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रायगढ़ में बाल विवाह रोकथाम को लेकर जिला स्तरीय कार्यशाला आयोजित,विशेषज्ञों ने कानूनी प्रावधानों और रोकथाम के उपायों पर दी जानकारी

रायगढ़, 21 फरवरी 2026/  महिला एवं बाल विकास विभाग, रायगढ़ द्वारा नगर पालिक निगम ऑडिटोरियम में बाल विवाह प्रतिषेध अधिनियम 2006 के अंतर्गत “बाल विवाह मुक्त छत्तीसगढ़” अभियान के तहत जिला स्तरीय एक दिवसीय प्रशिक्षण सह कार्यशाला का आयोजन किया गया।  कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य जिले को बाल विवाह की कुप्रथा से मुक्त करना तथा अधिकारियों एवं कर्मचारियों को कानूनी प्रावधानों की विस्तृत जानकारी देकर जमीनी स्तर पर प्रभावी कार्रवाई सुनिश्चित करना था। कार्यशाला कलेक्टर श्री मयंक चतुर्वेदी के निर्देश, जिला पंचायत के मुख्य कार्यपालन अधिकारी श्री अभिजीत बबन पठारे तथा जिला कार्यक्रम अधिकारी श्री एल.आर. कच्छप के मार्गदर्शन में  आयोजित की गई।
          कार्यक्रम में मुख्य प्रशिक्षक के रूप में बचपन बचाओ आन्दोलन रायपुर के स्टेट कोऑर्डिनेटर श्री विपिन ठाकुर उपस्थित रहे। उन्होंने पावर पॉइंट प्रस्तुति के माध्यम से बाल विवाह प्रतिषेध अधिनियम 2006, किशोर न्याय अधिनियम 2015 तथा पॉक्सो एक्ट 2012 के महत्वपूर्ण प्रावधानों की विस्तार से जानकारी दी। उन्होंने बाल विवाह रोकने के कानूनी उपायों और बच्चों के संरक्षण से जुड़े पहलुओं पर विशेष जोर देते हुए प्रतिभागियों को जागरूक किया।
              विशिष्ट अतिथि के रूप में जिला विधिक सेवा प्राधिकरण की सचिव श्रीमती अंकिता मुदलियार ने बताया कि रायगढ़ जिले की 282 ग्राम पंचायतें बाल विवाह मुक्त घोषित हो चुकी हैं और शेष 268 ग्राम पंचायतों को भी निर्धारित समय-सीमा में इस श्रेणी में लाने का लक्ष्य रखा गया है। कार्यशाला में शासन के निर्देशों का वाचन किया गया, जिसमें सभी ग्राम पंचायतों में विवाह पंजी का अनिवार्य संधारण, 12 सदस्यीय निगरानी टीम का गठन तथा आगामी रामनवमी और अक्षय तृतीया के अवसर पर जागरूकता अभियान चलाने की बात कही गई। अतिथियों ने अपने अनुभव साझा करते हुए समाज से बाल विवाह जैसी कुप्रथा को समाप्त करने और रायगढ़ को बाल विवाह मुक्त जिला बनाने के लिए समन्वय एवं सहयोग की अपील की। 
             इस अवसर पर श्री गेवेश नायक अध्यक्ष बाल कल्याण समिति, श्रीमती उन्नति ठाकुर उप पुलिस अधीक्षक एवं नोडल विशेष किशोर पुलिस इकाई, श्रीमती विनीता अग्रवाल सदस्य किशोर न्याय बोर्ड, श्री गेंदसिंह चन्द्रा सदस्य किशोर न्याय बोर्ड, श्री रूपलाल चौहान सदस्य बाल कल्याण समिति, श्रीमती निवेदिता पटनायक सदस्य बाल कल्याण समिति, श्री लक्ष्मी पटेल सदस्य बाल कल्याण समिति, श्री धीरेन्द्र कुमार शर्मा जिला बाल संरक्षण अधिकारी, महिला एवं बाल विकास के परियोजना अधिकारी, सेक्टर पर्यवेक्षक, पंचायत विभाग के ग्राम पंचायत सचिव, पुलिस विभाग के विशेष किशोर पुलिस इकाई के अधिकारी एवं कर्मचारी, शिक्षा विभाग से संकुल प्राचार्य, स्वयं सेवी संस्थान के संचालक, धार्मिक प्रतिष्ठान के प्रतिनिधि, समाज प्रमुख,  जिला बाल संरक्षण इकाई के अधिकारी एवं कर्मचारी, बाल देखरेख संस्था के अधिकारी एवं कर्मचारी सहित कुल 750 प्रतिभागी कार्यशाला में उपस्थित रहे।

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हाईटेक एक्शन में उतरा प्रशासन: ड्रोन की पैनी नजर और जमीनी सघन जांच से अवैध मादक खेती पर कसा शिकंजा, घरघोड़ा–तमनार के गांवों में प्रशासन का वृहद अभियान, खेत-खेत पहुंचकर की गई पड़ताल

रायगढ़, 21 मार्च 2026। रायगढ़ जिले में अवैध मादक पदार्थों की खेती के विरुद्ध प्रशासन ने सख्त रुख अपनाते हुए आधुनिक तकनीक का प्रभावी उपयोग शुरू कर दिया है। कलेक्टर श्री मयंक चतुर्वेदी के निर्देशन में अनुविभागीय अधिकारी (राजस्व) घरघोड़ा श्री दुर्गा प्रसाद अधिकारी एवं सीएसपी श्री मयंक मिश्रा के संयुक्त नेतृत्व में घरघोड़ा और तमनार क्षेत्र में वृहद ड्रोन सर्वे अभियान संचालित किया गया।
इस संयुक्त कार्रवाई में राजस्व विभाग, पुलिस विभाग और कृषि विभाग की टीमों ने समन्वित रूप से काम करते हुए संदिग्ध क्षेत्रों की पहचान की और ड्रोन के माध्यम से खेतों की बारीकी से निगरानी की। इस आधुनिक तकनीक के जरिए दूरस्थ और दुर्गम क्षेत्रों तक भी प्रशासन की पहुंच सुनिश्चित हुई, जिससे अवैध गतिविधियों पर प्रभावी नियंत्रण की दिशा में महत्वपूर्ण कदम उठाया गया।

ड्रोन सर्वे के साथ-साथ राजस्व विभाग के पटवारियों और कृषि विभाग के ग्रामीण कृषि विस्तार अधिकारियों ने संबंधित गांवों में मौके पर पहुंचकर खेतों में उतरकर सघन निरीक्षण किया। इस दौरान घरघोड़ा तहसील के बैहामुडा, भेंगारी, पाकादरहा, पानीखेत तथा तमनार तहसील के आमापाली, राबो, गढ़गांव एवं हराडीह में व्यापक स्तर पर जांच-पड़ताल की गई।
अभियान के दौरान अधिकारियों ने किसानों को जागरूक करते हुए स्पष्ट किया कि अवैध मादक पदार्थों की खेती कानूनन अपराध है और इसके विरुद्ध कठोर कार्रवाई की जाएगी। साथ ही वैकल्पिक वैध फसलों को अपनाने के लिए भी प्रेरित किया गया।
अनुविभागीय अधिकारी (राजस्व) श्री दुर्गा प्रसाद अधिकारी ने बताया कि जिले में अवैध मादक पदार्थों की खेती पर पूरी तरह रोक लगाने के उद्देश्य से यह अभियान निरंतर जारी रहेगा। आने वाले समय में भी ड्रोन सर्वे के साथ सघन जांच और निगरानी की कार्रवाई तेज की जाएगी, ताकि किसी भी स्थिति में इस तरह की अवैध गतिविधियों को पनपने का अवसर न मिले।
प्रशासन की इस पहल को क्षेत्र में कानून व्यवस्था सुदृढ़ करने और युवाओं को नशे के दुष्प्रभाव से बचाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है।

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ऑपरेशन आघात”: आमाघाट में जंगल किनारे चल रही करोड़ों की अवैध अफीम खेती का भंडाफोड़, 60 हजार से अधिक पौधे और तैयार अफीम जब्त — झारखंड का मास्टरमाइंड गिरफ्तार, दो आरोपी फरार, पूरे नेटवर्क की तलाश में पुलिस की ताबड़तोड़ दबिश जारी

रायगढ़, 21 मार्च 2026। जिले के तमनार थाना क्षेत्र अंतर्गत ग्राम आमाघाट में पुलिस ने अवैध अफीम की खेती का बड़ा खुलासा किया है। “ऑपरेशन आघात” के तहत की गई इस कार्रवाई में पुलिस ने 60 हजार से अधिक अफीम के पौधे और तैयार अफीम जब्त की है, जिसकी कुल कीमत 2 करोड़ 5 लाख 10 हजार रुपये आंकी गई है।

पुलिस से मिली जानकारी के अनुसार 19-20 मार्च की दरम्यानी रात मुखबिर से सूचना मिली थी कि आमाघाट के खर्राघाट भैर नाला किनारे स्थित खेत में अवैध रूप से अफीम की खेती की जा रही है। सूचना पर थाना प्रभारी तमनार निरीक्षक प्रशांत राव ने वरिष्ठ अधिकारियों को अवगत कराया। इसके बाद एसएसपी श्री शशि मोहन सिंह के निर्देशन में एंटी नारकोटिक्स टास्क फोर्स (ANTF) तथा थाना पूंजीपथरा और लैलूंगा पुलिस की संयुक्त टीम को मौके पर रवाना किया गया।

