला यूनिसेफ के विशेष सहयोग से आयोजित की जा रही है।

यह कार्यशाला ’’हमारे बिना, हमारे बारे में कुछ भी नहीं’’ के मार्गदर्शी सिद्धांत पर आधारित होगी। इसका मुख्य उद्देश्य नीति को अंतिम रूप देने से पहले प्रमुख हितधारकों, विभिन्न संबंधित विभागों और राष्ट्रीय स्तर के विशेषज्ञों से अमूल्य सुझाव एवं व्यावहारिक फीडबैंक प्राप्त करना है।

इस महत्वपूर्ण विमर्श को तकनीकी और विशेषज्ञ राय प्रदान करने के लिए देश के जाने-माने विशेषज्ञ शामिल होंगे। इनमें श्री राजीव रतूड़ी (राजीव रतूड़ी बनाम भारत संघ के ऐतिहासिक मामले में मुख्य याचिकाकर्ता एवं डिसेबिलिटी राइट्स प्रमोशन इंटरनेशनल के एशिया पेसिफिक क्षेत्रीय अधिकारी), श्री समीर घोष (समावेश सलाहकार, विश्व बैंक), श्री अखिल पॉल (मुख्य संरक्षक, सेंस इंटरनेशनल इंडिया) और यूनिसेफ की विशेषज्ञ सुश्री अलका मल्होत्रा प्रमुख हैं।

नीति-निर्माण में ’’समग्र शासन दृष्टिकोण’’ सुनिश्चित करने के लिए कार्यशाला में राज्य शासन के विभिन्न प्रमुख विभागों की भागीदारी सुनिश्चित की जा रही है। कार्यशाला में गृह (पुलिस), पंचायत एवं ग्रामीण विकास, आदिम जाति तथा अनुसूचित जाति कल्याण, जनसंपर्क एवं पर्यटन, सामान्य प्रशासन, लोक निर्माण विभाग, स्कूल शिक्षा, स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण, वित्त, वाणिज्य एवं उद्योग, परिवहन, इलेक्ट्रॉनिक्स एवं सूचना प्रौद्योगिकी, उच्च शिक्षा, कौशल विकास, तकनीकी शिक्षा एवं रोजगार, महिला एवं बाल विकास, नगरीय प्रशासन एवं विकास, श्रम, खेल एवं युवा कल्याण और ग्रामोद्योग विभाग के वरिष्ठ अधिकारी शामिल होंगे।

कार्यशाला में मुख्य अपेक्षित परिणाम ड्राफ्ट नीति के हर अध्याय जैसे- शिक्षा, स्वास्थ्य, रोजगार, सुलभता और सामाजिक सुरक्षा पर विशेषज्ञों और इन सभी विभागों से ठोस इनपुट प्राप्त करना है। कार्यशाला में प्राप्त सुझावों को समाहित कर यह सुनिश्चित किया जाएगा कि अंतिम नीति न केवल व्यापक, समावेशी और सुदृढ़ बने, बल्कि प्रदेश में दिव्यांगजनों के जीवन में वास्तविक व सकारात्मक परिवर्तन लाने की दिशा में एक मील का पत्थर साबित होगा।

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जिले के ग्रामीण क्षेत्रों में 15 नवम्बर को जनजातीय गौरव दिवस के अवसर पर विशेष ग्रामसभा का होगा आयोजन

जशपुरनगर 13 नवम्बर 2025/ कलेक्टर श्री रोहित व्यास ने जिले के समस्त अनुविभागीय अधिकारी (रा.) एवं जनपद पंचायतों के मुख्य कार्यपालन अधिकारियों को माह नवम्बर 2025 में ग्रामसभाओं के सुचारू आयोजन के निर्देश दिए हैं। छत्तीसगढ़ पंचायत राज अधिनियम 1993 की धारा 6 के अनुसार प्रत्येक तीन माह में एक बार ग्रामसभा का आयोजन आवश्यक है। शासन के निर्देशानुसार वर्ष में निर्धारित तिथियों 23 जनवरी, 14 अप्रैल, 20 अगस्त एवं 02 अक्टूबर के अतिरिक्त माह जून एवं नवम्बर में भी ग्रामसभा आयोजित की जानी है। उन्होंने निर्देश दिए कि जनपद पंचायतवार समय-सारिणी तैयार कर यह सुनिश्चित किया जाए कि एक ही दिन किसी ग्राम पंचायत के एक ग्राम में ही ग्रामसभा आयोजित हो, ताकि सरपंच एवं सचिव ग्रामसभा में उपस्थित रह सकें। कलेक्टर श्री व्यास ने सभी अधिकारियों को निर्देशित किया है कि ग्रामसभा सम्मिलनों का आयोजन सुव्यवस्थित, पारदर्शी एवं जनसहभागिता पूर्ण ढंग से किया जाए, ताकि ग्रामीण विकास की दिशा में पंचायतें और अधिक सशक्त बन सकें।

