मोबाइल पर हुई दोस्ती, शादी का वादा कर बनाता रहा संबंध, दूसरी शादी की तैयारी की भनक लगते ही युवती पहुंची पुलिस के पास, रायगढ़ पुलिस ने पुणे से दबोचा दुष्कर्म का आरोपी
रायगढ़। महिलाओं से जुड़े अपराधों में त्वरित कार्रवाई के लिए चलाए जा रहे "अभियान संवेदना" के तहत रायगढ़ पुलिस ने बड़ी सफलता हासिल करते हुए दुष्कर्म के एक आरोपी को महाराष्ट्र के पुणे से गिरफ्तार किया है। आरोपी पर विवाह का झांसा देकर एक युवती का वर्षों तक शारीरिक शोषण करने और बाद में शादी से इंकार करने का आरोप है। पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार कर न्यायालय में पेश किया, जहां से उसे न्यायिक रिमांड पर भेज दिया गया।
पुलिस से मिली जानकारी के अनुसार जशपुर जिले की 26 वर्षीय युवती, जो वर्तमान में चक्रधरनगर क्षेत्र में रह रही थी, ने 19 अप्रैल 2026 को महिला थाना रायगढ़ में शिकायत दर्ज कराई थी। युवती ने बताया कि वर्ष 2021 में एक अनजान मोबाइल नंबर के माध्यम से उसकी पहचान आनंद सिंह नामक युवक से हुई थी। बातचीत धीरे-धीरे बढ़ी और आरोपी ने वीडियो कॉल तथा अन्य माध्यमों से उससे विवाह करने का भरोसा दिलाया।
शिकायत के मुताबिक दिसंबर 2024 में आरोपी रायगढ़ आया और शादी का वादा कर युवती के साथ शारीरिक संबंध बनाया। इसके बाद भी वह कई बार रायगढ़ आकर युवती के साथ संबंध बनाता रहा। जब युवती ने विवाह के लिए दबाव बनाया तो आरोपी लगातार टालमटोल करता रहा और अंततः शादी करने से साफ इंकार कर दिया।
युवती को बाद में जानकारी मिली कि आरोपी किसी अन्य युवती से विवाह करने की तैयारी कर रहा है। इसके बाद उसने महिला थाना पहुंचकर शिकायत दर्ज कराई। मामले की गंभीरता को देखते हुए महिला थाना रायगढ़ में अपराध क्रमांक 30/2026 के तहत भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) की धारा 69 के अंतर्गत मामला दर्ज कर जांच शुरू की गई।
वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक श्री शशि मोहन सिंह के निर्देश पर महिला थाना की विशेष टीम आरोपी की तलाश में महाराष्ट्र के पुणे रवाना हुई। तकनीकी साक्ष्यों और स्थानीय सूचना के आधार पर पुलिस ने आरोपी का पता लगाकर उसे हिरासत में लिया और रायगढ़ लाया। पूछताछ में आरोपी आनंद कुमार सिंह (36 वर्ष), निवासी जिला बस्ती (उत्तर प्रदेश), वर्तमान निवासी पुणे (महाराष्ट्र) ने अपना अपराध स्वीकार कर लिया। इसके बाद उसे विधिवत गिरफ्तार कर न्यायालय में प्रस्तुत किया गया, जहां से उसे न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया।
आरोपी की गिरफ्तारी में महिला थाना प्रभारी कुसुम कैवर्त, सहायक उप निरीक्षक सरस्वती महापात्रे, प्रधान आरक्षक राजेश उरांव, प्रधान आरक्षक संदीप भगत तथा आरक्षक राजू भगत की महत्वपूर्ण भूमिका रही।
वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक श्री शशि मोहन सिंह ने कहा कि महिलाओं की सुरक्षा, सम्मान और न्याय से जुड़े मामलों में किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। महिला अपराधों में त्वरित, संवेदनशील और प्रभावी कार्रवाई रायगढ़ पुलिस की सर्वोच्च प्राथमिकता है।