पुलिस टीम ने आमाघाट पहुंचकर खेत में दबिश दी, जहां दो व्यक्ति पुलिस को देखते ही फरार हो गए, जबकि एक व्यक्ति मौके पर पकड़ में आ गया। पूछताछ में उसने अपना नाम मार्शल संगा (40 वर्ष), निवासी जिला खूंटी (झारखंड) बताया। आरोपी ने स्वीकार किया कि वह अपने साथियों इमानवेल भेंगरा और सीप्रियन भेंगरा के साथ मिलकर अवैध रूप से अफीम की खेती कर रहा था।

कार्रवाई के दौरान मौके पर आबकारी विभाग, एफएसएल, कृषि एवं राजस्व विभाग की टीमों को बुलाया गया। एफएसएल जांच में खेत में लगी फसल को अफीम होना पुष्टि हुई। जांच में पाया गया कि उक्त खेती पांच अलग-अलग खसरों की जमीन पर की जा रही थी।

जब्ती का विवरण:

  • 60,326 अफीम पौधे
  • कुल वजन 2,877 किलोग्राम (कीमत लगभग ₹1.90 करोड़)
  • 3.02 किलोग्राम तैयार अफीम (कीमत ₹15.10 लाख)
    कुल जुमला कीमत – ₹2,05,10,000

आरोपी मार्शल संगा के मेमोरेंडम के आधार पर उसके आमाघाट स्थित निवास (ससुराल) से 3.02 किलोग्राम तैयार अफीम भी बरामद की गई।

पुलिस ने आरोपी के खिलाफ थाना तमनार में अपराध क्रमांक 59/2026, धारा 8 (बी), 18 एनडीपीएस एक्ट के तहत मामला दर्ज कर लिया है। फरार आरोपियों की तलाश में पुलिस टीम लगातार दबिश दे रही है।

एसएसपी का सख्त संदेश
एसएसपी श्री शशि मोहन सिंह ने कहा कि “ऑपरेशन आघात के तहत जिले में मादक पदार्थों के अवैध कारोबार के खिलाफ लगातार सख्त कार्रवाई जारी है। फरार आरोपियों को जल्द गिरफ्तार किया जाएगा।”

गिरफ्तार आरोपी:
मार्शल संगा, निवासी जिला खूंटी (झारखंड), हाल मुकाम आमाघाट, थाना तमनार

फरार आरोपी:
इमानवेल भेंगरा एवं सीप्रियन भेंगरा (झारखंड)

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विजुअल पुलिसिंग का सख्त वार: रायगढ़ में खुलेआम शराबखोरी पर पुलिस का शिकंजा, सड़कों पर उतरी पुलिस—एक्शन मोड में प्रशासन, असामाजिक तत्वों में हड़कंप

21 मार्च, रायगढ़ । वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक श्री शशि मोहन सिंह के दिशा निर्देशन पर शहर में “विजुअल पुलिसिंग” को प्रभावी बनाने के उद्देश्य से उन स्थानों पर लगातार पैदल पेट्रोलिंग की जा रही है, जहां अड्डेबाजी और खुले में शराब सेवन की शिकायतें प्राप्त हो रही थीं। इसी क्रम में पिछले तीन दिनों से सीएसपी मयंक मिश्रा के नेतृत्व में अलग-अलग थानाक्षेत्रों में शाम के समय पुलिस मुख्य मार्केट, चौंक-चौराहों और आडेबाजी के इलाकों में दबिश दे रही है । 

          जानकारी के अनुसार दिनांक 18 मार्च को थाना प्रभारी चक्रधरनगर निरीक्षक राकेश मिश्रा के नेतृत्व में पहाड़ मंदिर एवं टीवी टावर क्षेत्र में पुलिस द्वारा पैदल मार्च कर मुख्य मार्ग किनारे तथा सुनसान स्थानों की सघन जांच की गई, जिसमें 6 लोगों को पकड़ा गया । कार्रवाई के दौरान खुले में शराब सेवन करते पाए गए आकाश राठिया निवासी जुर्डा के विरुद्ध आबकारी एक्ट की धारा 36(च) के तहत कार्रवाई की गई, वहीं पेट्रोलिंग के दौरान शराब के नशे में वाहन चलाते मिले अरविंद डनसेना निवासी टीवी टावर के विरुद्ध मोटर व्हीकल एक्ट की धारा 185 के तहत कार्रवाई की गई, जिसमें प्रथम अपराध पर 10,000 रुपये जुर्माना या 6 माह तक की सजा का प्रावधान है।

          दिनांक 19 मार्च 2026 को नगर पुलिस अधीक्षक श्री मयंक मिश्रा के नेतृत्व में थाना प्रभारी कोतवाली निरीक्षक सुखनंदन पटेल एवं कोतवाली स्टाफ द्वारा रायगढ़ मुख्य बाजार, उर्दना एवं ईलामाल क्षेत्र में पैदल पेट्रोलिंग कर सघन चेकिंग की गई। इस दौरान सार्वजनिक स्थानों पर शराब सेवन करते पाए गए कुल 9 व्यक्तियों के विरुद्ध आबकारी एक्ट की धारा 36(च) के तहत कार्रवाई की गई, जबकि अन्य लोगों को समझाइश देकर छोड़ा गया। 

   इसी कड़ी में कल थाना प्रभारी जूटमिल निरीक्षक अभिनव कांत सिंह के साथ थाना जूटमिल और 6वीं बटालियन और रिर्जव बल ने जूटमिल इलाके के पुराना बस स्टैंड, दुर्गा चौंक, हीरानगर, कबीर चौंक, कांशीराम चौंक, अटल चौंक क्षेत्र में पैदल पेट्रोलिंग की गई । थाना प्रभारी ने स्टाफ को कबीर चौंक, कांशीराम चौंक, अटल चौंक पर लगातार पेट्रोलिंग के निर्देश दिये ।

        एसएसपी श्री शशि मोहन सिंह के निर्देशन एवं अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक श्री अनिल सोनी के मार्गदर्शन में आगे भी विजुअल पुलिसिंग के तहत शहर के विभिन्न क्षेत्रों में सतत पेट्रोलिंग कर असामाजिक तत्वों के विरुद्ध प्रभावी कार्रवाई जारी रहेगी। 

एसएसपी श्री शशि मोहन सिंह का सख्त संदेश —  “विजुअल पुलिसिंग के तहत प्रतिदिन शहर के अलग-अलग थानाक्षेत्रों में पैदल गस्त की जा रही है, इस दौरन सार्वजनिक स्थानों में खुलेआम शराब सेवन करने वाले और शराब सेवन कर वाहन चलाने वालों पर कार्यवाही की जा रही है ।”*

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टीईटी की अनिवार्यता के विरोध में आगामी 4 अप्रैल को देश की राजधानी दिल्ली में होगा राष्ट्रीय आंदोलन ,ऑनलाइन बैठक में टीएफआई छत्तीसगढ़ के बड़े फैसले — हर ब्लॉक से बस, हर जिले में बैठक, आंदोलन की पूरी रणनीति तैयार