 *ग्रामसभा से पूर्व की तैयारी* - 
ग्रामसभा की सूचना पंचायत के सूचना पटल पर चिपकाने, ग्राम के प्रमुख स्थलों पर चस्पा करने एवं मुनादी कराकर प्रचार-प्रसार सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए हैं। ग्रामसभा प्रभारी की नियुक्ति समयपूर्व की जाएगी तथा सचिवों एवं प्रभारी अधिकारियों का एजेण्डा आधारित एक दिवसीय प्रशिक्षण भी आयोजित किया जाएगा।


 *ग्रामसभा में चर्चा के विषय व एजेंडे* - 

ग्रामसभा की बैठक में पिछले सम्मेलनों में लिए गए संकल्पों के क्रियान्वयन की समीक्षा की जाएगी। पंचायतों की पिछली तिमाही की आय-व्यय का वाचन कर अनुमोदन किया जाएगा।
विभिन्न योजनाओं के अंतर्गत स्वीकृत कार्यों की सूची, स्वीकृत राशि, प्राप्त राशि, व्यय राशि तथा कार्य की अद्यतन स्थिति की जानकारी ग्रामसभा में प्रस्तुत की जाएगी। संपत्ति कर अधिरोपण की प्रणाली को ऑनलाइन करने के लिए समर्थ पंचायत पोर्टल के उपयोग पर चर्चा की जाएगी तथा चालू वित्तीय वर्ष के लिए संपत्ति कर दर निर्धारण के बाद कर अधिरोपण प्रारंभ करने का निर्णय लिया जाएगा। ग्राम पंचायतों के वर्तमान एवं भूतपूर्व पदाधिकारियों, अधिकारियों और कर्मचारियों जिनसे पंचायतों के लेखे या बकाया राशि का हिसाब लिया जाना है, उनके नामों की जानकारी भी ग्रामसभा में दी जाएगी। ग्राम पंचायत क्षेत्रों से गुजरने वाली सड़कों पर मवेशियों के कारण हो रही दुर्घटनाओं की रोकथाम के उपायों पर विस्तृत चर्चा की जाएगी तथा लोगों में जागरूकता बढ़ाते हुए अपने मवेशियों को खुले नहीं छोड़ने का संकल्प पारित किया जाएगा। सड़कों पर खुला छोड़े जाने की स्थिति में छत्तीसगढ़ पंचायत अधिनियम 1993 के प्रावधानों के तहत जुर्माना या शास्ति अधिरोपित करने की व्यवस्था की जाएगी। ग्राम पंचायतों के पंचायत उन्नति सूचकांक  के परिणामों में सुधार लाने के लिए पारदर्शिता, जवाबदेही और भागीदारी की भावना को बढ़ावा देने पर चर्चा की जाएगी तथा समुदाय को ग्राम पंचायत स्तरीय प्रदर्शन डेटा से अवगत कराया जाएगा। ग्राम में स्थित मुक्तिधामों में साफ-सफाई और मूलभूत सुविधाओं की उपलब्धता पर विचार-विमर्श किया जाएगा।
जरूरतमंद व्यक्तियों को वितरित खाद्यान की जानकारी ग्रामसभा में प्रस्तुत की जाएगी और लाभान्वित हितग्राहियों के नामों का वाचन किया जाएगा। ग्राम पंचायतों में जन्म, मृत्यु एवं युवा पंजीयन से संबंधित प्रकरणों की समीक्षा की जाएगी तथा लंबित और निराकृत प्रमाणपत्रों की जानकारी दी जाएगी। मौसमी बीमारियों की रोकथाम और निदान के लिए स्वास्थ्य सुविधाओं की समीक्षा कर ग्रामवासियों में जनजागरूकता फैलाने पर चर्चा की जाएगी। महात्मा गांधी राष्ट्रीय ग्रामीण रोजगार गारंटी योजना (मनरेगा) के अंतर्गत ग्रामीण परिवारों द्वारा रोजगार की मांग और उन्हें उपलब्ध कराए गए रोजगार की स्थिति की समीक्षा की जाएगी। मनरेगा योजना के अंतर्गत किए जाने वाले सभी कार्यों की सूची ग्रामसभा में वाचन की जाएगी। सामाजिक सहायता कार्यक्रमों के अंतर्गत संचालित पेंशन योजनाओं का सामाजिक अंकेक्षण किया जाएगा तथा हितग्राहियों का सत्यापन कराया जाएगा।


