घर के भीतर जले मिले बुजुर्ग दंपति के शव, हत्या कर साक्ष्य मिटाने की आशंका; पुलिस ने दर्ज किया मामला, हर एंगल से शुरू हुई हाई-लेवल जांच
रायगढ़, 15 जुलाई 2026। धरमजयगढ़ थाना क्षेत्र के ग्राम क्रोंधा देवमारीडांड में बुजुर्ग दंपति के घर के भीतर जली हुई अवस्था में शव मिलने से पूरे इलाके में सनसनी फैल गई। मृतकों की पहचान 65 वर्षीय मंगल राठिया और उनकी 55 वर्षीय पत्नी पुनाई बाई राठिया के रूप में हुई है। घटना की गंभीरता को देखते हुए रायगढ़ पुलिस ने अज्ञात आरोपी के खिलाफ हत्या और साक्ष्य छिपाने का अपराध दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
सूचना मिलते ही वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक शशि मोहन सिंह के निर्देशन में एसडीओपी धरमजयगढ़ सिद्दांत तिवारी, थाना प्रभारी धरमजयगढ़ निरीक्षक राजेश जांगड़े, थाना प्रभारी घरघोड़ा निरीक्षक कुमार गौरव, एफएसएल टीम, डॉग स्क्वॉड तथा धरमजयगढ़, कापू और रैरूमाखुर्द थानों का पुलिस बल तत्काल मौके पर पहुंचा। पुलिस अधिकारियों ने घटनास्थल का बारीकी से निरीक्षण कर वैज्ञानिक साक्ष्य जुटाने की कार्रवाई शुरू की।
प्रारंभिक जानकारी के अनुसार मृतक के यहां पिछले लगभग तीन वर्षों से काम कर रहे रामलाल चौहान ने पुलिस को बताया कि 14 जुलाई की शाम वह रोज की तरह काम खत्म कर अपने घर चला गया था। उस समय घर में केवल मंगल राठिया और उनकी पत्नी मौजूद थे। अगले दिन सुबह करीब छह बजे जब वह वापस काम पर पहुंचा तो घर का मुख्य दरवाजा खुला मिला। अंदर जाने पर घर के सभी कमरे खुले थे और एक कमरे से धुआं निकल रहा था। बाहर से झांकने पर उसने कमरे के भीतर मंगल राठिया और पुनाई बाई राठिया के जले हुए शव पड़े देखे। इसके बाद उसने तत्काल परिजनों और पुलिस को सूचना दी।
पुलिस ने दोनों शवों का पंचनामा और पोस्टमार्टम की कार्रवाई पूरी कर ली है। घटनास्थल से मिले भौतिक साक्ष्यों, एफएसएल जांच, डॉग स्क्वॉड की मदद तथा अन्य तकनीकी पहलुओं के आधार पर पूरे घटनाक्रम की गहन जांच की जा रही है।
रायगढ़ पुलिस ने अज्ञात आरोपी के विरुद्ध हत्या एवं साक्ष्य छिपाने की धाराओं में अपराध दर्ज कर लिया है। पुलिस का कहना है कि घटना के हर पहलू की गंभीरता से जांच की जा रही है और सभी संभावित कारणों व संदिग्ध परिस्थितियों की पड़ताल की जा रही है। जांच में जो भी तथ्य सामने आएंगे, उनके आधार पर आरोपियों की पहचान कर जल्द से जल्द विधिसम्मत कार्रवाई की जाएगी।