रायपुर //- 21 मार्च 
       टीएफआई छत्तीसगढ़ की आज ऑनलाइन बैठक संपन्न हुई, बैठक में टीचर्स फेडरेशन ऑफ इंडिया के राष्ट्रीय उपाध्यक्ष केदार जैन एवं मनीष मिश्रा सहित छत्तीसगढ़ सहायक शिक्षक/समग्र शिक्षक फेडरेशन के प्रदेश अध्यक्ष रविंद्र राठौर, एवं छत्तीसगढ़ प्रदेश के विभिन्न शैक्षिक संगठनों के प्रदेश अध्यक्षगण, विकास राजपूत, जाकेश साहू, प्रदीप पांडे, कमलेश बिसेन एवं रामचंद सोनवंशी सम्मिलित हुए। 2 घंटे से अधिक समय तक चली इस बैठक में निम्न अनेक निर्णय लिए गए - 
01) कल 21 मार्च को प्रदेश के समस्त 33 जिलों में टीएफआई छत्तीसगढ़ की संयुक्त रूप से बैठक आयोजित होगी। 
02) टीएफआई में शामिल सभी शिक्षक संगठनों के जिला अध्यक्ष आपस में तालमेल रखकर एवं समन्वय बनाते हुए बैठक लेंगे। सभी संगठनों के जिलाध्यक्ष टीएफआई छत्तीसगढ़ में जिला संचालक कहलाएंगे।
03) इसी प्रकार आगामी 24 अप्रैल को प्रदेश के समस्त 146 विकासखंडों में टीएफआई छत्तीसगढ़ के अंतर्गत सभी संगठनो के सभी ब्लॉक अध्यक्षगण आपस में समन्वय बिठाकर बैठक आयोजित करेंगे। सभी ब्लाक अध्यक्ष अब ब्लाक संचालक कहलाएंगे।
04) प्रत्येक विकासखंड से एक लग्जरी बस आंदोलन के लिए दिल्ली जाएगी। यह व्यवस्था संबंधित सभी ब्लॉक अध्यक्ष अर्थात ब्लॉक संचालक लोग सामंजस्यता के साथ सुनिश्चित करेंगे।
05) आगामी चार अप्रैल को दिल्ली जाने की सूचना एवं आंदोलन की जानकारी विधिवत लिखित रूप से समस्त जिला एवं ब्लॉक संचालक गण अपने-अपने जिला कलेक्टर, जिला शिक्षाधिकारी एवं विकासखंड शिक्षाधिकारी व संबंधित विकासखंड के सभी अधिकारियों को देंगे।
 06) चार अप्रैल को दिल्ली में आंदोलन के लिए सभी शिक्षक साथी नियमानुसार एक दिवस, दो दिवस अथवा तीन दिवस का अवकाश लेंगे। अवकाश संबंधी आवेदन 3 दिन या दो दिन पूर्व ही अपने विकासखंड शिक्षाधिकारी अथवा संकुल समन्वय को प्रेषित करेंगे।
07) दिल्ली जाने वाले शिक्षक प्रत्येक विकासखंड से लग्जरी बस अथवा ट्रेन से दिल्ली जाएंगे एवं जो साथी दिल्ली नहीं जाएंगे वह सभी टीईटी से प्रभावित शिक्षक 4 तारीख को 1 दिन का आकस्मिक अवकाश लेकर हड़ताल में रहेंगे।
08) ब्लाक के टीईटी पीड़ित समस्त शिक्षकों से ब्लाक टीम द्वारा एक निर्धारित शुल्क लिया जाएगा।
09) संबंधित शुल्क से ही दिल्ली जाने वाले शिक्षकों का परिवहन व्यय किया जाएगा।
10) शुल्क की एक निर्धारित राशि प्रदेश बाड़ी को दी जाएगी। जिससे दिल्ली आंदोलन का व्यय भेजा जाएगा। 
11) अप्रैल माह के अंतिम सप्ताह में राजधानी रायपुर में टीईटी के विरोध में वृहत एवं व्यापक आंदोलन होगा।
12) छत्तीसगढ़ प्रदेश के ऐसे शिक्षक संगठन जो अभी तक टीएफआई में सम्मिलित नहीं है उनसे भी आग्रह किया गया है कि वे टीएफआई छत्तीसगढ़ में शामिल हों।

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सरगुजा–सूरजपुर में विकास, खेल और किसान कल्याण का महाकुंभ: मुख्यमंत्री साय 21 मार्च को करेंगे सरगुजा ओलंपिक, तिलहन किसान मेला और कुदरगढ़ महोत्सव का भव्य शुभारंभ, 185 करोड़ के 76 विकास कार्यों की देंगे ऐतिहासिक सौगात

रायपुर, 20 मार्च 2026/ मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय 21 मार्च को सरगुजा और सूरजपुर जिले के दौरे पर रहेंगे। मुख्यमंत्री सरगुजा जिले के मुख्यालय अम्बिकापुर में बस्तर ओलंपिक की तर्ज पर आयोजित संभाग स्तरीय ‘सरगुजा ओलंपिक 2026’ तथा ‘राज्य स्तरीय तिलहन-किसान मेला 2026’ का उद्घाटन करेंगे। मुख्यमंत्री सूरजपुर जिले के कुदरगढ़ में आयोजित ‘कुदरगढ़ महोत्सव 2026’ का उद्घाटन करेंगे। 

मुख्यमंत्री श्री साय निर्धारित दौरा कार्यक्रम के अनुसार पूर्वान्ह 10.30 बजे पुलिस ग्राउंड हेलीपेड रायपुर से हेलीकॉप्टर द्वारा रवाना 11.50 बजे सरगुजा संभाग के मुख्यालय अंबिकापुर पहुंचेंगे और दोपहर 12 बजे वहां आयोजित संभाग स्तरीय सरगुजा ओलंपिक 2026 का शुभारंभ करेंगे। अम्बिकापुर के पीजी कॉलेज ग्राउण्ड में सरगुजा ओलंपिक का आयोजन 21 से 23 मार्च तक किया जाएगा, जिसमें 12 खेल विधाओं में सरगुजा संभाग के सभी जिलों के 2000 से अधिक प्रतिभागी हिस्सा लेंगे। 

प्रतियोगिता के विजेता खिलाड़ियों को राज्य की खेल प्रशिक्षण अकादमियों में सीधे प्रवेश दिया जाएगा और उन्हें युथ आइकॉन के रूप में सम्मानित किया जाएगा। सरगुजा ओलंपिक में कबड्डी, खो-खो, तीरंदाजी, फुटबॉल, वॉलीबॉल, हॉकी, कुश्ती, दौड़, बेडमिंटन, रस्साकसी सहित 12 खेल विधाओं में प्रतियोगिता आयोजित होंगी।

मुख्यमंत्री श्री साय सरगुजा ओलंपिक के शुभारंभ के बाद दोपहर 1.40 बजे अम्बिकापुर के राजमोहिनी देवी कृषि महाविद्यालय एवं अनुसंधान केन्द्रों में आयोजित दो दिवसीय तिलहन मेला-किसान मेला 2026 का शुभारंभ करेंगे। इस मेले का आयोजन नेशनल मिशन ऑन एडिबल ऑयल-ऑयलसीड्स के अंतर्गत कृषि विभाग एवं इंदिरा गांधी कृषि विश्वविद्यालय द्वारा संयुक्त रूप से आयोजित किया जा रहा है। 

*कुदरगढ़ महोत्सव: 185 करोड़ के 76 विकास कार्यों का होगा लोकार्पण-भूमिपूजन*

मुख्यमंत्री श्री साय तिलहन मेला-किसान मेला 2026 का शुभारंभ करने के बाद दोपहर 2.40 बजे अंबिकापुर से हेलीकॉप्टर द्वारा रवाना होकर 3 बजे सूरजपुर जिले के ओड़गी विकासखंड के ग्राम कुदरगढ़ पहुंचेंगे तथा वहां कुदरगढ़ महोत्सव 2026 का शुभारंभ करेंगे। मुख्यमंत्री इस अवसर पर जिलेवासियों को 185 करोड़ 10 लाख रूपए की लागत के 76 विकास कार्यों की सौगात देंगे। मुख्यमंत्री इनमें से 52 विकास कार्यों का लोकार्पण और 24 कार्यों का भूमिपूजन करेंगे। मुख्यमंत्री श्री साय इस कार्यक्रम के बाद कुदरगढ़ से शाम 4.20 बजे हेलीकॉप्टर द्वारा रवाना होकर शाम 5.35 बजे रायपुर लौट आएंगे।

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निष्पक्ष परीक्षा प्रणाली की दिशा में ऐतिहासिक कदम: नकल, फर्जी अभ्यर्थी और हाईटेक चीटिंग पर कड़े प्रावधान, दोषियों की संपत्ति जब्ती तक का प्रावधान

रायपुर, 20 मार्च 2026/ छत्तीसगढ़ विधानसभा में आज छत्तीसगढ़ (लोक भर्ती एवं व्यावसायिक परीक्षाओं में अनुचित साधनों की रोकथाम) विधेयक, 2026 को पारित किया दिया। इस विधेयक के माध्यम से राज्य में आयोजित होने वाली भर्ती एवं प्रवेश परीक्षाओं को अधिक पारदर्शी, सुरक्षित और विश्वसनीय बनाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम उठाया गया है।

विधानसभा में विधेयक पर चर्चा के दौरान मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय ने कहा कि विकसित राज्य के निर्माण में युवाओं की भूमिका अत्यंत महत्वपूर्ण होती है, इसलिए यह आवश्यक है कि भर्ती परीक्षाओं की प्रक्रिया निष्पक्ष और पारदर्शी हो। उन्होंने कहा कि इस विधेयक का उद्देश्य परीक्षा प्रणाली में अनुचित साधनों के उपयोग को पूरी तरह समाप्त करना और योग्य अभ्यर्थियों को समान अवसर प्रदान करना है।

मुख्यमंत्री ने कहा कि नई व्यवस्था के तहत प्रश्नपत्र लीक, फर्जी अभ्यर्थियों की भागीदारी तथा इलेक्ट्रॉनिक उपकरणों के माध्यम से नकल जैसी गतिविधियों को स्पष्ट रूप से दंडनीय अपराध घोषित किया गया है। उन्होंने बताया कि ऐसे मामलों में तीन से दस वर्ष तक की सजा और दस लाख रुपये तक के जुर्माने का प्रावधान किया गया है, जबकि संगठित अपराध के मामलों में एक करोड़ रुपये तक के जुर्माने के साथ संपत्ति जब्ती का भी प्रावधान रखा गया है।

उन्होंने कहा कि यदि कोई अभ्यर्थी नकल या अन्य अनुचित साधनों का उपयोग करते हुए पाया जाता है, तो उसका परीक्षा परिणाम निरस्त किया जाएगा और उसे एक से तीन वर्ष तक परीक्षा से प्रतिबंधित किया जा सकेगा। मुख्यमंत्री ने यह भी बताया कि परीक्षा से जुड़ी एजेंसियों, आईटी सेवा प्रदाताओं और परीक्षा केंद्रों के प्रबंधकों को भी जवाबदेह बनाया गया है, ताकि किसी भी स्तर पर लापरवाही या अनियमितता की संभावना को रोका जा सके।