*डिजिटल मॉनिटरिंग और पारदर्शिता* - 

कलेक्टर ने निर्देश दिए हैं कि ग्रामसभा में लिए गए निर्णयों की अधिकतम 15 मिनट की वीडियो रिकॉर्डिंग की जाए और उसे “ग्रामसभा निर्णय  मोबाइल ऐप में अपलोड किया जाए। ग्रामसभा की सभी गतिविधियों को वाइब्रेंट ग्राम सभा पोर्टल एवं जीपीडीपी पोर्टल में शत-प्रतिशत अपलोड करना सुनिश्चित किया जाए।

*15 नवम्बर को विशेष ग्रामसभा, जनजातीय गौरव दिवस पर* - 

कलेक्टर श्री व्यास ने 15 नवम्बर 2025 को जनजातीय गौरव दिवस के अवसर पर विशेष ग्रामसभा आयोजित करने के निर्देश दिए हैं। इस दिन ग्रामसभाओं में आदिवासी स्वतंत्रता सेनानियों को पुष्पांजलि अर्पित की जाएगी, नुक्कड़ नाटक और सांस्कृतिक कार्यक्रमों का आयोजन होगा तथा सामुदायिक सहभागिता के माध्यम से जनजागरूकता बढ़ाई जाएगी।
भारत सरकार के पंचायती राज मंत्रालय द्वारा सभासार नामक ए.आई. आधारित पोर्टल तैयार किया गया है, जिसके माध्यम से ग्रामसभा की कार्यवाही का डिजिटल विवरण तैयार किया जाएगा। इस पोर्टल के उपयोग हेतु निर्धारित एसओपी के अनुसार कार्यवाही करने के निर्देश भी दिए गए हैं।

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धान उपार्जन केन्द्र प्रभारियों के अनिश्चत कालिन हड़ताल पर होने के कारण 46 धान खरीदी केन्द्रों में कर्मचारियों की गई व्यवस्था,


 
जशपुर 13 नवंबर 25/ अपर कलेक्टर श्री प्रदीप कुमार साहू ने गुरुवार को कलेक्टोरेट सभाकक्ष में धान खरीदी की तैयारी के संबंध में समीक्षा बैठक ली।
 खरीदी केन्द्रों जशपुर के सभी धान उपार्जन केन्द्र प्रभारी वर्तमान में अनिश्चत कालिन हड़ताल पर होने के कारण राज्य शासन के निर्देश पर जिले के सभी 46 उपार्जन केन्द्र प्रभारियो के स्थान पर दिनांक 12.11.25 को शासकीय कर्मचारियो को नियुक्त किया जा कर आज दिनांक 13.11.25 को अपर कलेक्टर जिला जशपुर की अध्यक्षता में धान उपार्जन के संबंघ में विशेष प्रशीक्षण एव उपार्जन कार्य शासन नियम एवं निर्देशो के आधार पर किये जाने के निर्देश दिए गए हैं।

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जिला स्तरीय ई-ऑफिस प्रशिक्षण का हुआ आयोजन,डिजिटल प्रशासन को सुदृढ़ बनाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल

