ऑपरेशन क्लीन हंट के तहत रायगढ़ पुलिस की बड़ी कार्रवाई: श्रीरामनवमी शोभायात्रा के दौरान मारपीट करने वाले चार आरोपी गिरफ्तार, मुख्य आरोपी के कब्जे से हमले में प्रयुक्त स्टील का कड़ा बरामद
रायगढ़। जिले में फरार आरोपियों और वारंटियों की गिरफ्तारी के लिए रायगढ़ पुलिस द्वारा चलाए जा रहे “ऑपरेशन क्लीन हंट” के तहत कोतवाली थाना पुलिस ने एक चर्चित मारपीट मामले में बड़ी कार्रवाई करते हुए तीन फरार आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है। इससे पहले एक आरोपी की गिरफ्तारी हो चुकी थी। पुलिस ने चारों आरोपियों को न्यायालय में पेश कर न्यायिक रिमांड पर जेल भेज दिया है। वहीं मुख्य आरोपी की निशानदेही पर घटना में इस्तेमाल किया गया स्टील का कड़ा भी बरामद कर लिया गया है।
जानकारी के अनुसार बैकुण्ठपुर महावीर चौक निवासी वैभव ठाकुर (23 वर्ष) ने 28 मार्च 2026 को कोतवाली थाना में रिपोर्ट दर्ज कराई थी। वैभव साउंड एंड लाइट का व्यवसाय करता है। उसने पुलिस को बताया था कि 27 मार्च को श्रीरामनवमी शोभायात्रा के दौरान गैलेक्सी मॉल के पास कुछ युवकों के बीच विवाद हो रहा था, जिसे शांत कराने के लिए उसने बीच-बचाव किया था। उस समय मामला तो शांत हो गया, लेकिन यही बात बाद में उसके लिए मुसीबत बन गई।
शिकायत के मुताबिक शोभायात्रा समाप्त होने के बाद देर रात वह दशरथ पान ठेला के पास अपने साउंड सिस्टम का सामान रखवाकर खड़ा था। इसी दौरान शुभम भाठिया, विश्वास बैरागी, राकेश उर्फ गोलू महंत और सुनील दास महंत वहां पहुंचे और बीच-बचाव करने की बात को लेकर उससे विवाद करने लगे। देखते ही देखते विवाद इतना बढ़ गया कि आरोपियों ने गाली-गलौज शुरू कर दी और जान से मारने की धमकी देते हुए उस पर हमला कर दिया।
पीड़ित ने बताया कि मुख्य आरोपी सतवेंदर सिंह उर्फ शुभम भाठिया ने हाथ में पहने स्टील के कड़े से उसके चेहरे पर वार किया, जबकि अन्य आरोपियों ने हाथ-मुक्कों और लातों से जमकर मारपीट की। हमले में वैभव के नाक, कंधे और हाथ में गंभीर चोटें आईं। घटना के बाद घायल युवक ने थाना पहुंचकर रिपोर्ट दर्ज कराई, जिसके आधार पर कोतवाली पुलिस ने अपराध क्रमांक 167/2026 दर्ज कर मामले की जांच शुरू की।
पुलिस ने चिकित्सीय परीक्षण और साक्ष्यों के आधार पर भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) की विभिन्न धाराओं के तहत अपराध पंजीबद्ध किया। हालांकि घटना के बाद सभी आरोपी फरार हो गए थे और लगातार पुलिस से बचते फिर रहे थे।
इधर जिले में फरार आरोपियों की धरपकड़ के लिए वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक के निर्देश पर चलाए जा रहे “ऑपरेशन क्लीन हंट” के तहत कोतवाली पुलिस ने आरोपियों की तलाश तेज कर दी। लगातार दबिश और मुखबिर तंत्र की मदद से पुलिस ने सबसे पहले विश्वास बैरागी को 4 जून को गिरफ्तार किया। पूछताछ के दौरान उसने अपने अन्य साथियों के साथ घटना में शामिल होने की बात स्वीकार की।
इसके बाद पुलिस ने फरार आरोपियों की घेराबंदी कर सतवेंदर सिंह उर्फ शुभम भाठिया (28 वर्ष) निवासी कोष्टापारा कोतरारोड, राकेश उर्फ गोलू महंत (25 वर्ष) निवासी सोनियानगर कोतरारोड तथा सुनील दास महंत (27 वर्ष) निवासी सोनियानगर कोतरारोड को गिरफ्तार कर लिया।
पूछताछ में तीनों आरोपियों ने भी अपना अपराध स्वीकार कर लिया। पुलिस ने मुख्य आरोपी शुभम भाठिया की निशानदेही पर घटना में उपयोग किए गए स्टील के कड़े को बरामद कर जब्त कर लिया। इसके बाद आवश्यक कानूनी कार्रवाई पूरी करते हुए सभी आरोपियों को न्यायालय में पेश किया गया, जहां से उन्हें न्यायिक रिमांड पर जेल भेज दिया गया।
रायगढ़ पुलिस का कहना है कि जिले में अपराधियों के खिलाफ अभियान लगातार जारी रहेगा। फरार आरोपी, वारंटी और कानून-व्यवस्था भंग करने वाले तत्व पुलिस की निगरानी में हैं और उनके खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।
इस संबंध में वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक ने कहा कि "रायगढ़ पुलिस अपराधियों और कानून व्यवस्था बिगाड़ने वाले तत्वों के खिलाफ लगातार सख्त कार्रवाई कर रही है। ऑपरेशन क्लीन हंट के तहत फरार आरोपियों और वारंटियों की गिरफ्तारी के लिए विशेष अभियान आगे भी जारी रहेगा।"