मुख्यमंत्री श्री साय ने कहा कि इस कानून के तहत यह भी सुनिश्चित किया गया है कि परीक्षा से संबंधित मामलों की जांच उप निरीक्षक से नीचे के अधिकारी द्वारा नहीं की जाएगी, जिससे जांच की गुणवत्ता और विश्वसनीयता बनी रहे। आवश्यकता पड़ने पर राज्य सरकार विशेष जांच एजेंसियों को भी जांच सौंप सकेगी।
उन्होंने बताया कि यह कानून राज्य लोक सेवा आयोग, व्यापमं तथा विभिन्न शासकीय विभागों, निगमों और मंडलों द्वारा आयोजित सभी भर्ती एवं प्रवेश परीक्षाओं पर लागू होगा। इसके माध्यम से परीक्षा प्रणाली में पारदर्शिता बनाए रखने, अनुचित हस्तक्षेप को रोकने और अभ्यर्थियों के हितों की रक्षा करने का प्रयास किया गया है।

मुख्यमंत्री ने कहा कि इस प्रकार के सख्त प्रावधानों से परीक्षा प्रक्रिया में विश्वास बढ़ेगा और योग्य अभ्यर्थियों को उनकी मेहनत के अनुरूप अवसर प्राप्त हो सकेंगे। उन्होंने विश्वास व्यक्त किया कि यह कानून राज्य में एक निष्पक्ष और विश्वसनीय परीक्षा प्रणाली स्थापित करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा।

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जल संकट की बढ़ती आहट के बीच जशपुर में गूंजेगा बड़ा संकल्प, जीवनदायनी बांकी नदी को बचाने शुरू होगा व्यापक जनमहाअभियान


जशपुरनगर: शहर की जीवनदायनी बांकी नदी को बचाने के लिए जल्द ही महाभियान शुरू होगा। छत्तीसगढ़ राज्य महिला आयोग की सदस्य प्रियवंदा सिंह जूदेव ने इसके लिए पहल करते हुए शहर के सामाजिक संगठनों और प्रबुद्वजनों से इसकी प्रारंभिक रूपरेखा पर चर्चा की। प्रियवंदा सिंह जूदेव ने कहा कि हवा और पानी,मानव जीवन की पहली आवश्यकता है। शहर के बेहतर पर्यावरण के कारण अब तक जलवायु बेहतर है। लेकिन जल संकट मुंह बांय खड़ा हुआ है। इसलिए हम सबकों मिल कर इस संकट से जशपुर को बचाने के लिए प्रयास करना होगा। उन्होनें कहा कि जशपुर शहर को जल संकट से दूर रखने के लिए बांकी नदी की सबसे अहम भूमिका है। इसे संरक्षित करना आवश्यक है। अधिवक्ता सत्य प्रकाश तिवारी ने सुझाव देते हुए कहा कि बांकी नदी को बचाने और इसे संरक्षित करने का प्रयास पहले भी हुआ है। लेकिन,आम लोगों से जुड़ाव ना होने के कारण,कालांतर में यह सफल नहीं हो सका। इसलिए अभियान में जन सहभागिता आवश्यक है।

      अतुल मुंदड़ा ने कहा कि बांकी नदी के संरक्षण के लिए इसके आसपास रहने वालों को जोड़ना आवश्यक है। उन्होने सुझाव दिया कि नदी के तट का सुंदरीकरण किया जाए,जिससे आम लोगों की दिनचर्या में नदी शामिल हो सके। गायत्री परिवार के शादुल राम ने बताया कि विश्व गायत्री परिवार पर्यावरण और जल संरक्षण के लिए लगातार काम कर रहा है। उन्होनें सुझाव देते हुए कहा कि नदी तट पर पौधा रोपण करना उपयोगी साबित हो सकता है।

    नगर के वरिष्ठ नागरिक नरेश नंदे ने कहा कि मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय,शहर के विकास के लिए गंभीर हैं। बीते ढाई साल के दौरान शहर में विकास के ऐतेहासिक काम हुए है। बांकी नदी को संरक्षित और संवर्धित करने के लिए ठोस योजना बना कर,उनके समक्ष मांग रखा जाना चाहिए। ताकि सरकार के स्तर से इस ओर पहल हो सके। इस बैठक में जल संरक्षण अभियान को लेकर आने वाले दिनों में शहरवासियों व विभिन्न सामाजिक संगठनों से व्यापक स्तर पर चर्चा करने का निर्णय लिया गया।

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आदिवासी शिक्षा में ऐतिहासिक क्रांति की शुरुआतः रायगढ़ में 4 जर्जर छात्रावासों की जगह बनेंगे अत्याधुनिक भवन, 6 करोड़ से अधिक की स्वीकृति से हजारों बच्चों को मिलेगा सुरक्षित, सम्मानजनक और प्रेरणादायक माहौल

रायगढ़, 20 मार्च 2026/ मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय के दूरदर्शी एवं जनकल्याणकारी नेतृत्व में रायगढ़ जिले के आदिवासी अंचलों को एक बड़ी सौगात मिली है। जिला खनिज संस्थान न्यास (डीएमएफ) मद से संचालित चार प्रमुख आदिवासी छात्रावासों के लिए नवीन भवन निर्माण को प्रशासनिक स्वीकृति प्रदान की गई है। यह निर्णय केवल भवन निर्माण तक सीमित नहीं, बल्कि आदिवासी समाज के शैक्षणिक, सामाजिक और आर्थिक सशक्तिकरण की दिशा में एक दूरगामी पहल के रूप में देखा जा रहा है, जिससे आने वाले वर्षों में हजारों बच्चों का भविष्य संवरने वाला है।
         स्वीकृत कार्यों के अंतर्गत विकासखंड धरमजयगढ़ एवं लैलूंगा क्षेत्र में स्थित शासकीय आदिवासी कन्या आश्रम सोनाजोरी, शासकीय आदिवासी कन्या आश्रम पुरूंगा, प्री-मैट्रिक आदिवासी बालक छात्रावास मुकडेगा तथा प्री-मैट्रिक आदिवासी कन्या छात्रावास खड़गांव शामिल हैं। इन चारों छात्रावासों के लिए कुल लगभग 6.10 करोड़ रुपये की राशि स्वीकृत की गई है, जिसमें प्रत्येक भवन पर लगभग 1.52 करोड़ से 1.62 करोड़ रुपये व्यय किए जाएंगे। वर्षों से संचालित ये छात्रावास भवन अत्यंत जर्जर स्थिति में पहुंच चुके थे, जिससे बच्चों को कई प्रकार की असुविधाओं का सामना करना पड़ता था। अब नए, सुरक्षित और आधुनिक भवनों के निर्माण से न केवल इन संस्थानों का कायाकल्प होगा, बल्कि बच्चों को एक सम्मानजनक और प्रेरणादायक वातावरण भी प्राप्त होगा।
             इन छात्रावासों के निर्माण से प्रतिवर्ष लगभग 400 से 500 आदिवासी छात्र-छात्राएं सीधे लाभान्वित होंगे। आने वाले वर्षों में यह संख्या हजारों तक पहुंचने की संभावना है। दूरस्थ और वनांचल क्षेत्रों से आने वाले बच्चों के लिए यह सुविधा किसी वरदान से कम नहीं होगी, क्योंकि उन्हें अब बेहतर आवास, सुरक्षा और अध्ययन का अनुकूल वातावरण मिलेगा। नए भवनों में विद्यार्थियों को समग्र विकास के लिए आवश्यक सभी सुविधाएं उपलब्ध कराई जाएंगी, जिनमें नियमित स्वास्थ्य परीक्षण, प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी हेतु कोचिंग, निःशुल्क गणवेश एवं शैक्षणिक सामग्री, स्वच्छ पेयजल, आधुनिक शौचालय, पर्याप्त रोशनी एवं सुरक्षित आवासीय व्यवस्था शामिल हैं। इन व्यवस्थाओं से बच्चों का आत्मविश्वास बढ़ेगा और वे पूरी एकाग्रता के साथ अपने लक्ष्य की ओर आगे बढ़ सकेंगे। इन छात्रावासों में अध्ययन करने वाले बच्चे भविष्य में डॉक्टर, इंजीनियर, शिक्षक, प्रशासनिक अधिकारी और जागरूक नागरिक बनकर समाज और राष्ट्र के विकास में अपनी महत्वपूर्ण भूमिका निभाएंगे। यह पहल आदिवासी समाज को मुख्यधारा से जोड़ने और शिक्षा के माध्यम से उन्हें सशक्त बनाने की दिशा में एक मील का पत्थर साबित होगी।