जशपुरनगर 13 नवम्बर 2025 /डिजिटल प्रशासन को सुदृढ़ बनाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल के तहत कलेक्टोरेट कार्यालय के मंत्रणा मीटिंग हॉल में जिला स्तरीय ई-ऑफिस एवं  SPARROW प्रशिक्षण सत्र का आयोजन किया गया। इस प्रशिक्षण का उद्देश्य प्रशासनिक कार्यों में पारदर्शिता, दक्षता और त्वरित निस्तारण सुनिश्चित करना था।  
          कार्यक्रम में अपर कलेक्टर एवं ई-ऑफिस के नोडल अधिकारी श्री प्रदीप कुमार साहू, सामान्य प्रशासन विभाग रायपुर से मास्टर ट्रेनर श्री विनोद देवांगन, रवि निषाद तथा जिला सूचना विज्ञान अधिकारी श्री नरेश कुमार साहू, श्री संजय खाखा, श्री विक्की गुप्ता, श्री शशिकांत नायक राष्ट्रीय सूचना विज्ञान केंद्र जशपुर एवं जिले के सभी विभागों के लगभग 150 अधिकारीगण व कर्मचारी इस प्रशिक्षण में सम्मिलित हुए और सक्रिय भागीदारी निभाई।  
         प्रशिक्षण सत्र में अधिकारियों को ई-ऑफिस प्रणाली का व्यावहारिक अभ्यास कराया गया। इसमें पत्रों का अधिकारियों के बीच संचलन, ड्राफ्ट तैयार करना, नोटशीट निर्माण और पत्र प्रेषण जैसी प्रक्रियाओं को विस्तार से समझाया गया। प्रशिक्षण के दौरान यह प्रदर्शित किया गया कि किस प्रकार एक पत्र या फाइल विभिन्न स्तरों पर अधिकारियों के पास पहुँचती है और किस तरह उसका निस्तारण किया जाता है। इस अभ्यास से अधिकारियों को डिजिटल माध्यम से कार्य करने की वास्तविक समझ प्राप्त हुई।  
           सत्र में  SPARROW (Smart Performance Appraisal Report Recording Online Window)  प्रणाली का भी परिचय कराया गया। यह प्रणाली गोपनीय प्रतिवेदन तैयार करने और उसे सुरक्षित रूप से संधारित करने के लिए विकसित की गई है। अधिकारियों को बताया गया कि SPARROW के माध्यम से मूल्यांकन प्रक्रिया अधिक पारदर्शी, सटीक और व्यवस्थित हो जाएगी। इससे न केवल अधिकारियों के कार्य का निष्पक्ष मूल्यांकन संभव होगा बल्कि प्रशासनिक दक्षता भी बढ़ेगी।  
            इस प्रशिक्षण का महत्व इसलिए भी है क्योंकि जिले में पत्र एवं फाइलों के संचलन को सरल और सुगम बनाने के लिए यह आवश्यक था कि सभी विभागों के अधिकारी एक समान रूप से प्रशिक्षित हों। ई-ऑफिस प्रणाली के माध्यम से अब फाइलों का संचलन तेज़ी से होगा, समय की बचत होगी और कार्यों में पारदर्शिता आएगी। इससे शासन-प्रशासन की कार्यप्रणाली अधिक प्रभावी बनेगी और जनता को सेवाएँ समय पर उपलब्ध कराई जा सकेंगी।  
          जिले के अधिकारियों ने इस प्रशिक्षण को अत्यंत उपयोगी बताया। उनका कहना था कि ई-ऑफिस और SPARROW जैसी डिजिटल प्रणालियाँ प्रशासनिक कार्यों को आधुनिक स्वरूप प्रदान करती हैं। इससे न केवल कार्यप्रवाह में सुधार होगा बल्कि जवाबदेही भी सुनिश्चित होगी। प्रशिक्षण के दौरान अधिकारियों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया और नई तकनीकों को अपनाने की तत्परता दिखाई।  
         कलेक्टोरेट कार्यालय में आयोजित यह प्रशिक्षण सत्र डिजिटल इंडिया के विज़न को साकार करने की दिशा में एक ठोस कदम है। यह पहल प्रशासनिक व्यवस्था को और अधिक प्रभावी बनाने के साथ-साथ जिले में सुशासन की नींव को मजबूत करेगी।

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बालाझापर में निःशुल्क एक दिवसीय बहुउद्देशीय पशु चिकित्सा शिविर का आयोजन 

जशपुरनगर 13 नवम्बर 2025/ पशुधन विकास विभाग जशपुर द्वारा ग्राम बालाझापर में एक दिवसीय बहुउद्देशीय पशु चिकित्सा शिविर का आयोजन किया गया। शिविर में बड़ी संख्या में कृषक व पशु पालक अपने पशु का उपचार व सलाह प्राप्त किया। पशु चिकित्सकों के द्वारा पशुओं की विभिन्न बिगारियों की पहचान कर आवश्यक उपचार प्रदान किया गया तथा 120 पशुओं में कृमि नाशक दवाइयों का वितरण किया गया।
         शिविर में उपस्थित ग्रामिणों को विभागीय योजनाओं की जानकारी दी गई। विशेष रूप से केसीसी, पशु नस्ल सुधार कार्यकम अंतर्गत कृत्रिम गर्भाधान, बधियाकरण, लिंग वर्गीकृत वीर्य, द्वारा चारा उत्पादन, चारा सरक्षण आदि के संबंध में विस्तार पूर्वक जानकारी दी गई। शिविर में 05 उपचार एवं कृमिनाशक और किलनीनाशक 120-120 दिया गया।
      पशुधन विकास विभाग द्वारा पशु पालकों से अपील किया गया कि विभाग  द्वारा चलाये जा रहे रोग प्रतिबंधात्मक टीकाकरण कार्यक्रम में सत् प्रतिशत सहभागिता दर्ज कराएं एवं पशुधन को सुरक्षित रखने में योगदान दें।