*जनप्रतिनिधियों के समन्वित प्रयासों से मिली सौगात*

इस महत्वपूर्ण और दूरगामी निर्णय का श्रेय मुख्यमंत्री विष्णु देव साय के नेतृत्व को जाता है, जिनके मार्गदर्शन में आदिवासी क्षेत्रों के विकास को सर्वोच्च प्राथमिकता दी जा रही है। साथ ही, जिले के प्रभारी मंत्री श्री राम विचार नेताम ने इस दिशा में विशेष रुचि लेते हुए निरंतर प्रयास किए। वहीं, वित्त मंत्री एवं रायगढ़ विधायक श्री ओ.पी.चौधरी के प्रभावी वित्तीय प्रबंधन और विकासोन्मुख सोच के कारण ही इस योजना के लिए आवश्यक बजट स्वीकृत हो सका। सांसद श्री राधेश्याम राठिया ने भी डीएमएफ की बैठक में इन भवनों की आवश्यकता को प्रमुखता से रखते हुए विशेष पहल की। इन सभी जनप्रतिनिधियों के समन्वित और प्रतिबद्ध प्रयासों का ही परिणाम है कि आज रायगढ़ जिले के आदिवासी बच्चों को बेहतर शिक्षा, सुरक्षित आवास और उज्ज्वल भविष्य की दिशा में यह बड़ी सौगात मिल पाई है।

*जिले में खुशी की लहर, अभिभावकों ने जताया आभार*

इस स्वीकृति के बाद रायगढ़ जिले के ग्रामीण एवं आदिवासी क्षेत्रों में खुशी का माहौल है। अभिभावकों और आम नागरिकों ने इसे बच्चों के जीवन में सकारात्मक परिवर्तन लाने वाला ऐतिहासिक निर्णय बताया है और जनप्रतिनिधियों के प्रति आभार व्यक्त किया है। निश्चित रूप से यह पहल केवल भवन निर्माण नहीं, बल्कि रायगढ़ के आदिवासी बच्चों के सपनों को साकार करने की दिशा में एक मजबूत, स्थायी और प्रेरणादायक कदम है, जो आने वाले समय में पूरे क्षेत्र की तस्वीर बदल सकता है।

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एसबीआई की बड़ी पहल: ‘उन्नायक सेवा समिति’ को 18 सीटर स्कूल बस भेंट, बच्चों के लिए शिक्षा की राह हुई बेहद आसान

रायगढ़, 20 मार्च 2026/ भारतीय स्टेट बैंक (एसबीआई) ने अपनी कॉर्पोरेट सामाजिक उत्तरदायित्व (सीएसआर) पहल के तहत ‘उन्नायक सेवा समिति’ रायगढ़ को 18 सीटर विंगर स्कूल बस प्रदान की है। यह बस 19 मार्च 2026 को एसबीआई के क्षेत्रीय व्यवसाय कार्यालय, रायगढ़ द्वारा संस्था को सौंपी गई। यह पहल बाल कल्याण, शिक्षा और पुनर्वास के क्षेत्र में कार्यरत संस्था के बच्चों के लिए बड़ी राहत साबित होगी। कार्यक्रम में भोपाल सर्कल के महाप्रबंधक मनोज कुमार ने औपचारिक रूप से बस की चाबी संस्था की प्रबंधक रुपाली रवानी को सौंपी। इस अवसर पर छात्रावास के अनाथ बच्चों ने गीत प्रस्तुत कर अतिथियों का स्वागत किया, जिससे कार्यक्रम भावनात्मक और प्रेरणादायक बन गया।

सामाजिक विकास के प्रति एसबीआई की प्रतिबद्धता
इस अवसर पर महाप्रबंधक मनोज कुमार ने कहा कि भारतीय स्टेट बैंक देशभर में सामुदायिक कल्याण और सामाजिक विकास की पहलों को निरंतर समर्थन देता रहा है। उन्होंने इस बात पर जोर दिया कि बैंक जनसेवा और क्षेत्रीय विकास के लिए कार्यरत संस्थाओं के साथ अपनी साझेदारी को और मजबूत करने के लिए प्रतिबद्ध है। यह पहल एसबीआई के उन सतत प्रयासों को दर्शाती है, जिनके माध्यम से बैंक अपने सीएसआर कार्यक्रमों के जरिए समाज के वंचित वर्गों के जीवन में सकारात्मक बदलाव लाने का कार्य कर रहा है।

बच्चों को मिलेगी बड़ी सुविधा, संस्था ने जताया आभार
‘उन्नायक सेवा समिति’ की प्रबंधक रुपाली रवानी ने इस सहयोग के लिए एसबीआई का आभार व्यक्त करते हुए कहा कि अब तक बच्चों को छात्रावास से स्कूल आने-जाने में काफी कठिनाइयों का सामना करना पड़ता था, लेकिन इस बस के मिलने से उनकी यह समस्या काफी हद तक दूर हो जाएगी और शिक्षा की राह आसान बनेगी।
            इस अवसर पर महाप्रबंधक एवं क्षेत्रीय प्रबंधक द्वारा छात्रावास परिसर में वृक्षारोपण भी किया गया, जिससे पर्यावरण संरक्षण का संदेश दिया गया। कार्यक्रम में एसबीआई के क्षेत्रीय प्रबंधक धर्मेंद्र सिंह रावत, अग्रणी बैंक प्रबंधक कमल किशोर सिंह, मुख्य प्रबंधक क्षीतेश्वर पटेल, रवि कुमार चौकीकर, पीयूष कुमार एवं प्रेम पटेल सहित बैंक के अन्य अधिकारी एवं उन्नायक सेवा समिति के सदस्य, स्टाफ और छात्र-छात्राएं उपस्थित रहे।

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एससीव्हीटी, हायर सेकेण्डरी एवं आईटीआई की संयुक्त परीक्षा 1 से 10 अप्रैल तक,परीक्षा फार्म जमा करने की अंतिम तिथि 25 मार्च

रायगढ़, 20 मार्च 2026/ संचालनालय रोजगार एवं प्रशिक्षण छ.ग. रायपुर द्वारा आयोजित की जाने वाली राज्य व्यवसायिक परीक्षा (एससीव्हीटी) एवं हायर सेकेण्डरी व आईटीआई की संयुक्त पूरक परीक्षा अप्रैल 2026 की परीक्षा समय सारणी जारी कर दी गई है। एससीव्हीटी एवं हायर सेकेण्डरी व आईटीआई की संयुक्त पूरक पात्र प्रशिक्षणार्थी जिनके प्रयास शेष है, उक्त परीक्षा में सम्मिलित होगें। एस.सी.व्ही.टी. एवं हायर सेकेण्डरी एवं आईटीआई की संयुक्त परीक्षा अप्रैल 2026 की परीक्षा 1 से 10 अप्रैल 2026 तक संपन्न होना नियत है। परीक्षार्थी परीक्षा फार्म 25 मार्च 2026 तक निर्धारित समय में भरकर संस्था में जमा करें। विस्तृत जानकरी संस्था से प्राप्त की जा सकती है तथा संस्था के सूचना पटल में चस्पा किया गया है जिसका अवलोकन कर सकते हैं। इस संबंध में अन्य विस्तृत जानकारी के लिए औद्योगिक प्रशिक्षण संस्था रायगढ़ में संपर्क कर सकते है।

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छाल में जिला स्तरीय जनसमस्या निवारण शिविर, मौके पर समाधान और योजनाओं का मिला सीधा लाभ,सैकड़ों आवेदनों का मौके पर निराकरण, ग्रामीणों में दिखा उत्साह