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मनोरा में अवैध गर्डलिंग किये गए वृक्षों का उपचार कर किया गया सुरक्षित

जशपुरनगर 13 नवम्बर 2025/ जशपुर वनमण्डल अन्तर्गत वन परिक्षेत्र मनोरा के सरडीह में कुछ अज्ञात तत्वों द्वारा विगत सप्ताह रात्रि में एक ही जगह पर लगभग 150 साल वृक्षों की गर्डलिंग कर गंभीर पर्यावरणीय क्षति पहुंचाने का प्रयास किया गया। वन विभाग अपराधियों की तलाश करने में तत्परता दिखाते हुए ग्रामीणों से पूछताछ कर रही है एवं ऐसे घटनाओं के प्रति सतर्क रहने व घटना घटित होने पर विभाग को त्वरित सूचित करने समझाइश दे रही है।
          वनकर्मियों ने ग्रामीणों की मदद से 200 मिश्रित -करंज, अर्जुन, सिंदूर व अन्य लगवा लिए हैं। गर्डलिंग किए गए साल वृक्षों की मिट्टी, प्लांट मूल हार्माेन पाउडर, दीमक रोधी रसायन मिश्रण का लेप लगाकर पट्टी की गई है, जिससे क्षतिग्रस्त वृक्षों का उपचार कर जीवित रखा जा सके।

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वन विभाग द्वारा हाथी से हुए मृतक  परिवार को 25 हजार की सहायता राशि दी गई

जशपुरनगर 13 नवम्बर 2025/जशपुर वनमण्डल अन्तर्गत कांसाबेल परिक्षेत्र के  ग्राम सिकीपानी में 12 नवम्बर 2025 को प्रातः लगभग 05.30 बजे हाथी द्वारा जनहानि की दुर्भाग्यपूर्ण घटना घटित हुई। कुनकुरी परिक्षेत्र से आये 12 नग हाथियों का दल कांसाबेल परिक्षेत्र में वितरणस्त था। इस दौरान ग्राम सिकीपानी की निवासी श्रीमती दोरोथिया पन्ना अपने घर के आंगन में नतनी के साथ मौजूद थीं, तभी अचानक दौड़ते हुए एक जंगली हाथी ने उन पर आक्रमण कर दिया। घटना
में श्रीमती दोरोथिया पन्ना की मृत्यु हो गई तथा उनकी नतनी कुमारी आरती पन्ना,  घायल हुई।
            सूचना प्राप्त होते ही परिक्षेत्र कांसाबेल का वन अमला त्वरित रूप से मौके पर पहुंचा तथा घायल बालिका को तत्काल उपचार हेतु स्वास्थ्य केंद्र कांसाबेल में भर्ती कराया गया, जहां प्राथमिक उपचार के बाद उसे पत्थलगांव रेफर किया गया। रैपिड रेस्पॉन्स टीम द्वारा निरंतर मुनादी कर ग्रामीणों को सतर्क किया जा रहा है तथा घटना स्थल के आसपास स्थित लगभग 10 घरों के बुजुर्ग एवं दिव्यांगजनों
को सुरक्षित स्थान पर ले जाया गया है। मृतका के ज्येष्ठ पुत्र श्री संदीप पन्ना को विभाग द्वारा तात्कालिक सहायता राशि रूपये 25 हजार प्रदाय की गई है।

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मुद्रा एवं बैंक क्रेडिट मेला का आयोजन : बगीचा में 94 समूह को 01 करोड़ 50 लाख एवं 59 हितग्राहियों को 59 लाख मुद्रा लोन की गई स्वीकृति