रायगढ़, 20 मार्च 2026/ आमजनों की समस्याओं के त्वरित समाधान के उद्देश्य से जिला प्रशासन द्वारा धरमजयगढ़ विकासखंड के तहसील मुख्यालय छाल में जिला स्तरीय जनसमस्या निवारण शिविर का आयोजन किया गया। कलेक्टर श्री मयंक चतुर्वेदी के निर्देशन में आयोजित इस शिविर में छाल एवं आसपास के गांवों से बड़ी संख्या में ग्रामीण पहुंचे और अपनी समस्याएं प्रशासन के समक्ष रखीं। शिविर में प्राप्त सैकड़ों आवेदनों का मौके पर ही निराकरण किया गया तथा पात्र हितग्राहियों को विभिन्न योजनाओं से लाभान्वित किया गया। शिविर में मौजूद जनप्रतिनिधियों ने व्यवस्थाओं का अवलोकन कर अधिकारियों को प्राप्त आवेदनों के गुणवत्तापूर्ण एवं समयबद्ध निराकरण के निर्देश दिए। जिला पंचायत सदस्य श्रीमती रजनी राठिया ने प्रशासन की इस पहल की सराहना करते हुए आमजनों को अधिक से अधिक लाभ उठाने के लिए प्रेरित किया। जनपद पंचायत अध्यक्ष श्रीमती लीनव बिरजू राठिया ने कहा कि जिला प्रशासन का पूरा अमला आज यहां उपस्थित है, जिससे आमजन अपनी समस्याओं का समाधान कराकर योजनाओं का अधिकतम लाभ उठाएं। इस अवसर पर अन्य जनप्रतिनिधियों ने भी अपने विचार साझा करते हुए प्रशासन के प्रति धन्यवाद ज्ञापित किया।
             शिविर में विभिन्न विभागों द्वारा स्टॉल लगाकर योजनाओं की जानकारी दी गई। स्वास्थ्य विभाग द्वारा निःशुल्क स्वास्थ्य जांच की गई। शिविर में आधार कार्ड, आयुष्मान कार्ड, राशन कार्ड, श्रम कार्ड निर्माण तथा राजस्व प्रकरणों का मौके पर निराकरण किया गया। साथ ही विभिन्न योजनाओं के लिए नए आवेदनों का पंजीयन भी किया गया। हाईस्कूल प्रांगण में आयोजित शिविर के दौरान 20 कृषकों को वन अधिकार फौती, नामांतरण एवं किसान किताब प्रदान की गई। स्वास्थ्य विभाग द्वारा 6 हितग्राहियों को आयुष्मान कार्ड जारी किए गए। अपेक्स बैंक शाखा धरमजयगढ़ द्वारा किसानों को केसीसी योजना के तहत 5 लाख रुपए से अधिक के ऋण स्वीकृत किए गए। समग्र शिक्षा योजना के अंतर्गत 5 दिव्यांग विद्यार्थियों को शैक्षणिक सामग्री वितरित की गई।
            महिला एवं बाल विकास विभाग द्वारा 8 महिलाओं की गोद भराई तथा 9 बच्चों का अन्नप्राशन संस्कार कराया गया। राष्ट्रीय ग्रामीण आजीविका मिशन के तहत उन्नति एवं ज्योति महिला स्व-सहायता समूह को आजीविका गतिविधियों के लिए 60-60 हजार रुपए की सहायता राशि प्रदान की गई। शिविर में 25 हितग्राहियों को राशन कार्ड, 14 बच्चों को जाति प्रमाण पत्र वितरित किए गए। उद्यान विभाग द्वारा 20 से अधिक हितग्राहियों को फलदार पौधे दिए गए। समाज कल्याण विभाग द्वारा दिव्यांगजनों को वॉकिंग स्टिक तथा मत्स्य पालन विभाग द्वारा आइस बॉक्स एवं मछली जाल वितरित किए गए।
      जिला रोजगार अधिकारी ने बताया कि भारतीय थलसेना में अग्निवीर भर्ती हेतु ऑनलाइन आवेदन प्रक्रिया प्रारंभ हो चुकी है, जिसमें इच्छुक अभ्यर्थी 1 अप्रैल 2026 तक आवेदन कर सकते हैं। शिविर से लाभान्वित हितग्राहियों ने प्रशासन के प्रति आभार व्यक्त किया। ग्राम रीलो के किसान गणेश राम को केसीसी ऋण प्राप्त हुआ, वहीं ग्राम जोगड़ा के हरनारायण को वन अधिकार फौती, बोकरामुड़ा की सरिता राठिया को राशन कार्ड, छाल की पद्मनी महंत को आयुष्मान कार्ड तथा तीरिथ बाई को आधार कार्ड मिलने पर उन्होंने खुशी जाहिर की। इस अवसर पर जिला पंचायत सीईओ श्री अभिजीत बबन पठारे, एसडीएम श्री प्रवीण भगत, जनपद पंचायत अध्यक्ष, जनप्रतिनिधि, ग्राम पंचायत सरपंच, जिला एवं विकासखंड स्तरीय अधिकारी-कर्मचारी तथा बड़ी संख्या में ग्रामीण उपस्थित रहे।

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ऑपरेशन आघात” का बड़ा धमाका : जूटमिल पुलिस की सतर्कता से गांजा तस्करी का पर्दाफाश, नाकेबंदी में मध्यप्रदेश का तस्कर गिरफ्तार

रायगढ़, 20 मार्च । वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक श्री शशि मोहन सिंह के स्पष्ट दिशा-निर्देशन पर जिले में “ऑपरेशन आघात” के तहत अवैध मादक पदार्थों के विरुद्ध लगातार अभियान चलाया जा रहा है। इसी क्रम में दिनांक 19 मार्च 2026 को थाना जूटमिल पुलिस द्वारा गोगा मंदिर चौक पर नाकेबंदी कर गांजा परिवहन करते एक आरोपी को गिरफ्तार किया गया है।

             पुलिस को सूचना मिली थी  कि एक व्यक्ति काले रंग की बिना नंबर प्लेट की एचएफ डिलक्स मोटरसाइकिल से उड़ीसा की ओर से गांजा लेकर बिक्री हेतु जूटमिल क्षेत्र आ रहा है। सूचना पर त्वरित कार्रवाई करते हुए जूटमिल पुलिस टीम द्वारा गोगा मंदिर चौक पर नाकेबंदी की गई। नाकेबंदी के दौरान गुलाबी टी-शर्ट पहने एक व्यक्ति संदिग्ध अवस्था में मोटरसाइकिल से आता दिखाई दिया, जिसे रोककर पूछताछ करने पर उसने अपना नाम शिव कुमार प्रजापति पिता दशरथ प्रसाद प्रजापति उर्फ दसुवा उम्र 32 वर्ष निवासी गोरा गांव वार्ड क्रमांक 19 थाना मरपाटन जिला सतना (मध्यप्रदेश) का होना बताया।

              तलाशी लेने पर आरोपी के मोटरसाइकिल के हैंडल में लटके प्लास्टिक थैले के भीतर 2 किलो 70 ग्राम गांजा बरामद किया गया। आरोपी से गांजा तथा घटना में प्रयुक्त मोटरसाइकिल (कीमत लगभग ₹25,000) जब्त कर थाना जूटमिल में अपराध क्रमांक 90/2026 धारा 20(बी) एनडीपीएस एक्ट के तहत अपराध दर्ज कर आरोपी को न्यायिक रिमांड पर भेजा गया है।

     वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक श्री शशि मोहन सिंह के निर्देशन, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक श्री अनिल सोनी एवं नगर पुलिस अधीक्षक श्री मयंक मिश्रा के मार्गदर्शन में की गई है जिसमें थाना प्रभारी जूटमिल निरीक्षक अभिनवकांत सिंह, सहायक उप निरीक्षक राजेन्द्र पटेल एवं थाना स्टाफ की सराहनीय भूमिका रही है। 

???? *एसएसपी शशि मोहन सिंह का सख्त संदेश —*

                *“ऑपरेशन आघात के तहत जिले में मादक पदार्थों की तस्करी पर लगातार निगरानी रखी जा रही है। ऐसे अवैध कारोबार में संलिप्त व्यक्तियों के विरुद्ध कड़ी से कड़ी कार्रवाई की जाएगी और किसी को भी बख्शा नहीं जाएगा।”*

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“ऑपरेशन आघात” का अब तक का सबसे बड़ा एक्शन : तमनार के आमाघाट में नदी किनारे फैली करीब एक एकड़ अवैध अफीम की खेती का सनसनीखेज खुलासा, झारखंड से जुड़े आरोपी की गिरफ्तारी, रातभर चली पुलिस की घेराबंदी और सुबह होते ही फसल पर चला कानूनी बुलडोज़र

 

रायगढ़, 20 मार्च 2026 । वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक श्री शशि मोहन सिंह के दिशा-निर्देशन पर जिले में “ऑपरेशन आघात” के तहत अवैध मादक पदार्थों के विरुद्ध सख्त अभियान लगातार जारी है। इसी क्रम में दिनांक 19 मार्च 2026 की रात्रि थाना तमनार पुलिस को सूचना प्राप्त हुई कि ग्राम आमाघाट नदी किनारे खेत में अवैध रूप से अफीम की खेती की जा रही है। सूचना को गंभीरता से लेते हुए थाना प्रभारी तमनार निरीक्षक प्रशांत राव आहेर द्वारा वरिष्ठ अधिकारियों को अवगत कराया गया, जिसके पश्चात तत्काल पुलिस टीम ग्रामीणों के साथ मौके पर पहुंची और पूछताछ में खेत में अफीम की खेती संदेही - मार्शल सांगा पिता मिखाएल सांगा उम्र 40 साल निवासी ग्राम हडमबनम थाना खूंटी, जिला खूंटी (झारखंड)  द्वारा किये जाने की जानकारी मिली जिसे तत्काल हिरासत में लिया गया।

        पूछताछ में संदेही मार्शल सांगो निवासी जिला खूंटी (झारखंड), जो अपने ससुराल ग्राम आमाघाट में रहकर पिछले कुछ महीनों से अपने झारखंड के साथियों के साथ मिलकर नदी किनारे करीब एक एकड़ भूमि में अफीम की खेती कर रहा था तथा इसकी देखरेख करता था। पुलिस द्वारा रातभर आमाघाट में कैम्प कर खेत पर पहरा दिया गया।

         आज सुबह वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक श्री शशि मोहन सिंह स्वयं घटनास्थल पहुंचे और ANTF (एंटी नारकोटिक्स टास्क फोर्स) को जांच एवं वैधानिक कार्रवाई के संबंध में आवश्यक दिशा-निर्देश दिए। मौके पर एडिशनल एसपी श्री अनिल कुमार सोनी, एसडीओपी धरमजयगढ़ श्री सिद्दांत तिवारी, निरीक्षक प्रशांत राव, निरीक्षक रामकिंकर यादव (थाना प्रभारी पूंजीपथरा), उप निरीक्षक गिरधारी साव (थाना प्रभारी लैलूंगा), तमनार तहसीलदार, पटवारी, आबकारी विभाग एवं पुलिस की संयुक्त टीम द्वारा एनडीपीएस एक्ट के प्रावधानों के तहत कार्रवाई की गई। राजस्व विभाग से प्राप्त जानकारी के अनुसार उक्त भूमि पांच अलग-अलग खसरा नंबरों में निजी एवं परियोजना भूमि पाई गई है।

         उक्त भूमि के पांच हिस्से- खसरा नं 462/3 भूमि स्वामी विराज, प्रवीण उर्मिला, सुलोचना, खसरा नं 462/2 भूमि  केलो परियोजना, खसरा नं 462/1 भूमि स्वामी- महंत पिता चमरा, अश्वनी बेवा चमरा,  खसरा नं 462/4 भूमि स्वामी- दयानंद पिता धरमदेव, खसरा नं 462/5 भूमि स्वामी- हेमंत कुमार पिता धरमदेव के होने की जानकारी मिली है ।  

        ANTF (एंटी नारकोटिक्स टास्क फोर्स)  टीम द्वारा अफीम फसल की कटाई कराई जा रही है, जिसके पश्चात वास्तविक वजन एवं मूल्य का आंकलन किया जाएगा। फिलहाल आरोपी मार्शल सांगो के विरुद्ध थाना तमनार में एनडीपीएस एक्ट के तहत अपराध पंजीबद्ध कर वैधानिक कार्रवाई की जा रही है। अन्य आरोपियों की संलिप्तता पर सभी के विरूद्ध वैधानिक कार्यवाही की जावेगी ।

एसएसपी शशि मोहन सिंह का सख्त संदेश

              *“ऑपरेशन आघात के तहत जिले में मादक पदार्थों अवैध संग्रहण, तस्करी या किसी भी प्रकार के कारोबार पर सतत निगरानी रखी जा रही है। ऐसे अपराधों में संलिप्त किसी भी व्यक्ति को बख्शा नहीं जाएगा और उनके विरुद्ध कड़ी कानूनी कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी।”*

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ऑपरेशन अंकुश” का ताबड़तोड़ असर—रायगढ़ में सट्टा कारोबार पर पुलिस का बड़ा प्रहार, रेलवे बंगलापारा और बेलादुला मरीन ड्राइव में रेड कर 3 आरोपी रंगे हाथ गिरफ्तार

रायगढ़, 20 मार्च । वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक श्री शशि मोहन सिंह के स्पष्ट दिशा-निर्देशन पर जिले में विजुअल पुलिसिंग को प्रभावी बनाते हुए *ऑपरेशन अंकुश* में सट्टा, जुआ एवं अन्य अवैध गतिविधियों के विरुद्ध लगातार अभियान चलाया जा रहा है। इसी क्रम में कल थाना साइबर, कोतवाली और चक्रधरनगर पुलिस की संयुक्त टीम द्वारा अलग-अलग स्थानों पर दबिश देकर सट्टा पट्टी लिखने वालों के विरुद्ध कार्रवाई की गई, जिसमें तीन आरोपियों को रंगे हाथ पकड़ा गया है।

साइबर-कोतवाली पुलिस ने की रेल्वेबंगलापारा में रेड*

        कोतवाली थाना क्षेत्र के रेलवे बंगलापारा में पुलिस टीम ने मुखबिर सूचना पर रेड कार्रवाई की, जहां भीड़ पुलिस को देखकर भाग गई, मौके पर मिले छबिराम धीवर को पकड़कर पूछताछ की गई। आरोपी ने कबीर चौक जूटमिल निवासी सट्टा खाईवाल पप्पू बरेठ के लिए सट्टा लिखना स्वीकार किया तथा दीनदयाल साहू (खाईवाल पप्पू बरेठ का मैनेजर) द्वारा सट्टा रकम के लेन-देन में सहयोग करना बताया। आरोपी के कब्जे से कैलकुलेटर, मोबाइल, 9835 रूपये का सट्टा पट्टी लेखा-जोखा कागजात एवं ₹1000 नगद जब्त किया गया। आरोपी के विरुद्ध थाना कोतवाली में छत्तीसगढ़ जुआ प्रतिषेध अधिनियम 2022 की धारा 06 के तहत कार्रवाई कर न्यायिक रिमांड पर भेजा गया है, जबकि पप्पू बरेठ एवं दीनदयाल साहू दोनों निवासी कबीरचौंक जूटमिल फरार हैं।

साइबर- चक्रधरनगर पुलिस की बेलादुला मरीन ड्राइव में सट्टा रेड, दो आरोपी गिरफ्तार

     इसी प्रकार चक्रधरनगर थाना क्षेत्र के बेलादुला मरीन ड्राइव में साइबर और चक्रधरनगर पुलिस की संयुक्त टीम द्वारा रेड कार्रवाई कर मो० एजाज और राजेश देवांगन को सट्टा पट्टी लिखते रंगे हाथ पकड़ा गया। आरोपियों के कब्जे से मोबाइल, सट्टा पट्टी (1800 रूपये) एवं नगदी रकम 710 रूपये जब्त की गई। पूछताछ में आरोपियों ने मधुबनपारा निवासी सट्टा खाईवाल सहनावाज मालिक उर्फ सानू के लिए सट्टा लिखना स्वीकार किया तथा मोबाइल के माध्यम से लेन-देन करना बताया। दोनों आरोपियों के विरुद्ध थाना चक्रधरनगर में छत्तीसगढ़ जुआ प्रतिषेध अधिनियम 2022 की धारा 06 के तहत कार्रवाई कर न्यायिक रिमांड पर भेजा गया है, जबकि आरोपी सहनावाज मालिक फरार है, जिसकी पतासाजी की जा रही है।

एसएसपी शशि मोहन सिंह का सख्त संदेश*—

          *“विजुअल पुलिसिंग के जरिए जिले में सट्टा, जुआ और अन्य अवैध कारोबार पर लगातार नजर रखी जा रही है। ऐसे अवैध गतिविधियों में संलिप्त किसी भी व्यक्ति को बख्शा नहीं जाएगा और उन पर कड़ी कानूनी कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी।”*

*गिरफ्तार आरोपी*
1. छबिराम धीवर पिता स्व० भागीरथी धीवर उम्र 40 वर्ष निवासी रेल्वे बंगलापारा रायगढ़ थाना कोतवाली जिला रायगढ
2. मो० एजाज पिता मो० हुसैन उम्र 30 वर्ष निवासी जिंदल पतरापाली थाना कोतरा रोड रायगढ 
3. राजेश देवांगन पिता जयराम देवांगन उम्र 45 वकी निवासी बेलादुला मरीन ड्राईव थाना चक्रधरनगर रायगढ़

*फरार आरोपी*-
1. पप्पू बरेठ कबीरचौंक, जूटमिल 
2. दिनदयाल साहू कबीरचौंक, जूटमिल
3. सहनवाज मालिक उर्फ सानू निवासी मधुबनपारा

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जिला अस्पताल में 14-15 वर्ष की बालिकाओं को लगाया जा रहा सर्वाइकल कैंसर का निःशुल्क टीकाकरण

रायगढ़, 19 मार्च 2026/ राज्य शासन के दिशा-निर्देशानुसार जिले में सर्वाइकल कैंसर से बचाव हेतु विशेष टीकाकरण अभियान संचालित किया जा रहा है। कलेक्टर श्री मयंक चतुर्वेदी के निर्देश तथा सीएमएचओ डॉ.अनिल कुमार जगत के मार्गदर्शन में किरोड़ीमल शासकीय जिला अस्पताल में प्रातः 9 बजे से दोपहर 1 बजे तक 14 से 15 वर्ष आयु वर्ग की बालिकाओं को सर्वांइकल निःशुल्क टीकाकरण किया जा रहा है।
         जिला टीकाकरण अधिकारी डॉ.बी.पी.पटेल ने बताया इस अभियान का उद्देश्य सर्वाइकल कैंसर के मामलों को कम करना है, क्योंकि यह महिलाओं में होने वाले कैंसर का प्रमुख लखण है। राज्य शासन द्वारा इस गंभीर बीमारी से बचाव के लिए सभी शासकीय स्वास्थ्य संस्थानों में निःशुल्क टीकाकरण की सुविधा उपलब्ध कराई गई है। स्वास्थ्य विभाग के अनुसार, एचपीवी (ह्यूमन पैपिलोमा वायरस) वैक्सीन एक सुरक्षित एवं प्रभावी टीका है, जो गर्भाशय ग्रीवा, योनि एवं गुदा से संबंधित कैंसर सहित एचपीवी संक्रमण से जुड़े विभिन्न प्रकार के कैंसर से सुरक्षा प्रदान करता है। इस अभियान के अंतर्गत शासकीय स्वास्थ्य केंद्रों, आंगनवाड़ी कार्यकर्ताओं एवं आशा कार्यकर्ताओं के माध्यम से जन-जागरूकता भी बढ़ाई जा रही है, ताकि अधिक से अधिक बालिकाओं को सर्वांइकल कैंसर से सुरक्षित किया जा सके। सीएमएचओ ने सभी अभिभावकों से अपील की है कि वे अपनी बालिकाओं का आधार कार्ड लेकर पंजीयन कराकर वैक्सीन लगवाएं और इस अभियान का लाभ लेकर अपने बालिकाओं को इससे सुरक्षित करें।