जशपुरनगर 13 नवम्बर 2025/ राष्ट्रीय ग्रामीण आजीविका मिशन बिहान अंतर्गत  बगीचा विकासखंड में मुद्रा एवं बैंक क्रेडिट मेला का आयोजन किया गया। जिसमें  बैंक द्वारा 01 करोड़ 50 लाख 50 हजार रूपए 94 समूह को एवं 59 लाख रूपए 59 हितग्राहियों हेतु व्यक्तिगत मुद्रा लोन की स्वीकृति प्रदान की गई।
         मुद्रा एवं बैंक क्रेडिट मेला में मुख्य अतिथि के रूप में जनपद पंचायत अध्यक्ष श्रीमती गायत्री नागेश उपस्थित थे। इसी प्रकार विशिष्ट अतिथि में श्री अरविंद गुप्ता, जनपद सदस्य श्रीमती सविता नागेश, दिनेश्वरी केरकेट्टा, जिला पंचायत से डीएलएम श्री वाल्टर भेंगरा, जिला कार्यक्रम प्रबंधक वित्तीय समावेशन अमीन खान, जिला प्रमुख साधन श्री अखिल प्रसन्ना सेठ, जनपद पंचायत बगीचा से अतिरिक्त मुख्य कार्यपालन अधिकारी श्री रमेश सोरी, विकासखंड परियोजना प्रबंधक बिहान श्री रंगेश साहू, सह. वि.वि अधिकारी श्री मिशेल खलको,  क्षेत्रीय समन्वयक टीपेन्द्र यादव, अलमा कुजूर, सभी बैंकों से ब्रांच मैनेजर ,पीआरपी एवं बिहान की 360 महिलाएं उपस्थित रहे।
           कार्यक्रम में जनपद अध्यक्ष द्वारा बिहान के महिलाओं आत्मनिर्भर बनने के लिए प्रेरित किया गया एवं बैंक मैनेजर द्वारा बिहान की महिलाओं को वित्तीय साक्षरता प्रदान किया गया।

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पोषक तत्वों से युक्त फोर्टीफाइड चावल के प्रचार-प्रसार के रथ को अपर कलेक्टर ने कलेक्टोरेट परिसर से हरी झंडी दिखाकर किया रवाना

जशपुरनगर 13 नवम्बर 2025/ जिले में कुपोषण उन्मूलन और स्वस्थ समाज के निर्माण के उद्देश्य से पोषक तत्वों से युक्त चावल फोर्टीफाइड चावल के प्रचार-प्रसार हेतु रथ को आज अपर कलेक्टर श्री प्रदीप साहू ने कलेक्टोरेट परिसर से हरी झंडी दिखाकर रवाना किया। यह रथ ग्रामीण अंचलों में भ्रमण कर लोगों को फोर्टीफाइड चावल के महत्व की जानकारी देगा और इसके उपयोग के लिए प्रेरित करेगा। इस अवसर पर जिला खाद्य अधिकारी श्री आशीष चतुर्वेदी सहित विभागीय अधिकारी एवं कर्मचारी उपस्थित रहे। इस अवसर पर अपर कलेक्टर श्री साहू ने कहा कि शासन की यह पहल आमजन को कुपोषण से मुक्ति दिलाने की दिशा में अत्यंत उपयोगी है। उन्होंने बताया कि फोर्टीफाइड चावल में आयरन, फोलिक एसिड और विटामिन बी-12 जैसे सूक्ष्म पोषक तत्व मिलाए जाते हैं, जो शरीर में रक्त की कमी को दूर करने, थकान, कमजोरी और रोग प्रतिरोधक क्षमता बढ़ाने में सहायक हैं।

      जिला खाद्य अधिकारी श्री चतुर्वेदी ने इस दौरान यह स्पष्ट किया कि फोर्टीफाइड चावल के बारे में समाज में कई भ्रांतियाँ फैली हुई हैं, जैसे यह कृत्रिम या हानिकारक होता है, परंतु यह गलत है। फोर्टीफाइड चावल पूरी तरह सुरक्षित और प्रमाणित तकनीक से तैयार किया जाता है। यह चावल सामान्य चावल की तरह ही पकाया और खाया जा सकता है। रथ के माध्यम से प्रचार दल गांव-गांव जाकर फोर्टीफाइड चावल के लाभ, उसकी पहचान और उससे जुड़ी गलतफहमियों के बारे में आमजन को जागरूक करेगा। प्रचार रथ में इससे संबंधित प्रेरक पोस्टर- बैनर एवं जागरूकता स्लोगन युक्त ध्वनि संदेश चलाने लाउडस्पीकर लगाए गए है। इसके माध्यम से लोगों को यह संदेश दिया जाएगा कि फोर्टीफाइड चावल अपनाएं और स्वस्थ जीवन पाएं।

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