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तहसील पुसौर में आयोजित हुआ जनसमस्या निवारण शिविर,सैकड़ों ग्रामीणों ने सौंपे आवेदन, कई मामलों का मौके पर निराकरण

रायगढ़, 19 मार्च 2026/ आमजनों की समस्याओं का त्वरित एवं प्रभावी निराकरण सुनिश्चित करने जिला प्रशासन द्वारा तहसील मुख्यालय पुसौर में जिला स्तरीय जनसमस्या निवारण शिविर का आयोजन किया गया। शिविर में बड़ी संख्या में ग्रामीणों की उपस्थिति रही, जिन्होंने अपनी विभिन्न समस्याओं से संबंधित आवेदन प्रस्तुत किए, जिनमें से कई का मौके पर ही समाधान किया गया। शिविर स्थल पर सुव्यवस्थित पंजीयन काउंटर, हेल्प डेस्क, विभिन्न विभागों के स्टॉल, पेयजल एवं छाया जैसी मूलभूत सुविधाएं सुनिश्चित की गई थीं। साथ ही आईटीआई परिसर में टीबी जांच हेतु हैंड-हेल्ड एक्सरे, आधार पंजीयन, लर्निंग लाइसेंस तथा ई-श्रम कार्ड बनाने की विशेष व्यवस्था भी की गई, जिससे ग्रामीणों को एक ही स्थान पर विभिन्न सेवाएं उपलब्ध हो सकीं।
           कलेक्टर श्री मयंक चतुर्वेदी के निर्देशानुसार आयोजित इस शिविर में पुसौर सहित आसपास के ग्रामीण क्षेत्रों से बड़ी संख्या में लोग पहुंचे। इस दौरान जिला पंचायत सदस्य श्री ब्रजेश गुप्ता, जनपद पंचायत अध्यक्ष श्रीमती हेमलता चौहान, नगर पंचायत अध्यक्ष श्रीमती मानी मोहित सतपथी, गणमान्य नागरिकगण एवं जिला पंचायत सीईओ श्री अभिजीत बबन पठारे, एसडीएम श्री महेश शर्मा सहित जिला एवं विकासखंड स्तरीय अधिकारी उपस्थित रहे।
            कलेक्टर एवं जनप्रतिनिधियों ने शिविर का अवलोकन कर विभिन्न विभागीय स्टॉलों का निरीक्षण किया तथा अधिकारियों को निर्देशित किया कि प्राप्त आवेदनों का गुणवत्तापूर्ण एवं समयबद्ध निराकरण सुनिश्चित किया जाए। उन्होंने हितग्राहियों से संवाद कर योजनाओं के क्रियान्वयन की जमीनी स्थिति की भी जानकारी ली।
           इस अवसर पर जिला पंचायत सदस्य श्री ब्रजेश गुप्ता ने कहा कि मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय एवं क्षेत्रीय विधायक एवं वित्त मंत्री श्री ओ.पी.चौधरी की मंशानुरूप जिला प्रशासन द्वारा ऐसे शिविरों का आयोजन किया जा रहा है, ताकि आमजनों की समस्याओं का समाधान एक ही स्थान पर हो सके। उन्होंने ग्रामीणों से अपील की कि वे शिविर का अधिक से अधिक लाभ उठाएं। जनपद पंचायत अध्यक्ष श्रीमती हेमलता चौहान ने इसे जिला प्रशासन की सराहनीय पहल बताते हुए कहा कि सभी विभागों के अधिकारी एक ही मंच पर उपलब्ध हैं, जिससे समस्याओं के समाधान में तेजी आई है।

*विभिन्न योजनाओं से हितग्राही हुए लाभान्वित*
शिविर में विभिन्न विभागों द्वारा अनेक हितग्राहियों को योजनाओं का लाभ प्रदान किया गया। अपेक्स बैंक द्वारा 5 किसानों को केसीसी, स्वास्थ्य विभाग द्वारा 6 आयुष्मान एवं 5 वय वंदन कार्ड, 4 टीबी मरीजों को फूड बास्केट, श्रम विभाग द्वारा विभिन्न योजनाओं के अंतर्गत 6 हितग्राहियों को सहायता राशि एवं श्रम कार्ड, शिक्षा विभाग द्वारा 6 दिव्यांग विद्यार्थियों को टैबलेट एवं शिक्षण सामग्री, उद्यान विभाग द्वारा 11 हितग्राहियों को पौध वितरण तथा कृषि विभाग द्वारा 5 किसानों को सम्मान निधि से संबंधित प्रमाण पत्र एवं 6 किसानों को मृदा स्वास्थ्य कार्ड वितरित किए गए। इसके साथ ही अन्य विभागों द्वारा भी हितग्राहियों को लाभान्वित किया गया। स्वास्थ्य शिविर कैम्प में सैकड़ों मरीजों का निःशुल्क स्वास्थ्य जांच किया गया। इसी तरह आयुष विभाग में जरूरतमंदों को निःशुल्क औषधि वितरण किया गया। 

*दिव्यांग हितग्राही को मिला संबल, खिले चेहरे*
शिविर में समाज कल्याण विभाग द्वारा दर्रीपाली निवासी दिव्यांग श्री नरसिंह चौहान को मोटराइज्ड ट्राई साइकिल प्रदान की गई। इसके अलावा अन्य दिव्यांग हितग्राहियों को भी वॉकिंग स्टिक एवं ट्राइसाइकिल वितरित की गई। सहायक उपकरण प्राप्त कर हितग्राहियों के चेहरे खुशी से खिल उठे। उन्होंने शासन-प्रशासन के प्रति आभार व्यक्त करते हुए कहा कि अब उनके दैनिक कार्य पहले से अधिक सुगम हो सकेंगे।

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समस्त देयक कोषालय-उपकोषालयों में प्राप्त होने की अंतिम तिथि 25 मार्च निर्धारित,30 मार्च तक भुगतान निष्पादन अनिवार्य

रायगढ़, 19 मार्च 2026/ वित्त विभाग छत्तीसगढ़ शासन के निर्देशानुसार वित्तीय वर्ष 2025-26 से संबंधित समस्त देयक कोषालय एवं उपकोषालयों में जमा करने की अंतिम तिथि 25 मार्च 2026 निर्धारित की गई है। एसएनए-स्पर्श से संबंधित भुगतान के लिए देयक स्वीकृति की अंतिम तिथि 30 मार्च 2026 तय की गई है। 25 मार्च के बाद सामान्य देयक स्वीकार नहीं किए जाएंगे। हालांकि, वित्त विभाग से विशेष स्वीकृति प्राप्त प्रकरण, केंद्रांश से संबंधित देयक, विधायकों के स्वत्व, स्वेच्छानुदान मद, राजभवन, विधानसभा एवं न्यायालयों से जुड़े देयकों पर यह प्रतिबंध लागू नहीं होगा। ई-कोष ऑनलाइन एवं ई-पेरोल के माध्यम से देयकों का प्रस्तुतिकरण 27 मार्च तक किया जा सकेगा। कोषालय द्वारा प्राप्त सभी देयकों का निराकरण 30 मार्च 2026 तक अनिवार्य रूप से किया जाएगा।
          जिला कोषालय अधिकारी ने बताया कि 25 मार्च को प्राप्त अंतिम देयकों की जानकारी उसी दिन वित्त विभाग को प्रेषित की जाएगी। वहीं, 27 से 30 मार्च के मध्य किए गए भुगतानों की रिपोर्ट भी 30 मार्च को अनिवार्य रूप से भेजी जाएगी। उन्होंने बताया कि वित्त विभाग द्वारा कार्य विभागों एवं वन विभाग के अधिकारियों को 25 मार्च 2026 को शाम 5.30 बजे के बाद ऑनलाइन भुगतान फाइल जनरेट नहीं करने के निर्देश दिए गए हैं। अत्यावश्यक मामलों में ही पूर्व स्वीकृति के बाद भुगतान किया जा सकेगा।

*अवकाश के दिनों में भी खुले रहेंगे कोषालय*
28 मार्च (शनिवार) एवं 31 मार्च को कोषालय एवं उपकोषालय खुले रहेंगे, ताकि वित्तीय कार्यों का समय पर निष्पादन सुनिश्चित किया जा सके। इस दौरान भारतीय रिजर्व बैंक का ई-कुबेर पोर्टल भी सक्रिय रहेगा।

*चेकबुक जमा करना अनिवार्य*
जिला कोषालय रायगढ़ ने सभी आहरण अधिकारियों से कहा है कि वे 25 मार्च 2026 को शाम 5 बजे तक अपनी चेकबुक कोषालय में जमा करें। उपयोग किए गए एवं शेष चेकों का पूरा विवरण भी देना होगा। अत्यावश्यक स्थिति में 27 एवं 30 मार्च तक संचालक बजट की स्वीकृति के बाद ही चेकबुक पुनः जारी की जाएगी। साथ ही, जारी सभी चेकों का भुगतान 30 मार्च 2026 तक सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए हैं। कोषालय अधिकारी ने सभी संबंधित अधिकारियों से अपील की है कि वे निर्धारित समयसीमा का पालन करते हुए लंबित देयकों का शीघ्र निराकरण करें, ताकि वित्तीय वर्ष का समापन सुचारू रूप से किया जा सके।

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